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शीतलहर व ठंड का कहर जारी, जनजीवन बेहाल
siddharthnagar
Updated Sat, 13 Jan 2018 10:28 PM IST
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अलाव का सहारा लेते लोग।
- फोटो : amar ujala
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सिद्धार्थनगर। एक पखवाड़े से जारी शीतलहर व कड़ाके की ठंड का कहर जारी है। सूर्य देव के दर्शन के लिए लोग तरस गए हैं। रुक-रुक कर चल रही सर्द हवाओं ने गलन इस कदर बढ़ा रखी है कि लोगों का घरों से निकलना मुश्किल हो रहा है। ऐसे में उन्हें सहारा है तो बस ऊनी कपड़ों और अलाव का। इसके व ठंड से राहत पाने की जद्दोजहद करते नजर आ रहे हैं।
सर्दी का सितम बदस्तूर जारी है। घने कोहरे की ओट में छिपे सूरज की रोशनी भी मयस्सर नहीं हो रही। ऊपर से सर्द हवाओं ने हालत और पतली कर रखी है। पिछले एक पखवाड़े से जारी भीषण ठंड से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित है। मजबूरन ही लोग घरों से निकलने की जहमत उठा रहे हैं। स्कूलों में ताले लगे हैं, जिसने पठन-पाठन प्रभावित है। अन्य सरकारी दफ्तरों में भी सर्दी का असर दिख रहा है। अधिकारी-कर्मचारी आ तो रहे हैं, लेकिन दफ्तरों में आम लोगों की आवाजाही बेहद कम हो गई है।
कलेक्ट्रेट, विकास भवन समेत अन्य कार्यालयों में पहले जैसी भीड़ नहीं दिख रही। कमोवेश यही हाल न्यायालय परिसर का भी है। ठंड के चलते अपने मामलों की पैरवी के लिए आने वाले फरियादियों की संख्या कम हो गई है। ठंड से बाजारों की रौनक काफी कम हो गई है और व्यापार प्रभावित हुआ है। लोग बेहद जरूरी व रोजमर्रा के काम के लिए ही बाजार की ओर लोग रुख कर रहे हैं। फिल्हाल मौसम का रुख देखकर यही लग रहा कि अभी कुछ दिनों तक और लोगों को भीषण ठंड से दो चार होना पड़ेगा।
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गांवों तक नहीं पहुंच रही अलाव की सुविधा
सिद्धार्थनगर। ठंड से बचाव के लिए प्रशासन शहरों व कस्बों में अलाव जलवाने की व्यवस्था तो कर रहा है, लेकिन ग्रामीण इलाकों के लोग भीषण सर्दी से ठिठुरने को मजबूर हैं। ठंड से बचाव के सरकारी प्रयासों का लाभ उन तक नहीं पहुंच रहा। गांवों में अलाव की व्यवस्था न के बराबर है। लोग अपने संसाधनों से ही ठंड से बचाव की जुगत में हैं। गरीब तबके के लोगों को ऊनी कपड़ों का ही सहारा है। महंगाई के युग में वह न तो इलेक्ट्रानिक उपकरण खरीदने में सक्षम हैं और न ही लकड़ी की व्यवस्था कर सकते हैं। ऐसे में उनके लिए इस भीषण ठंड से पार पाना बेहद चुनौतीपूर्ण साबित हो रहा है।
फोटो-13एसडीएन82पी-डुमरियागंज रामलीला मैदान स्थित शिवमंदिर में मानव कल्याण के लिए पूजन अर्चन करते पं.राकेश शास्त्री।
ठंड से निजात के लिए हुआ हवन-पूजन
डुमरियागंज। मकर संक्रांति के मौके पर और ठंड से निजात के लिए शनिवार को नगर के रामलीला मैदान स्थित शिवमंदिर के पुजारी पंडित राकेश शास्त्री ने धार्मिक अनुष्ठान और हवन-पूजन किया। इस दौरान वैदिक विधि से श्रीराम नाम का जप और सुंदरकांड का पाठ किया गया।
पिछले एक पखवारे से पड़ रही कड़ाके की ठंड और शीतलहर से आम जनमानस काफी परेशान है। हर कोई मौसम सामान्य होने के लिए प्रार्थना कर रहा है। शनिवार को रामलीला मैदान स्थित शिवमंदिर में पंडित राकेश शास्त्री ने अनुष्ठान किया। उन्होंने बताया कि हवन-पूजन का आयोजन समाज कल्याण के लिए किया गया। मकर संक्रांति का पर्व 14 जनवरी की शाम सवा सात बजे बजे से आरंभ होगा, जो 15 जनवरी को शाम 4:45 बजे तक रहेगा। इस पर्व पर पुण्य प्राप्ति के लिए श्रद्धालु, सुबह स्नान ध्यान कर तिल, गुड़, चावल व उर्द के साथ ही गोदान करेंगे। इस दौरान पं. हरिश्चंद्र दुबे, नरसिंह बाबा, भीमसेन, वेदप्रकाश, रजनीश, राजेश, कमलेश आदि उपस्थित रहे।
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सर्दी का सितम बदस्तूर जारी है। घने कोहरे की ओट में छिपे सूरज की रोशनी भी मयस्सर नहीं हो रही। ऊपर से सर्द हवाओं ने हालत और पतली कर रखी है। पिछले एक पखवाड़े से जारी भीषण ठंड से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित है। मजबूरन ही लोग घरों से निकलने की जहमत उठा रहे हैं। स्कूलों में ताले लगे हैं, जिसने पठन-पाठन प्रभावित है। अन्य सरकारी दफ्तरों में भी सर्दी का असर दिख रहा है। अधिकारी-कर्मचारी आ तो रहे हैं, लेकिन दफ्तरों में आम लोगों की आवाजाही बेहद कम हो गई है।
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कलेक्ट्रेट, विकास भवन समेत अन्य कार्यालयों में पहले जैसी भीड़ नहीं दिख रही। कमोवेश यही हाल न्यायालय परिसर का भी है। ठंड के चलते अपने मामलों की पैरवी के लिए आने वाले फरियादियों की संख्या कम हो गई है। ठंड से बाजारों की रौनक काफी कम हो गई है और व्यापार प्रभावित हुआ है। लोग बेहद जरूरी व रोजमर्रा के काम के लिए ही बाजार की ओर लोग रुख कर रहे हैं। फिल्हाल मौसम का रुख देखकर यही लग रहा कि अभी कुछ दिनों तक और लोगों को भीषण ठंड से दो चार होना पड़ेगा।
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गांवों तक नहीं पहुंच रही अलाव की सुविधा
सिद्धार्थनगर। ठंड से बचाव के लिए प्रशासन शहरों व कस्बों में अलाव जलवाने की व्यवस्था तो कर रहा है, लेकिन ग्रामीण इलाकों के लोग भीषण सर्दी से ठिठुरने को मजबूर हैं। ठंड से बचाव के सरकारी प्रयासों का लाभ उन तक नहीं पहुंच रहा। गांवों में अलाव की व्यवस्था न के बराबर है। लोग अपने संसाधनों से ही ठंड से बचाव की जुगत में हैं। गरीब तबके के लोगों को ऊनी कपड़ों का ही सहारा है। महंगाई के युग में वह न तो इलेक्ट्रानिक उपकरण खरीदने में सक्षम हैं और न ही लकड़ी की व्यवस्था कर सकते हैं। ऐसे में उनके लिए इस भीषण ठंड से पार पाना बेहद चुनौतीपूर्ण साबित हो रहा है।
फोटो-13एसडीएन82पी-डुमरियागंज रामलीला मैदान स्थित शिवमंदिर में मानव कल्याण के लिए पूजन अर्चन करते पं.राकेश शास्त्री।
ठंड से निजात के लिए हुआ हवन-पूजन
डुमरियागंज। मकर संक्रांति के मौके पर और ठंड से निजात के लिए शनिवार को नगर के रामलीला मैदान स्थित शिवमंदिर के पुजारी पंडित राकेश शास्त्री ने धार्मिक अनुष्ठान और हवन-पूजन किया। इस दौरान वैदिक विधि से श्रीराम नाम का जप और सुंदरकांड का पाठ किया गया।
पिछले एक पखवारे से पड़ रही कड़ाके की ठंड और शीतलहर से आम जनमानस काफी परेशान है। हर कोई मौसम सामान्य होने के लिए प्रार्थना कर रहा है। शनिवार को रामलीला मैदान स्थित शिवमंदिर में पंडित राकेश शास्त्री ने अनुष्ठान किया। उन्होंने बताया कि हवन-पूजन का आयोजन समाज कल्याण के लिए किया गया। मकर संक्रांति का पर्व 14 जनवरी की शाम सवा सात बजे बजे से आरंभ होगा, जो 15 जनवरी को शाम 4:45 बजे तक रहेगा। इस पर्व पर पुण्य प्राप्ति के लिए श्रद्धालु, सुबह स्नान ध्यान कर तिल, गुड़, चावल व उर्द के साथ ही गोदान करेंगे। इस दौरान पं. हरिश्चंद्र दुबे, नरसिंह बाबा, भीमसेन, वेदप्रकाश, रजनीश, राजेश, कमलेश आदि उपस्थित रहे।