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करबला के शहीदों की याद में रोए सोगवार
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, शामली
Updated Thu, 13 Oct 2016 12:15 AM IST
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Muharram
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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कांधला। मोहर्रम की दस तारीख को गांव गंगेरू में हजरत इमाम हुसैन की शहादत पर शिया सोगवारों ने मातमी जुलूस निकालकर जंजीरों से मातम किया।
बुधवार को एक मजलिस गांव गंगेरू के छोटा इमामबाड़े में आयोजित की गई। मजलिस को खिताब करते हुए इलाहाबाद से आए मौलाना सैय्यद आबिद
रिजवी ने फरमाया कि हजरत इमाम हुसैन ने इस्लाम को जिंदा व सच्चाई को कायम रखने की खातिर अपने परिवार को अल्लाह की राह में कुर्बान कर दिया था।
हजरत इमाम हुसैन की शहादत पर शिया सोगवार जार-जार रोने लगे। हजरत इमाम हुसैन की शहादत का वाकया सुनकर माहौल गमजदा हो गया। बाद में शिया सोगवारों ने जंजीरों से मातम करते हुए अपने बदन को लहूलुहान कर लिया।
जुलूस गांव के मुख्य रास्तों से होता करबला के मैदान में जाकर समाप्त हुआ। जुलूस में मंजर अब्बास एडवोकेट, बाबू, वसी हैदर, मेहंदी हसन, डाक्टर बबलू जैदी सहित आदि शिया सोगवार मौजूद रहे।
उधर, एक मजलिस गंगेरू के ही दरबा-ए-हुसैनी में आयोजित की गई। मजलिस को मौलाना मारूफी ने खिताब करते हुए फरमाया कि हजरत इमाम हुसैन ने जुल्म व जोर के खिलाफ आवाज बुलंद करने का पैगाम दिया। शिया सोगवार मातम करते हुए करबला पहुंचे।
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सपा एमएलसी वीरेंद्र सिंह, ग्राम प्रधान के पति संजीव चौधरी, संजय जैन, डॉ. सुभाष चौहान सहित थाना प्रभारी अनुराधा सिंघल भारी पुलिस बल और पीएसी के साथ गंगेरू में मौजूद रहीं।
जुलूस में सुन्नी समाज के युवकों ने दिखाए करतब
शामली। मोहर्रम की 10 तारीख पर सुन्नी समाज के लोगों ने जुलूस निकाला। जुलूस की शक्ल में युवकों की भीड़ शहर के प्रमुख मार्गों पर लाठी, डंडे, तलवार और मुगदर से करतब करते हुए शामली कोतवाली पहुंचे।
खास बात यह रही कि जुलूस के दौरान देशभक्ति के रंग में रंगे कुछ युवक तिरंगा लेकर भी चल रहे थे। एक जुलूस आजाद चौक से राजा अखाड़ा की ओर से शुरू हुआ, जो अजुध्या चौक, बड़ा बाजार, गांधी चौक होते हुए एमएसके रोड से शामली कोतवाली पहुंचकर संपन्न हुआ। इस दौरान तलवारबाजी, पटाबाजी, मुगदर और डंडों से युवकों ने करतब दिखाए। खलीफा शमीम, उस्ताद हबलू हसन, इश्वाक, इलियास, शमशाद, मुबारक, करीम आदि लोग मौजूद रहे।
उधर, अमन अखाड़े की शुरूआत मोहल्ला लोहारी गेट से हुई। वहां से मोहल्ला ठठेरान से होकर बड़ा बाजार से एमएसके रोड पर होकर शामली कोतवाली पहुंचा। अमन अखाड़े के उस्ताद वकील, अनवर, फैय्याज, हाशिम, जाकिर, इस्लाम, नदीम, शहजाद, खालिद, खुर्रम, अजहर, तसलीम और हासिम आदि ने लाठी डंडे, तलवार और पटाबाजी कर करतब दिखाए।
वहीं, बनत में खलील के अखाड़े ने मोहल्ला कुरैशियान से चलकर आजादनगर, हकीकतनगर, प्रतापनगर होते हुए प्रमुख मार्गों पर जुलूस निकाला। जुलूस में युवक पटाबाजी और तलवारबाजी से करतब कर रहे थे। नगर पंचायत कार्यालय पर पहुंचकर जुलूस का समापन हुआ। इस दौरान शौकीन, फारुख, इस्लाम, नवेद, पप्पू आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।
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बुधवार को एक मजलिस गांव गंगेरू के छोटा इमामबाड़े में आयोजित की गई। मजलिस को खिताब करते हुए इलाहाबाद से आए मौलाना सैय्यद आबिद
रिजवी ने फरमाया कि हजरत इमाम हुसैन ने इस्लाम को जिंदा व सच्चाई को कायम रखने की खातिर अपने परिवार को अल्लाह की राह में कुर्बान कर दिया था।
हजरत इमाम हुसैन की शहादत पर शिया सोगवार जार-जार रोने लगे। हजरत इमाम हुसैन की शहादत का वाकया सुनकर माहौल गमजदा हो गया। बाद में शिया सोगवारों ने जंजीरों से मातम करते हुए अपने बदन को लहूलुहान कर लिया।
जुलूस गांव के मुख्य रास्तों से होता करबला के मैदान में जाकर समाप्त हुआ। जुलूस में मंजर अब्बास एडवोकेट, बाबू, वसी हैदर, मेहंदी हसन, डाक्टर बबलू जैदी सहित आदि शिया सोगवार मौजूद रहे।
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उधर, एक मजलिस गंगेरू के ही दरबा-ए-हुसैनी में आयोजित की गई। मजलिस को मौलाना मारूफी ने खिताब करते हुए फरमाया कि हजरत इमाम हुसैन ने जुल्म व जोर के खिलाफ आवाज बुलंद करने का पैगाम दिया। शिया सोगवार मातम करते हुए करबला पहुंचे।
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सपा एमएलसी वीरेंद्र सिंह, ग्राम प्रधान के पति संजीव चौधरी, संजय जैन, डॉ. सुभाष चौहान सहित थाना प्रभारी अनुराधा सिंघल भारी पुलिस बल और पीएसी के साथ गंगेरू में मौजूद रहीं।
जुलूस में सुन्नी समाज के युवकों ने दिखाए करतब
शामली। मोहर्रम की 10 तारीख पर सुन्नी समाज के लोगों ने जुलूस निकाला। जुलूस की शक्ल में युवकों की भीड़ शहर के प्रमुख मार्गों पर लाठी, डंडे, तलवार और मुगदर से करतब करते हुए शामली कोतवाली पहुंचे।
खास बात यह रही कि जुलूस के दौरान देशभक्ति के रंग में रंगे कुछ युवक तिरंगा लेकर भी चल रहे थे। एक जुलूस आजाद चौक से राजा अखाड़ा की ओर से शुरू हुआ, जो अजुध्या चौक, बड़ा बाजार, गांधी चौक होते हुए एमएसके रोड से शामली कोतवाली पहुंचकर संपन्न हुआ। इस दौरान तलवारबाजी, पटाबाजी, मुगदर और डंडों से युवकों ने करतब दिखाए। खलीफा शमीम, उस्ताद हबलू हसन, इश्वाक, इलियास, शमशाद, मुबारक, करीम आदि लोग मौजूद रहे।
उधर, अमन अखाड़े की शुरूआत मोहल्ला लोहारी गेट से हुई। वहां से मोहल्ला ठठेरान से होकर बड़ा बाजार से एमएसके रोड पर होकर शामली कोतवाली पहुंचा। अमन अखाड़े के उस्ताद वकील, अनवर, फैय्याज, हाशिम, जाकिर, इस्लाम, नदीम, शहजाद, खालिद, खुर्रम, अजहर, तसलीम और हासिम आदि ने लाठी डंडे, तलवार और पटाबाजी कर करतब दिखाए।
वहीं, बनत में खलील के अखाड़े ने मोहल्ला कुरैशियान से चलकर आजादनगर, हकीकतनगर, प्रतापनगर होते हुए प्रमुख मार्गों पर जुलूस निकाला। जुलूस में युवक पटाबाजी और तलवारबाजी से करतब कर रहे थे। नगर पंचायत कार्यालय पर पहुंचकर जुलूस का समापन हुआ। इस दौरान शौकीन, फारुख, इस्लाम, नवेद, पप्पू आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे।