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बोर्ड परीक्षा के लिए ऑनलाइन होगी कक्ष निरीक्षकों तैनीती
Updated Tue, 19 Dec 2017 11:34 PM IST
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शामली। यूपी बोर्ड परीक्षा में नकल रोकने के लिए शासन के निर्देश पर परिषद की पूरी तैयारियां तेजी के साथ चल रही हैं। अब ऑनलाइन बोर्ड परीक्षा केंद्रों की संस्तुति के बाद कक्ष निरीक्षकों की तैयारियां भी परिषद द्वारा ऑनलाइन किए जाने का निर्णय लिया है। शीघ्र ही जनपद में कक्ष निरीक्षकों की सूची जारी की जाएगी।
2018 की यूपी बोर्ड परीक्षा को नकल विहीन कराने की शासन की पूरी मंशा है। नकल पर नकेल के लिए विभाग पूरी तैयारी कर रहा है। पहले चरण में विभाग ने ऑनलाइन परीक्षा केंद्र निर्धारण करने का निर्णय लिया था। जिसकी संस्तुति परिषद द्वारा की गई है। अब परीक्षा में नकल रोकने के लिए कक्ष निरीक्षकों की तैयारियां परिषद ने शुरू कर दी हैं। उधर, डीआईओएस कार्यालय के अनुसार जनवरी के प्रथम सप्ताह में कक्ष निरीक्षकों की सूची जनपद में पहुंच जाएगी। जनपद स्तर से सभी कॉलेजों के शिक्षकों की जानकारी परिषद कार्यालय को भेज दी गई है।
क्यों पड़ी बदलाव की आवश्यकता
यूपी बोर्ड परीक्षा में कक्ष निरीक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। परीक्षा के दौरान कुछ केंद्र संचालक मनमाफिक कक्ष निरीक्षकों की ड्यूटी लगाकर परीक्षा में नकल कराते है। ऐसे में नकल रोकना संभव नहीं है। इसे देखते हुए विभाग ने कक्ष निरीक्षकों की तैनाती भी ऑनलाइन किए जाने का निर्णय लिया है।
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नहीं लगा पाएंगे फर्जी शिक्षक
पूर्व में केंद्र संचालकों द्वारा अपने मनमाफिक शिक्षकों की जानकारी विभाग को भेजकर कार्ड बनवा लेते थे, लेकिन अब सारी जानकारी ऑनलाइन है। किसी भी शिक्षक में फेरबदल नहीं हो सकेगा। जिससे नकल माफियाओं के मंसूबों पर पानी फिरेगा।
शिक्षकों का डाटा विभाग के पास पहले ही मौजूद
परिषद द्वारा पूर्व में ही कॉलेजों के शिक्षकों का विवरण ऑनलाइन संबंधित कॉलेजों की वेबसाइट पर अपलोड करा लिया गया है। इसके अतिरिक्त कौन सा कॉलेज कितनी दूरी पर स्थित है इसके लिए भी विभाग के पास प्रत्येक कॉलेज का अंक्षाश और देशांतर की जानकारी उपलब्ध है। अब आसानी से परिषद कार्यालय में ही कक्ष निरीक्षकों की तैनाती की जा सकेंगी।
नकल रोकने के लिए परिषद और जिला परीक्षा समिति हर संभव कदम उठा रही है। शासनादेश के तहत जो भी निर्देश प्राप्त हो रहे हैं उनका पालन किया जा रहा है। परीक्षा में किसी भी कीमत पर नकल नहीं होने दी जाएगी। - एसएम सिद्दीकी डीआईओएस
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2018 की यूपी बोर्ड परीक्षा को नकल विहीन कराने की शासन की पूरी मंशा है। नकल पर नकेल के लिए विभाग पूरी तैयारी कर रहा है। पहले चरण में विभाग ने ऑनलाइन परीक्षा केंद्र निर्धारण करने का निर्णय लिया था। जिसकी संस्तुति परिषद द्वारा की गई है। अब परीक्षा में नकल रोकने के लिए कक्ष निरीक्षकों की तैयारियां परिषद ने शुरू कर दी हैं। उधर, डीआईओएस कार्यालय के अनुसार जनवरी के प्रथम सप्ताह में कक्ष निरीक्षकों की सूची जनपद में पहुंच जाएगी। जनपद स्तर से सभी कॉलेजों के शिक्षकों की जानकारी परिषद कार्यालय को भेज दी गई है।
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क्यों पड़ी बदलाव की आवश्यकता
यूपी बोर्ड परीक्षा में कक्ष निरीक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। परीक्षा के दौरान कुछ केंद्र संचालक मनमाफिक कक्ष निरीक्षकों की ड्यूटी लगाकर परीक्षा में नकल कराते है। ऐसे में नकल रोकना संभव नहीं है। इसे देखते हुए विभाग ने कक्ष निरीक्षकों की तैनाती भी ऑनलाइन किए जाने का निर्णय लिया है।
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नहीं लगा पाएंगे फर्जी शिक्षक
पूर्व में केंद्र संचालकों द्वारा अपने मनमाफिक शिक्षकों की जानकारी विभाग को भेजकर कार्ड बनवा लेते थे, लेकिन अब सारी जानकारी ऑनलाइन है। किसी भी शिक्षक में फेरबदल नहीं हो सकेगा। जिससे नकल माफियाओं के मंसूबों पर पानी फिरेगा।
शिक्षकों का डाटा विभाग के पास पहले ही मौजूद
परिषद द्वारा पूर्व में ही कॉलेजों के शिक्षकों का विवरण ऑनलाइन संबंधित कॉलेजों की वेबसाइट पर अपलोड करा लिया गया है। इसके अतिरिक्त कौन सा कॉलेज कितनी दूरी पर स्थित है इसके लिए भी विभाग के पास प्रत्येक कॉलेज का अंक्षाश और देशांतर की जानकारी उपलब्ध है। अब आसानी से परिषद कार्यालय में ही कक्ष निरीक्षकों की तैनाती की जा सकेंगी।
नकल रोकने के लिए परिषद और जिला परीक्षा समिति हर संभव कदम उठा रही है। शासनादेश के तहत जो भी निर्देश प्राप्त हो रहे हैं उनका पालन किया जा रहा है। परीक्षा में किसी भी कीमत पर नकल नहीं होने दी जाएगी। - एसएम सिद्दीकी डीआईओएस