फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shamli News ›   Roads have been uprooted for years, people are giving wounds

सालों से उखड़ी हैं सड़कें, लोगों दे रही जख्म

Sun, 29 May 2022 12:39 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sun, 29 May 2022 12:39 AM IST
विज्ञापन
Roads have been uprooted for years, people are giving wounds
थानाभवन में टूटी पड़ी हफीजदोस्त लुहारों वाली गली। - फोटो : SHAMLI
थानाभवन। जिम्मेदारों की अनदेखी के कारण कस्बे की उखड़ी सड़कें सालों से लोगों को जख्म दे रही हैं। स्थिति यह है कि कस्बे के तीन इलाकों की सड़कों की नगर पंचायत ने पिछले कई सालों से सुध नहीं ली है।
विज्ञापन

हैरत की बात ये है कि इनमें दो सड़कें तो ऐसी हैं, जिसके अगले और पिछले हिस्से की सड़कें नई बना दी गई हैं, लेकिन कुछ विशेष लोगों के घरों के आगे सड़क आज भी टूटी पड़ी है। हालत ये है जरा सी बारिश आने से यहां कीचड़ जमा हो जाता है जिससे लोगों का निकलना तक मुश्किल हो जाता है।
विज्ञापन

इसके अलावा सड़क में गड्ढे होने के कारण आए दिन लोग यहां हादसों के शिकार हो रहे हैं। लोगों का कहना है कि सड़क बनाने के संबंध में वह जिम्मेदार अधिकारियों को सैकड़ों बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन हर बार उन्हें कोरे आश्वासन देकर वापस भेज दिया। जबकि हकीकत ये है कि किसी अधिकारी के कान में आज तक जूं नहीं रेंगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

हफीजदोस्त लुहारों वाली गली
200 मीटर लंबी सड़क को पानी की पाइप लाइन डालने के लिए दो साल पहले तोड़ा गया था, लेकिन आज तक नगर पंचायत ने इसकी सुध नहीं ली है। लोग यहां परेशान हैं।
रेत्ती मोहल्ला हरिजन बस्ती
स्थानीय लोगों के अनुसार यहां भी पानी की पाइप लाइन डालने के लिए पांच साल पहले 250 मीटर सड़क को तोड़ा गया था। जिसके बाद से अब तक सड़क टूटी पड़ी है। लोगों का यह भी कहना है कि इसके आगे और पीछे के हिस्सों में सड़क का निर्माण हो चुका है, लेकिन जानबूझकर हरिजन बस्ती का हिस्सा छोड़ा गया है।
आजाद रोड
हाइवे से लगी और मेन बाजार के रास्ते पूर्व गन्ना मंत्री के आवास की ओर जाने वाली 400 मीटर की आजाद रोड का निर्माण 15 साल पहले हुआ था। इसके बाद से अधिकारियों ने इस सड़क की सुध नहीं ली है। अब हालत यह है कि इस सड़क पर लोगों को आए दिन गड्ढों में दो चार होना पड़ता है। सड़क दोबारा बनाने की बात तो दूर नगर पंचायत इस सड़क की मरम्मत तक करने को तैयार नहीं है। जिसका खामियाजा आम जनता को भुगतना पड़ रहा है।
बोले स्थानीय लोग
कई साल पहले सड़क को तोड़ा गया था। जिससे हम लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इस संबंध में नगर पंचायत को कई बार शिकायत भी की जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। - प्रवीण कुमार
बारिश के दिनों में हाल ही होता है कि कीचड़ के कारण घर से निकलना तक मुश्किल हो जाता है, लेकिन अधिकारियों को हमारी समस्या दिखने को तैयार नहीं। - सुभाष कुमार
विडंबना है कि हमारे क्षेत्र के अगले और पिछले दोनों हिस्सों की सड़क बन चुकी है, लेकिन नगर पंचायत को हमारी समस्या दिखने को तैयार नहीं या यह कहें कि नगर पंचायत हमारे साथ भेदभाव पूर्ण रवैया अपना रहा है। - शुभम
नगर पंचायत की उदासीनता का आलम यह है कि सड़क बनाना तो दूर की बात समय से क्षेत्र में सफाई करने वाला भी नहीं आता। जिस कारण हम लोगों को खुद अपने घरों का कूड़ा बाहर जा कर फेंकना पड़ता है। - प्रमोद कुमार
आजाद रोड कस्बे का प्रमुख मार गए हैं, लेकिन पिछले कई सालों से नगर पंचायत ने इसकी सुध नहीं ली है। यहां लोग आए दिन गड्ढों की चपेट में आकर हादसों के शिकार हो रहे हैं, लेकिन कोई सुनने वाला नहीं है। - योगेश जैवाल

कोट...
इन सड़कों को लेकर जल्द ही सर्वे कराया जाएगा। इसके बाद नगर पंचायत अपने स्तर से कार्रवाई करते हुए लोगों की समस्या का जल्द समाधान करेगी। - मेघा गुप्ता, अधिशासी अधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed