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चहुंओर डमरू वाले बाबा का शोर
अमर उजाला ब्यूरो, शामली
Updated Sat, 30 Jul 2016 12:20 AM IST
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शामली में रुक-रुककर हल्की बारिश के बीच कांवड़ कंधों पर लेकर भोले ओम नम: शिवाय और हर-हर महादेव के जयकारे लगाते हुए अपने गंतव्य को बढ़ रहे हैं। वहीं, दूसरी ओर डाक कावड का भी आगमन शुरू हो गया।
शिवरात्री पर अपने आराध्य महादेव पर जलाभिषेक करने के लिए भोले हरिद्वार से पवित्र गंगाजल की कांवड़ कंधों पर लेकर पैदल यात्रा करके ला रहे हैं। भोलों को न तो थकान की चिंता और न ही पैरों में पड़े छालों का दर्द। केवल भोलों को शिव का नाम जपते हुए अपने शहर कस्बों के शिवालयों तक पहुंचना है। पब्लिक इंटर कालेज, तीतरवाड़ा मोड़, पंजीठ व यमुना पुल पर भोले विश्राम करके आगे बढ़ रहे हैं।
वहीं, यमुना में स्नान करने के बाद भोले शिव मंदिर में पूजा अर्चना करके हरियाणा की ओर प्रस्थान कर रहे हैं। बृहस्पतिवार को यमुना का जलस्तर 229-9 मीटर पहुंच जाने से जहां पुलिस प्रशासन परेशान नजर आ रहा था। शुक्रवार को यमुना का जलस्तर घटा तो प्रशासन ने राहत की सांस ली। इसके बावजूद यमुना तट पर पीएसी के गोताखोर व स्थानीय गोताखोरों की टीम मुस्तैदी के साथ तैनात है।
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शिवरात्री पर अपने आराध्य महादेव पर जलाभिषेक करने के लिए भोले हरिद्वार से पवित्र गंगाजल की कांवड़ कंधों पर लेकर पैदल यात्रा करके ला रहे हैं। भोलों को न तो थकान की चिंता और न ही पैरों में पड़े छालों का दर्द। केवल भोलों को शिव का नाम जपते हुए अपने शहर कस्बों के शिवालयों तक पहुंचना है। पब्लिक इंटर कालेज, तीतरवाड़ा मोड़, पंजीठ व यमुना पुल पर भोले विश्राम करके आगे बढ़ रहे हैं।
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वहीं, यमुना में स्नान करने के बाद भोले शिव मंदिर में पूजा अर्चना करके हरियाणा की ओर प्रस्थान कर रहे हैं। बृहस्पतिवार को यमुना का जलस्तर 229-9 मीटर पहुंच जाने से जहां पुलिस प्रशासन परेशान नजर आ रहा था। शुक्रवार को यमुना का जलस्तर घटा तो प्रशासन ने राहत की सांस ली। इसके बावजूद यमुना तट पर पीएसी के गोताखोर व स्थानीय गोताखोरों की टीम मुस्तैदी के साथ तैनात है।
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