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साप्ताहिक बंदी में शहर में रहा सन्नाटा
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साप्ताहिक बंदी में शहर में रहा सन्नाटा
शामली। रविवार को साप्ताहिक बंदी के चलते शहर में सन्नाटा पसरा रहा। भड़लिया नवमी पर अबुझ मुहूर्त होने के कारण शहर में शादियों की भरमार रही, लेकिन सड़कों पर भीड़ नजर नहीं आई। लोगों ने घरों पर ही कार्यक्रम आयोजित किए।
साप्ताहिक बंदी के कारण रविवार को बाजार पूरी तरह बंद रहा। सुबह नौ बजे तक दूध, सब्जी और फलों की दुकानें खुलीं। मुख्य बाजार पूरी तरह बंद रहा। इक्का-दुक्का दुकानदार चोरी-छिपे अपनी दुकान खोले रहे। दोपहर में शहर में सन्नाटा पसरा हुआ था। भड़लिया नवमी में शादियों की भरमार होने के बावजूद शहर में भीड़ नजर नहीं आई। रोडवेज बस स्टैंड, झिंझाना और कैराना रोड पर फलों की कुछ ठेलियां लगी नजर आईं।
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शामली। रविवार को साप्ताहिक बंदी के चलते शहर में सन्नाटा पसरा रहा। भड़लिया नवमी पर अबुझ मुहूर्त होने के कारण शहर में शादियों की भरमार रही, लेकिन सड़कों पर भीड़ नजर नहीं आई। लोगों ने घरों पर ही कार्यक्रम आयोजित किए।
साप्ताहिक बंदी के कारण रविवार को बाजार पूरी तरह बंद रहा। सुबह नौ बजे तक दूध, सब्जी और फलों की दुकानें खुलीं। मुख्य बाजार पूरी तरह बंद रहा। इक्का-दुक्का दुकानदार चोरी-छिपे अपनी दुकान खोले रहे। दोपहर में शहर में सन्नाटा पसरा हुआ था। भड़लिया नवमी में शादियों की भरमार होने के बावजूद शहर में भीड़ नजर नहीं आई। रोडवेज बस स्टैंड, झिंझाना और कैराना रोड पर फलों की कुछ ठेलियां लगी नजर आईं।
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