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सात वर्ष में खाना बनाना नहीं सीख सकी, नहीं रहेंगे साथ
Updated Sun, 19 Aug 2018 10:49 PM IST
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महिला थाना में नई किरण सुनवाई में आया मामला
अमर उजाला ब्यूरो
सिद्धार्थनगर। शादी को सात वर्ष हो गए। पत्नी अभी भी सही से भोजन नहीं बना पाती है। धोखे से मेरा विवाह करा दिया गया। कुछ भी कहने पर पूरे परिवार को मुकदमे में फंसा देने की धमकी दी जाती है। महिला थाने में रविवार को नई किरण सुनवाई के दौरान पति ने कुछ ऐसा ही दर्द बयां किया। वहीं पत्नी बोली, सात साल में वह सिर्फ दो माह ही ससुराल में रही है। ससुराल वालों ने विदाई ही नहीं कराई। पति दूसरी शादी करने के फेर में हैं, इस कारण वह बहानेबाजी कर रहे हैं। मैं हर हाल में ससुराल में ही रहूंगी। दोनों पक्षों की बात सुनने के बाद दोनों की विदाई करा दी गई और एक सप्ताह बाद थाने में उपस्थित होकर जवाब देने को कहा गया। वहीं सुनवाई में शीला पत्नी बृजेश निवासी मिश्रौलिया थाना बृजमनगंज, सहिला पत्नी मो. उमर निवासी बिठरिया थाना भवानीगंज, सुमन पत्नी रोहित चौहान निवासी कलनाखोर थाना खेसरहा, बीमा पत्नी दिनेश बांसी सुलह- समझौता करके साथ रहने को राजी हुए। सुनवाई के दौरान एसओ पूनम यादव, एसआई पूनम मौर्य, काउंसलर समसुल हक आदि मौजूद रहे।
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महिला थाना में नई किरण सुनवाई में आया मामला
अमर उजाला ब्यूरो
सिद्धार्थनगर। शादी को सात वर्ष हो गए। पत्नी अभी भी सही से भोजन नहीं बना पाती है। धोखे से मेरा विवाह करा दिया गया। कुछ भी कहने पर पूरे परिवार को मुकदमे में फंसा देने की धमकी दी जाती है। महिला थाने में रविवार को नई किरण सुनवाई के दौरान पति ने कुछ ऐसा ही दर्द बयां किया। वहीं पत्नी बोली, सात साल में वह सिर्फ दो माह ही ससुराल में रही है। ससुराल वालों ने विदाई ही नहीं कराई। पति दूसरी शादी करने के फेर में हैं, इस कारण वह बहानेबाजी कर रहे हैं। मैं हर हाल में ससुराल में ही रहूंगी। दोनों पक्षों की बात सुनने के बाद दोनों की विदाई करा दी गई और एक सप्ताह बाद थाने में उपस्थित होकर जवाब देने को कहा गया। वहीं सुनवाई में शीला पत्नी बृजेश निवासी मिश्रौलिया थाना बृजमनगंज, सहिला पत्नी मो. उमर निवासी बिठरिया थाना भवानीगंज, सुमन पत्नी रोहित चौहान निवासी कलनाखोर थाना खेसरहा, बीमा पत्नी दिनेश बांसी सुलह- समझौता करके साथ रहने को राजी हुए। सुनवाई के दौरान एसओ पूनम यादव, एसआई पूनम मौर्य, काउंसलर समसुल हक आदि मौजूद रहे।