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दरोगा के शव का गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार
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दरोगा के शव का गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार
कांधला (शामली)। जिला गाजियाबाद के डासना के निकट ट्रक की चपेट में आकर मौत का शिकार हुए दरोगा के शव का पैतृक गांव नाला में गमगीन अंतिम संस्कार किया गया।
कांधला क्षेत्र के गांव नाला निवासी दरोगा प्रवेंद्र कुमार अलीगढ़ के थाना पिसावर में तैनात थे। परिजनों के अनुसार चार दिन पहले वे बाइक से घर आए थे। शनिवार को प्रवेंद्र के शादी के लिए लड़की पक्ष के लोग देखने आए थे। रविवार को प्रवेंद्र बाइक से अलीगढ़ ड्यूटी पर जा रहे थे। ईस्टर्न पेरीफेरल एक्सप्रेसवे पर ट्रक की चपेट में आकर उनकी मौत हो गई। रविवार रात पोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचा, जहां गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार किया गया।
परिजनों के अनुसार सात बहन भाइयों में प्रवेंद्र तीसरे नंबर के थे। दो बहनों की शादी हो चुकी है। वे 2011 में दरोगा के पद पर भर्ती हुए थे, लेकिन उस भर्ती का मामला कोर्ट में चलने के कारण 2015 में अलीगढ़ में ट्रेनिंग पर गए थे और 2017 में ट्रेनिंग पूरी होने के बाद जनपद अलीगढ़ में ही नियुक्ति मिल गई थी। पीड़ित परिजनों ने सीएम योगी को पत्र भेजकर मृतक के छोटे भाई संजय को मृतक आश्रित कोटे में नौकरी देने की मांग की है। सोमवार को रालोद नेता डॉ. विक्रांत जावला, पूर्व ब्लाक प्रमुख विनोद पंवार, चौधरी उदय पाल सिंह, सहदेव सिंह, वीरसेन, किशन, जिले सिंह, मोहित शर्मा आदि ने पीड़ित परिवार को सांत्वना दी।
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कांधला (शामली)। जिला गाजियाबाद के डासना के निकट ट्रक की चपेट में आकर मौत का शिकार हुए दरोगा के शव का पैतृक गांव नाला में गमगीन अंतिम संस्कार किया गया।
कांधला क्षेत्र के गांव नाला निवासी दरोगा प्रवेंद्र कुमार अलीगढ़ के थाना पिसावर में तैनात थे। परिजनों के अनुसार चार दिन पहले वे बाइक से घर आए थे। शनिवार को प्रवेंद्र के शादी के लिए लड़की पक्ष के लोग देखने आए थे। रविवार को प्रवेंद्र बाइक से अलीगढ़ ड्यूटी पर जा रहे थे। ईस्टर्न पेरीफेरल एक्सप्रेसवे पर ट्रक की चपेट में आकर उनकी मौत हो गई। रविवार रात पोस्टमार्टम के बाद शव गांव पहुंचा, जहां गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार किया गया।
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परिजनों के अनुसार सात बहन भाइयों में प्रवेंद्र तीसरे नंबर के थे। दो बहनों की शादी हो चुकी है। वे 2011 में दरोगा के पद पर भर्ती हुए थे, लेकिन उस भर्ती का मामला कोर्ट में चलने के कारण 2015 में अलीगढ़ में ट्रेनिंग पर गए थे और 2017 में ट्रेनिंग पूरी होने के बाद जनपद अलीगढ़ में ही नियुक्ति मिल गई थी। पीड़ित परिजनों ने सीएम योगी को पत्र भेजकर मृतक के छोटे भाई संजय को मृतक आश्रित कोटे में नौकरी देने की मांग की है। सोमवार को रालोद नेता डॉ. विक्रांत जावला, पूर्व ब्लाक प्रमुख विनोद पंवार, चौधरी उदय पाल सिंह, सहदेव सिंह, वीरसेन, किशन, जिले सिंह, मोहित शर्मा आदि ने पीड़ित परिवार को सांत्वना दी।
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