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शिवरात्रि आज: दो दिन होगा जलाभिषेक और पूजा-अर्चना

Mon, 25 Jul 2022 11:46 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Mon, 25 Jul 2022 11:46 PM IST
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Shivratri today: Jalabhishek and worship for two days
संवाद न्यूज एजेंसी
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शामली। इस बार की शिवरात्रि पर विशेष पूजा-अर्चनाऔर जलाभिषक दो दिन मंगलवार और बुधवार को किया जाएगा। मंगलवार शाम को त्रयोदशी और चतुर्दशी का मिलन होने से शिवरात्रि का खास संयोग बन रहा है।
मंगलवार और बुधवार को भगवान आशुतोष की विशेष पूजा-अर्चना और जलाभिषेक होगा। सोमवार का दिन भगवान भोलेनाथ का है। मंगलवार भगवान शिव के रुद्र अवतार हनुमान जी का है। इस दिन भगवान शिव और उनके रुद्र अवतार हनुमान की विशेष पूजा-अर्चना का दिन होने से शिवरात्रि का विशेष महत्व हो गया है। श्रद्धालु इस बार भगवान शिव और रुद्र अवतार हनुमानजी की पूजा-अर्चना करेंगे। सोमवार शाम 4:16 बजे द्वादशी खत्म होकर त्रयोदशी 4:17 बजे शुरू हो रही है। त्रयोदशी तिथि मंगलवार शाम 6:43 बजे तक रहेगी। मंगलवार शाम 6:44 बजे चतुर्दशी तिथि आने के बाद शिवरात्रि का विशेष संयोग बना है। शिवरात्रि पर भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक और चार पहर विशेष पूजा-अर्चना होगी।
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बुधवार को शिवरात्रि व्रत का परायण चतुर्दशी 27 जुलाई सुबह 5:38 बजे से लेकर शाम 3:52 बजे तक होगा। शहर के बुढ़ाना रोड स्थित हनुमान ज्योतिष केंद्र के पंडित प्रभुशंकर शास्त्री और कमल शर्मा के मुताबिक श्रावण मास में भगवान आशुतोष की पूजा-अर्चना और जलाभिषेक व शिवरात्रि का विशेष महत्व है। श्रावण शिव का माह है। फाल्गुन मास की कृष्ण चतुर्दशी पर पड़ने वाली महाशिवरात्रि और श्रावण माह की शिवरात्रि पर व्रत रखकर भगवान आशुतोष की विशेष पूजा-अर्चना और जलाभिषेक करने से हर मुश्किल कार्य आसान हो जाता है। जो कन्याएं मनोवांछित वर पाना चाहती हैं, उन्हें इस दिन विधिवत व्रत रखकर शिव की पूजा करना चाहिए। उनके विवाह में आ रही रुकावटें भी दूर होंगी। ऐसा माना जाता है कि सावन की शिवरात्रि मनुष्य के सभी पाप को नष्ट कर देती है। ऐसे में सावन की शिवरात्रि का बड़ा महत्व है। इसमें व्रत रखने वालों के पाप का नाश होता है।
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चतुर्दशी तिथि प्रारंभ- 26 जुलाई शाम 6:44 बजे
चतुर्दशी तिथि संपन्न- 27 जुलाई रात 9:11 बजे
पूजा के मुहूर्त-
अभिजीत मुहूर्त : पूर्वाह्न 11:38 से 12:31 बजे तक।
विजय मुहूर्त: दोपहर 2:18 से 3:12 बजे तक।
अमृत काल मुहूर्त : शाम 4:53 से 06:41 बजे तक।
गोधूलि मुहूर्त : शाम 6:33 से 6:57 बजे तक।
संध्या मुहूर्त: शाम 6:47 से 7:50 बजे तक।
27 जुलाई को शिवरात्रि व्रत पारायण समय सुबह 5:38 बजे से शाम 3:52 बजे तक।
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