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बांध जर्जर, भारी बारिश के बाद दहशत में ग्रामीण
Updated Sun, 13 Aug 2017 10:27 PM IST
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मिश्रौलिया (सिद्धार्थनगर)। शनिवार शाम से शुरू हुई भारी बारिश से इटवा तहसील क्षेत्र के बूढ़ी राप्ती नदी के तट पर बसे अशोगवा गांव व रतनपुर गांव के लोगों पर बाढ़ का संकट मंडराने लगा है। नदी के बढ़ते जलस्तर से और जगह-जगह जर्जर हुए बांध के टूटने का डर सता रहा है। अगर जल्द प्रशासन ने गैप भरने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया तो गांव में बाढ़ आ सकती है।
बूढ़ी राप्ती पर बने अशोगवा व मदरहवा बांध कई जगह जर्जर हैं। यह बांध रतनपुर गांव के सामने है। रतनपुर निवासी सुभाष गुप्ता के घर के सामने से गांव में जाने वाली सड़क के पास बांध में रेन कट से काफी गैप बन गया है। नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने से ग्रामीण बाढ़ की आशंका से दहशत में है। अगर नदी का जलस्तर इसी तरह से बढ़ता रहा और इन गैपों को समय रहते नहीं भरा गया तो यह गैप भारी तबाही मचा सकते हैं। कई गांव बाढ़ से तबाह होंगे। ग्रामीण प्रेमसेवक, रामसेवक, हनुमान सहित ग्राम प्रधान से जल्द से जल्द बंधे पर रैन कट से हुए इस गैप को भरवाने की मांग की है।
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बूढ़ी राप्ती पर बने अशोगवा व मदरहवा बांध कई जगह जर्जर हैं। यह बांध रतनपुर गांव के सामने है। रतनपुर निवासी सुभाष गुप्ता के घर के सामने से गांव में जाने वाली सड़क के पास बांध में रेन कट से काफी गैप बन गया है। नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने से ग्रामीण बाढ़ की आशंका से दहशत में है। अगर नदी का जलस्तर इसी तरह से बढ़ता रहा और इन गैपों को समय रहते नहीं भरा गया तो यह गैप भारी तबाही मचा सकते हैं। कई गांव बाढ़ से तबाह होंगे। ग्रामीण प्रेमसेवक, रामसेवक, हनुमान सहित ग्राम प्रधान से जल्द से जल्द बंधे पर रैन कट से हुए इस गैप को भरवाने की मांग की है।
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