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रंगदारी नहीं देने पर हुई थी फायरिंग
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, शामली
Updated Thu, 25 Aug 2016 12:37 AM IST
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crime
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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कैराना। नगर पालिका चेयरमैन के आवास पर हुई फायरिंग का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। चेयरमैन से जेल में बंद महताब काना ने रंगदारी की मांग की थी। डिमांड पूरी नहीं होने पर ही दहशत फैलाने के लिए चेयरमैन के आवास पर फायरिंग कराई गई। पुलिस ने फायरिंग में शामिल दो बदमाश तथा बदमाशों को शरण देने के दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इसके अलावा तीन आरोपी अभी फरार हैं। साथ ही एक अधिवक्ता एवं पूर्व चेयरमैन प्रत्याशी भी जांच के दायरे में फंसा है।
वारदात का खुलासा कर बुधवार को कैराना कोतवाली में प्रेसवार्ता के दौरान अपर पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार झा ने बताया कि 17 अगस्त की शाम नगर पालिका परिषद चेयरमैन राशिद अली के आवास पर अज्ञात बदमाशों ने फायरिंग की, जिसमें संविदा कर्मी इरफान घायल हो गया था। मामले के खुलासे के लिए एसपी विजय भूषण के निर्देश पर सीओ भूषण वर्मा और कोतवाली प्रभारी एपी भारद्वाज के अलावा एसओजी की टीम भी लगाई गई थी। एएसपी ने बताया कि 23 अगस्त (मंगलवार) रात साढे़ 7 बजे मुखबिर की सूचना पर जहानपुरा जगनपुर रजवाहा पटरी से जमशेद पहलवान के अखाडे़ के पास से अफसर निवासी बलवा और इम्तियाज निवासी सागाठेड़ा थाना गंगोह को गिरफ्तार किया गया।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि चेयरमैन राशिद अली के आवास पर फायरिंग करने में यह दोनों बदमाश भी शामिल थे। गहनता से छानबीन में पता चला कि 13 अगस्त को साढे़ 12 बजे आरोपियों ने गोंडा जेल में बंद कुख्यात महताब काना निवासी बलवा से कैराना निवासी इनाम धुरी ने कांफ्रेंसिंग के जरिए चेयरमैन राशिद अली से बात कराई। महताब काना ने चेयरमैन से रुपयों की मांग की थी। चेयरमैन राशिद अली ने पैसा देने से मना कर दिया था।
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इसके बाद ही चेेयरमैन को मारने और डराने की नीयत से महताब, आजम निवासी सागाठेड़ा और अफसर को इनाम धुरी के पास भेजा। 16 अगस्त को आजम, अफसर और महताब बेचैन ने चेयरमैन के आवास की रेकी की तथा 17 अगस्त को फायरिंग की घटना को अंजाम दिया। पुलिस ने बन्टी निवासी तीतरवाडा और जमशेद निवासी सागाठेड़ा को बदमाशों को शरण देने के आरोप में गिरफ्तार किया है।
जबकि इनाम धुरी आलकला, आजम निवासी सागाठेडा और महताब बेचैन निवासी आलकला को गिरफ्तार करने के प्रयास किए जा रहे हैं। एएसपी ने बताया कि फायरिंग प्रकरण में एक पूर्व चेयरमैन प्रत्याशी और महताब काना के अधिवक्ता का नाम भी प्रकाश में आया है। जिसके बारे में जांच की जा रही है। गिरफ्तार चारों आरोपियों को कोर्ट में पेश करके जेल भेज दिया गया।
75 से ज्यादा लोगों का संपर्क था
शामली। कुख्यात मुकीम काला और महताब काना ने कैराना क्षेत्र में गहरी जड़ें फैला रखी हैं। कैराना, शामली और आसपास इलाके के 75 से ज्यादा लोग इन बदमाशों के संपर्क में रहते हैं, जिनसे इन बदमाशों की बातचीत होती है। पुलिस ऐसे लोगों को चिह्नित कर रही है, जिसके बाद इनसे पूछताछ का सिलसिला शुरू होगा।
कैराना नगरपालिका चेयरमैन राशिद अली के आवास पर फायरिंग प्रकरण की जांच के दौरान पुलिस को यह जानकारी मिली कि गोंडा जेल में बंद कुख्यात महताब काना और मुकीम काला से काफी लोग संपर्क बनाए हुए हैं। इन लोगों से उक्त बदमाशों की बातचीत होती है। चेयरमैन के आवास पर फायरिंग मामले में एक अधिवक्ता का नाम भी प्रकाश में आया है। साथ ही पूर्व में नगर पालिका का प्रत्याशी रहा एक शख्स भी इस मामले से जुड़ा हुआ है।
एक एक करके पुलिस ने करीब 75 लोग चिह्नित कर लिए हैं, जबकि यह संख्या और बढ़ सकती है। अपर पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार झा का कहना है कि बदमाशों से संपर्क बनाकर रखने वाले लोगों से पूछताछ की जाएगी। इसके बाद बदमाशों से संपर्क रखना, बदमाशों को शरण देने सहित अन्य जो भी आरोपों की पुष्टि होंगी, उसके तहत कार्रवाई की जाएगी।
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वारदात का खुलासा कर बुधवार को कैराना कोतवाली में प्रेसवार्ता के दौरान अपर पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार झा ने बताया कि 17 अगस्त की शाम नगर पालिका परिषद चेयरमैन राशिद अली के आवास पर अज्ञात बदमाशों ने फायरिंग की, जिसमें संविदा कर्मी इरफान घायल हो गया था। मामले के खुलासे के लिए एसपी विजय भूषण के निर्देश पर सीओ भूषण वर्मा और कोतवाली प्रभारी एपी भारद्वाज के अलावा एसओजी की टीम भी लगाई गई थी। एएसपी ने बताया कि 23 अगस्त (मंगलवार) रात साढे़ 7 बजे मुखबिर की सूचना पर जहानपुरा जगनपुर रजवाहा पटरी से जमशेद पहलवान के अखाडे़ के पास से अफसर निवासी बलवा और इम्तियाज निवासी सागाठेड़ा थाना गंगोह को गिरफ्तार किया गया।
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पूछताछ में खुलासा हुआ कि चेयरमैन राशिद अली के आवास पर फायरिंग करने में यह दोनों बदमाश भी शामिल थे। गहनता से छानबीन में पता चला कि 13 अगस्त को साढे़ 12 बजे आरोपियों ने गोंडा जेल में बंद कुख्यात महताब काना निवासी बलवा से कैराना निवासी इनाम धुरी ने कांफ्रेंसिंग के जरिए चेयरमैन राशिद अली से बात कराई। महताब काना ने चेयरमैन से रुपयों की मांग की थी। चेयरमैन राशिद अली ने पैसा देने से मना कर दिया था।
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इसके बाद ही चेेयरमैन को मारने और डराने की नीयत से महताब, आजम निवासी सागाठेड़ा और अफसर को इनाम धुरी के पास भेजा। 16 अगस्त को आजम, अफसर और महताब बेचैन ने चेयरमैन के आवास की रेकी की तथा 17 अगस्त को फायरिंग की घटना को अंजाम दिया। पुलिस ने बन्टी निवासी तीतरवाडा और जमशेद निवासी सागाठेड़ा को बदमाशों को शरण देने के आरोप में गिरफ्तार किया है।
जबकि इनाम धुरी आलकला, आजम निवासी सागाठेडा और महताब बेचैन निवासी आलकला को गिरफ्तार करने के प्रयास किए जा रहे हैं। एएसपी ने बताया कि फायरिंग प्रकरण में एक पूर्व चेयरमैन प्रत्याशी और महताब काना के अधिवक्ता का नाम भी प्रकाश में आया है। जिसके बारे में जांच की जा रही है। गिरफ्तार चारों आरोपियों को कोर्ट में पेश करके जेल भेज दिया गया।
75 से ज्यादा लोगों का संपर्क था
शामली। कुख्यात मुकीम काला और महताब काना ने कैराना क्षेत्र में गहरी जड़ें फैला रखी हैं। कैराना, शामली और आसपास इलाके के 75 से ज्यादा लोग इन बदमाशों के संपर्क में रहते हैं, जिनसे इन बदमाशों की बातचीत होती है। पुलिस ऐसे लोगों को चिह्नित कर रही है, जिसके बाद इनसे पूछताछ का सिलसिला शुरू होगा।
कैराना नगरपालिका चेयरमैन राशिद अली के आवास पर फायरिंग प्रकरण की जांच के दौरान पुलिस को यह जानकारी मिली कि गोंडा जेल में बंद कुख्यात महताब काना और मुकीम काला से काफी लोग संपर्क बनाए हुए हैं। इन लोगों से उक्त बदमाशों की बातचीत होती है। चेयरमैन के आवास पर फायरिंग मामले में एक अधिवक्ता का नाम भी प्रकाश में आया है। साथ ही पूर्व में नगर पालिका का प्रत्याशी रहा एक शख्स भी इस मामले से जुड़ा हुआ है।
एक एक करके पुलिस ने करीब 75 लोग चिह्नित कर लिए हैं, जबकि यह संख्या और बढ़ सकती है। अपर पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार झा का कहना है कि बदमाशों से संपर्क बनाकर रखने वाले लोगों से पूछताछ की जाएगी। इसके बाद बदमाशों से संपर्क रखना, बदमाशों को शरण देने सहित अन्य जो भी आरोपों की पुष्टि होंगी, उसके तहत कार्रवाई की जाएगी।