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Shamli News: यदि घिर जाता तो एक तमंचे से हत्या, दूसरे से करता आत्महत्या
Mon, 14 Oct 2024 12:55 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
संवाद न्यूज एजेंसी, शामली
Updated Mon, 14 Oct 2024 12:55 AM IST
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शामली। पुलिस पूछताछ में आरोपी अमरजीत ने बताया कि वह बैंक से रुपये लेने पूरी प्लानिंग के साथ गया था। जिसके लिए उसने दो तमंचे लिए थे। अब यदि वह लूट के बाद घिर जाता तो एक तमंचे से मैनेजर या फिर अन्य की हत्या करता जबकि दूसरे तमंचे से खुद आत्महत्या कर लेता। इसी के चलते वारदात के समय उसे किसी तरह का कोई डर नहीं था।
कर्जा चुकता करने के लिए ट्रक मालिक से बन गया अपराधी
एक्सिस बैंक में लूट करने वाला आरोपी दो ट्रकों का मालिक है। एक ट्रक उसने साझे में खरीदा था, जबकि दूसरा उसने अकेले लिया था। ट्रकों में लगातार घाटा होने के कारण उस पर 20 लाख रुपये का कर्जा हो गया था। ट्रकों में नुकसान की भरपाई और कर्जा उतारने के लिए वह अपराधी बन गया।
डीआईजी अजय साहनी ने पूछताछ के आधार पर बताया कि अमरजीत ने 2018 में अपने गांव के गुलशन के साझे में 18 टायरा ट्रक खरीदा था। ट्रक में घाटा होने पर गुलशन साझेदारी खत्म कर अपना हिसाब करने का दबाव बना रहा था। इसके बाद 2024 में उसने एक और 18 टायरा ट्रक खरीदा था। एक माह बाद ही राजस्थान के जोधपुर में ट्रक से एक्सीडेंट हो गया। इससे ट्रक की दो-तीन माह की किस्त रुक गई। उसने अपने भाई, रिश्तेदार व गांव के अन्य लोगों से रुपये उधार लेकर कामकाज आगे बढ़ाने की कोशिश की, लेकिन उसे नुकसान पर नुकसान होता चला गया और वह कर्ज में डूबता चला गया। उसने बैंक में लूट करने पर कर्ज उतारने की योजना बनाई और वारदात को अंजाम दे डाला।
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30 सितंबर को बैंक लूट का किया था प्रयास
डीआईजी ने बताया कि 25 सितंबर को अमरजीत बैंक में रैकी करने के लिए गया था। इसके बाद 30 सितंबर को बैंक में लूट करने के लिए इरादे से पहुंचा। उस समय वह बिना नकाब लगाए ही बैंक पहुंचा। मगर उस समय भीड़ अधिक होने के कारण वह लूट में कामयाब नहीं हो सका था और लौट आया था।इसके बाद एक सितंबर को उसने घटना को अंजाम दिया।
लूट के बाद नलकूप पर पहुंचा और रात में पहुंचा घर
एसपी रामसेवक गौतम ने बताया आरोपी जमीन को ठेके पर लेकर खेती भी करता है। लूट की वारदात करने के बाद वह बाइक से गांव के पास गन्ने के खेत में पहुंचा। वहां उसने रकम से भरा बैग और पहने हुए कपड़े छिपाकर दूसरे कपड़े पहने और देर रात में घर चला गया। इसके बाद वह वहां से कपड़े व बैग उठाकर घर ले गया और रुपये अलमारी में रख दिए थे। इसके बाद से वह खेत में और घर पर ही रहा।
मैनेजर ने बताए 40 लाख, आरोपी बोला 36 लाख रुपये मिले
डीआईजी के मुताबिक आरोपी अमरजीत ने पूछताछ में बताया कि जब उसने घर जाकर बैंक से रुपये निकालकर गिनती की तो वे 36 लाख रुपये निकले जबकि बैंक मैनेजर नमन जैन की तरफ से कोतवाली में दर्ज कराई रिपोर्ट में 40 लाख रुपये की लूट होना बताया है। आरोपी ने बताया उसने लूट की रकम में से 87,600 रुपये इंडस बैंक मुजफ्फरनगर में जमा किए और ट्रांसपोर्टर संदीप चनोट से उधार लिए डेढ़ लाख रुपये दिए। इसके अलावा अपनी साली से उधार लिए एक लाख 25 हजार रुपये वापस किए और दो लाख रुपये खर्च होना बताया। 30 लाख 20 हजार रुपये आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने उसके मकान से बरामद किए। मैनेजर ने 40 लाख रुपये लूट का ही दावा किया।
पुलिस की चेकिंग को बताई धता, मिल रोड से भागा
आरोपी ने पुलिस की पूछताछ में खुलासा किया कि वह लूट को अंजाम देने के बाद धीमानपुर रेलवे फाटक, मिल रोड से होता हुआ गांव के खेतों में पहुंचा था। जबकि इन रास्तों पर तीन जगह पुलिस तैनात थी। मगर उसे किसी ने न रोका और न टोका।
मैनेजर ने नौकरी जाने का खतरा बताया तो लुटेरे ने निकाले थे तमंचे
लुटेरे ने पूछताछ में बताया कि जब वह 40 लाख रुपये लेकर चलने लगा तो मैनेजर ने उससे कहा कि इस तरह रकम लूटे जाने की घटना पर बैंक के अधिकारी यकीन नहीं करेंगे और इस तरह से तो उनकी नौकरी खतरे में पड़ जाएगी। इसके बाद लुटेरे ने दो तमंचे निकाले और उनकी तरफ तान दिए। इसके बाद उसने मैनेजर व कैशियर के हाथ ऊपर करके गेट तक ले गया और फरार हो गया। हालांकि मैनेजर का कहना है कि उन्होंने लुटेरे को इस तरह की कोई बात नहीं कही थी।
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कर्जा चुकता करने के लिए ट्रक मालिक से बन गया अपराधी
एक्सिस बैंक में लूट करने वाला आरोपी दो ट्रकों का मालिक है। एक ट्रक उसने साझे में खरीदा था, जबकि दूसरा उसने अकेले लिया था। ट्रकों में लगातार घाटा होने के कारण उस पर 20 लाख रुपये का कर्जा हो गया था। ट्रकों में नुकसान की भरपाई और कर्जा उतारने के लिए वह अपराधी बन गया।
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डीआईजी अजय साहनी ने पूछताछ के आधार पर बताया कि अमरजीत ने 2018 में अपने गांव के गुलशन के साझे में 18 टायरा ट्रक खरीदा था। ट्रक में घाटा होने पर गुलशन साझेदारी खत्म कर अपना हिसाब करने का दबाव बना रहा था। इसके बाद 2024 में उसने एक और 18 टायरा ट्रक खरीदा था। एक माह बाद ही राजस्थान के जोधपुर में ट्रक से एक्सीडेंट हो गया। इससे ट्रक की दो-तीन माह की किस्त रुक गई। उसने अपने भाई, रिश्तेदार व गांव के अन्य लोगों से रुपये उधार लेकर कामकाज आगे बढ़ाने की कोशिश की, लेकिन उसे नुकसान पर नुकसान होता चला गया और वह कर्ज में डूबता चला गया। उसने बैंक में लूट करने पर कर्ज उतारने की योजना बनाई और वारदात को अंजाम दे डाला।
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30 सितंबर को बैंक लूट का किया था प्रयास
डीआईजी ने बताया कि 25 सितंबर को अमरजीत बैंक में रैकी करने के लिए गया था। इसके बाद 30 सितंबर को बैंक में लूट करने के लिए इरादे से पहुंचा। उस समय वह बिना नकाब लगाए ही बैंक पहुंचा। मगर उस समय भीड़ अधिक होने के कारण वह लूट में कामयाब नहीं हो सका था और लौट आया था।इसके बाद एक सितंबर को उसने घटना को अंजाम दिया।
लूट के बाद नलकूप पर पहुंचा और रात में पहुंचा घर
एसपी रामसेवक गौतम ने बताया आरोपी जमीन को ठेके पर लेकर खेती भी करता है। लूट की वारदात करने के बाद वह बाइक से गांव के पास गन्ने के खेत में पहुंचा। वहां उसने रकम से भरा बैग और पहने हुए कपड़े छिपाकर दूसरे कपड़े पहने और देर रात में घर चला गया। इसके बाद वह वहां से कपड़े व बैग उठाकर घर ले गया और रुपये अलमारी में रख दिए थे। इसके बाद से वह खेत में और घर पर ही रहा।
मैनेजर ने बताए 40 लाख, आरोपी बोला 36 लाख रुपये मिले
डीआईजी के मुताबिक आरोपी अमरजीत ने पूछताछ में बताया कि जब उसने घर जाकर बैंक से रुपये निकालकर गिनती की तो वे 36 लाख रुपये निकले जबकि बैंक मैनेजर नमन जैन की तरफ से कोतवाली में दर्ज कराई रिपोर्ट में 40 लाख रुपये की लूट होना बताया है। आरोपी ने बताया उसने लूट की रकम में से 87,600 रुपये इंडस बैंक मुजफ्फरनगर में जमा किए और ट्रांसपोर्टर संदीप चनोट से उधार लिए डेढ़ लाख रुपये दिए। इसके अलावा अपनी साली से उधार लिए एक लाख 25 हजार रुपये वापस किए और दो लाख रुपये खर्च होना बताया। 30 लाख 20 हजार रुपये आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने उसके मकान से बरामद किए। मैनेजर ने 40 लाख रुपये लूट का ही दावा किया।
पुलिस की चेकिंग को बताई धता, मिल रोड से भागा
आरोपी ने पुलिस की पूछताछ में खुलासा किया कि वह लूट को अंजाम देने के बाद धीमानपुर रेलवे फाटक, मिल रोड से होता हुआ गांव के खेतों में पहुंचा था। जबकि इन रास्तों पर तीन जगह पुलिस तैनात थी। मगर उसे किसी ने न रोका और न टोका।
मैनेजर ने नौकरी जाने का खतरा बताया तो लुटेरे ने निकाले थे तमंचे
लुटेरे ने पूछताछ में बताया कि जब वह 40 लाख रुपये लेकर चलने लगा तो मैनेजर ने उससे कहा कि इस तरह रकम लूटे जाने की घटना पर बैंक के अधिकारी यकीन नहीं करेंगे और इस तरह से तो उनकी नौकरी खतरे में पड़ जाएगी। इसके बाद लुटेरे ने दो तमंचे निकाले और उनकी तरफ तान दिए। इसके बाद उसने मैनेजर व कैशियर के हाथ ऊपर करके गेट तक ले गया और फरार हो गया। हालांकि मैनेजर का कहना है कि उन्होंने लुटेरे को इस तरह की कोई बात नहीं कही थी।