फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shamli News ›   Khap Chaudhary called for solidarity by meeting

खाप चौधरियों ने बैठक कर एकजुटता का किया आह्वान

Thu, 24 Dec 2020 11:41 PM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Thu, 24 Dec 2020 11:41 PM IST
विज्ञापन
Khap Chaudhary called for solidarity by meeting
शामली : ऊन क्षेत्र के गांव मछरौली मे थांबेदार चौधरी धारा सिंह की रस्म तेरहवीं में मौजूद भाकियू अध? - फोटो : SHAMLI
खाप चौधरियों ने बैठक कर एकजुटता का किया आह्वान
विज्ञापन

शामली। गांव लिलौन में कालखंडे खाप की बैठक में किसानों के आंदोलन को समर्थन देते हुए आंदोलन में शामिल होने का निर्णय लिया गया, लेकिन अभी तिथि घोषित नहीं की गई है।
कालखंडे खाप के चौधरी संजय कालखंडे ने बताया कि किसानों से जनसंपर्क कर आंदोलन में शामिल होने के लिए कहा जा रहा है। उन्होंने बताया कि सभी एकजुट होकर दिल्ली सीमा पर चल रहे आंदोलन में शामिल होंगे। बैठक में प्रमेंद्र सिंह नंबरदार, उदयवीर बनत, संजीव कुमार टिटौली, अनिल प्रधान, जितेंद्र टिटौली, चंद्रवीर, सुनील, महावीर सिंह, शिवराज सिंह आदि शामिल रहे।
विज्ञापन

27 दिसंबर को कांधला में जाम लगाने की घोषणा
शामली: युवा किसान नेता राजन जावला ने बताया कि 27 दिसंबर को दिल्ली -सहारनपुर हाईवे को कांधला में अनिश्चितकालीन जाम लगाया जाएगा। उन्होंने बताया कि जब तक किसान विरोधी कानून वापस नहीं होते तब तक आंदोलन जारी रहेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

कृषि कानूनों के विरोध में किसानों ने किया धरना-प्रदर्शन
- किसानों को पुलिस ने तहसील में नहीं घुसने दिया
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊन। कृषि कानूनों के विरोध में किसानों ने धरना-प्रदर्शन किया। पुलिस ने किसानों को तहसील में नहीं घुसने दिया गया, जिसके बाद किसान गेट के बाहर ही धरने पर बैठ गए। बाद में एसडीएम को ज्ञापन देकर कृषि कानूनों को निरस्त करने की मांग की।

किसानों ने तहसील परिसर में धरने की अनुमति मांगी, लेकिन एसडीएम मणि अरोरा ने तहसील परिसर में धरना प्रदर्शन करने की अनुमति नहीं दी। किसान तहसील कार्यालय से बाहर धरने पर बैठ गए। किसानों ने दिल्ली में धरना देते हुए जान गंवाने वाले किसानों की याद में दो मिनट का मौन रखा। किसानों ने राष्ट्रपति के नाम एसडीएम को दिए ज्ञापन में कृषि कानूनों को वापस लेने, बिजली की दरों को कम करने, गन्ना का भुगतान कराने तथा मूल्य 400 रुपये प्रति क्विंटल घोषित करने की मांग की। इस दौरान उग्रसेन चौहान, यशपाल सिंह राजेंद्र सिंह, मोनू चिकारा, नीरज देशपाल, राज सिंह, ओमप्रकाश, नदीम खान, नितिन शर्मा, पीतम सिंह, अमित, जगमेर सिंह, नथ्थूराम, हरीश राणा, आजाद सिंह आदि मौजूद रहे।
-
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed