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तहसील की भूमि पर बना लिया मकान, अफसर मौन

Sun, 29 May 2022 11:42 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sun, 29 May 2022 11:42 PM IST
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House built on Tehsil land, officer silent
भिनगा के नई बाजार में नाली के ऊपर व पटरियों पर दुकानदारों ने पुन: किया अतिक्रमण - फोटो : SRAWASTI
श्रावस्ती। अवैध कब्जा पर बुलडोजर चलाने वाले प्रशासन की जमीन पर ही अवैध कब्जा है। इसे देख कर भी प्रशासन मौन है। यह अवैध कब्जा भिनगा तहसील कैंपस की भूमि पर ही है। इस अवैध कब्जे पर लाल निशान लगाकर ही प्रशासन जिम्मेदारी से मुंह मोड़ रहा है।
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सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा हो या फिर सड़कों के किनारे अतिक्रमण। सभी पर कब्जा हटाने के लिए मुख्यमंत्री ने प्रशासन को सख्त निर्देश दिया है। इस निर्देश के बाद प्रशासन का बुलडोजर सड़क किनारे के कई अवैध कब्जे पर चला। लेकिन दूर दराज क्षेत्रों में अधिक्रमण हटाने के लिए बुलडोलर चलाने वाला जिला व तहसील प्रशासन अपनी ही भूमि से अवैध कब्जा हटवाना भूल गया है। मामला भिनगा तहसील परिसर व स्टेट हाईवे संख्या 96 बहराइच भिनगा सिरसिया चौधरीडीह मार्ग का है। यह भूमि तहसील भिनगा परिसर से जुड़ी हुई है। जिस पर अब ईदगाह की पक्की दुकानें हैं तो पटरी पर भवन का निर्माण हो चुका है। कहीं-कहीं पर अवैध कब्जाधारकों ने दो मंजिला मकान भी बना लिया है। बताया जाता है कि इस मार्ग का निर्माण 1970 के पूर्व लोक निर्माण विभाग ने कराया था। उस समय भिनगा तहसील का यह भाग सड़क किनारे था। सड़क व तहसील के बीच में ग्रीन बेल्ट के लिए जगह छोड़ी गई थी। जैसे-जैसे शहरीकरण बढ़ता गया ग्रीन बेल्ट पर अवैध कब्जा होता गया। यहां तक कि इस अवैध कब्जेदारों में ईदगाह प्रबंध समिति भी शामिल हो गई।
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पहले ईदगाह ने इस सरकारी भूमि पर सामान्य दुकानें बनाईं। बाद में उन दुकानों को तोड़ कर नई दुकानें बनीं। लेकिन इसके लिए न तो नगर पालिका प्रशासन ने एतराज जाहिर किया और नही लोक निर्माण विभाग ने ही कोई ऐतराज जताया। बल्कि लोक निर्माण विभाग ने इस अवैध कब्जा को हटवाने की जिम्मेदारी जिला प्रशासन की बताते हुए अपना पल्ला झाड़ लिया।
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28 अप्रैल 2022 को अधिशाषी अभियंता लोक निर्माण विभाग ने एक जनसूचना के जवाब में पत्र लिखा था। जिसमें कहा था कि सन 1970 से पूर्व बने इस स्टेट हाईवे के लिए जमीन की खरीद नहीं की गई थी। इसलिए सड़क के बाद की भूमि का स्वामित्व राजस्व विभाग का है। मार्ग किनारे बने स्थायी भवनों को चिह्नित करके नोटिस जारी किया गया था। यह मार्ग शहरी भाग में पड़ने के कारण नगर पालिका परिषद के अंतर्गत आता है। इसलिए अतिक्रमण हटवाने की कार्रवाई नगर पालिका व प्रशासन द्वारा की जानी चाहिए। यही नहीं इस पत्र के बाद भी अधिशाषी अभियंता लोक निर्माण विभाग ने 09-05-2022 को एक पत्र जारी केरके यह स्पष्ट किया कि भिनगा नगर से गुजरने वाले स्टेट हाईवे के मध्य गोले से दोनों ओर 60-60 फिट भूमि पर अवैध कब्जा है।
इससे पूर्व भी जिला प्रशासन व लोक निर्माण विभाग ने 2017 व 2018 में इस तरह के कई पत्र जारी किए। जिसमें स्टेट हाईवे संख्या 96 पर भिनगा नगर में सड़क के दोनों ओर अवैध कब्जा बताया गया। इसे हटवाने के लिए तहसील से लेकर जिला प्रशासन तक फाइलें भी चलीं। लेकिन दूसरे विभाग की भूमि पर हुए अवैध कब्जे पर बुलडोजर चलाने वाला तहसील प्रशासन अपनी ही भूमि से अवैध कब्जा हटवाने में लाचार दिख रहा है। इस संबंध में अधिशाषी अभियंता प्रांतीय खंड एसके हरित बताते हैं कि ग्रामीण क्षेत्र में सड़क के मध्य गोले से 75 फिट दोनों ओर तो नगर क्षेत्र में यह मानक 60 फिट का है। इतनी दूरी पर पड़ने वाले समस्य निर्माण अवैध है। जिसे हटाने के लिए नोटिस व उस पर सीमांकन प्रक्रिया जारी है। नगर में अतिक्रमण हटाने का काम नगर पालिका व प्रशासन का है।

अतिक्रमण हटाने की हुई मात्र औपचारिकता
भिनगा नगर में अतिक्रमण हटाने के लिए कुछ दिन पूर्व बुलडोजर चलाया गया था। लेकिन बुलडोजर के जाते ही अतिक्रमण कारियों ने पुन: नाले के ऊपर जहां से अतिक्रमण हटा था, वहां कब्जा कर लिया। अब फिर पूरा क्षेत्र अतिक्रमण की गिरफ्त में आ गया।
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