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सहमति पत्र नहीं तो हो जाएगा फसल बीमा
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सहमति पत्र नहीं तो हो जाएगा फसल बीमा
केसीसी धारकों को 25 तक बैंक में जमा करना होगा सहमति पत्र
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। किसान क्रेडिट कार्डधारक किसानों की फसल का बीमा अब उनकी मर्जी के बिना नहीं होगा। इसके लिए उन्हें 25 जुलाई से पहले अपने बैंक में आवेदन देना होगा कि उन्हें बीमा नहीं कराना है। जो किसान आवेदन नहीं करेगा उसकी सहमति मानते हुए बैंक 25 जुलाई के बाद खाते से बीमा राशि की किस्त काट लेगा। यह जानकारी अग्रणी जिला प्रबंधक (एलडीएम) ओम प्रकाश अग्रहरी ने दी है।
एलडीएम ने बताया कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना को अब स्वैच्छिक कर दिया गया है। जिसके तहत अगर किसान अपनी फसल का बीमा नहीं कराना चाहता है तो उसे बैंक में फसल बीमा नहीं कराने का सहमति पत्र 25 जुलाई 2020 तक जमा करना होगा। जो किसान सहमति पत्र नहीं जमा करेगा, उसका फसल बीमा कर बैंक खाते से बीमा राशि की किस्त काट ली जाएगी। जिला कृषि अधिकारी सीपी सिंह ने बताया कि जिले में 76 हजार केसीसी धारक है, जिनके बैंक में खाते है। पिछले वर्ष मात्र 200 किसानों ने फसल बीमा कराया था। जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि रबी और खरीफ की फसल की लागत का डेढ़ प्रतिशत धनराशि फसल बीमा की किस्त के तौर जमा कराया जाता है। एक हेक्टेयर फसल की 48 हजार रुपये लागत आती है, जिसके आधार पर एक हेक्टेयर फसल की बीमा किस्त 720 रुपये की किस्त जमा करनी होगी।
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केसीसी धारकों को 25 तक बैंक में जमा करना होगा सहमति पत्र
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। किसान क्रेडिट कार्डधारक किसानों की फसल का बीमा अब उनकी मर्जी के बिना नहीं होगा। इसके लिए उन्हें 25 जुलाई से पहले अपने बैंक में आवेदन देना होगा कि उन्हें बीमा नहीं कराना है। जो किसान आवेदन नहीं करेगा उसकी सहमति मानते हुए बैंक 25 जुलाई के बाद खाते से बीमा राशि की किस्त काट लेगा। यह जानकारी अग्रणी जिला प्रबंधक (एलडीएम) ओम प्रकाश अग्रहरी ने दी है।
एलडीएम ने बताया कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना को अब स्वैच्छिक कर दिया गया है। जिसके तहत अगर किसान अपनी फसल का बीमा नहीं कराना चाहता है तो उसे बैंक में फसल बीमा नहीं कराने का सहमति पत्र 25 जुलाई 2020 तक जमा करना होगा। जो किसान सहमति पत्र नहीं जमा करेगा, उसका फसल बीमा कर बैंक खाते से बीमा राशि की किस्त काट ली जाएगी। जिला कृषि अधिकारी सीपी सिंह ने बताया कि जिले में 76 हजार केसीसी धारक है, जिनके बैंक में खाते है। पिछले वर्ष मात्र 200 किसानों ने फसल बीमा कराया था। जिला कृषि अधिकारी ने बताया कि रबी और खरीफ की फसल की लागत का डेढ़ प्रतिशत धनराशि फसल बीमा की किस्त के तौर जमा कराया जाता है। एक हेक्टेयर फसल की 48 हजार रुपये लागत आती है, जिसके आधार पर एक हेक्टेयर फसल की बीमा किस्त 720 रुपये की किस्त जमा करनी होगी।
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