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वितविहीन शिक्षकों ने शहर में घूमकर मांगी भिक्षा
Updated Thu, 22 Mar 2018 12:06 AM IST
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शामली।
माध्यमिक वित्तविहीन शिक्षक महासभा की जनपद इकाई का मानदेय बंद करने और अन्य मांगों को लेकर पांचवें दिन भी धरना जारी रहा। शिक्षकों ने शहर में घूमकर लोगों से भिक्षा मांगी।
आरके इंटर कॉलेज मूल्यांकन केंद्र पर शिक्षकों का मूल्यांकन का बहिष्कार जारी रखते हुए बुधवार को भी धरना जारी रहा। शिक्षकों ने सरकार के द्वारा वित्तविहीन शिक्षकों के मानदेय रोकने पर सरकार का खजाना भरने के लिए शहर में घूमकर भिक्षा मांगी। सभी शिक्षकों ने आरके कॉलेज से विजय चौंक, फव्वारा चौक होते हुए डीआईओएस कार्यालय तक दुकानदारों और अन्य लोगों से भिक्षा मांगी। सभी स्थानों से 116 रुपये एकत्र हुए। जिसके बाद शिक्षकों ने प्राप्त धनराशि को जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह के माध्यम से ट्रेजरी जमा कराते हुए सरकारी राजकोष में जमा कराने की मांग की। प्रदेश संगठन मंत्री रामफल जांगड़ा ने कहा कि सरकार युवाओं को नौकरी देने की बात करती है। वहीं दूसरी तरफ उनका रोजगार छीन रही है। माध्यमिक विद्यालयों में रिटायर्ड शिक्षकों को मानदेय पर रखने का शासनादेश जारी करती है। यदि युवाओं को रोजगार देना चाहती ही तो स्कूलों में पीटीए के तहत लगें युवा शिक्षकों को नियुक्ति दी जाए। जो पिछले 10-10 वर्षो से कार्य कर रहे है।
जिला महासचिव शिवकुमार ने कहा कि जब तक समान कार्य समान वेतन का शासनादेश जारी नहीं होता तब तक मूल्यांकन का बहिष्कार जारी रहेगा। अध्यक्षता श्रीचंद और संचालन विनय शर्मा ने किया। इस दौरान जिलाध्यक्ष श्रवण कुमार, अनिल कुमार, रोहताश, राजपाल शर्मा, प्रवीण शर्मा, मोनिका, श्रवण, ओमप्रकाश, सरिता, सीमा, सपना, राजेश, तरुण, पारुल, मनोज, राजकुमार, लक्ष्मी गर्ग, रामनाथ, मनोज, बिजेंद्र, घनश्याम, अश्वनी, रेनू, अंजू, प्रतिमा, बबीता, सतीश आत्रेय आदि मौजूद रहे।
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माध्यमिक वित्तविहीन शिक्षक महासभा की जनपद इकाई का मानदेय बंद करने और अन्य मांगों को लेकर पांचवें दिन भी धरना जारी रहा। शिक्षकों ने शहर में घूमकर लोगों से भिक्षा मांगी।
आरके इंटर कॉलेज मूल्यांकन केंद्र पर शिक्षकों का मूल्यांकन का बहिष्कार जारी रखते हुए बुधवार को भी धरना जारी रहा। शिक्षकों ने सरकार के द्वारा वित्तविहीन शिक्षकों के मानदेय रोकने पर सरकार का खजाना भरने के लिए शहर में घूमकर भिक्षा मांगी। सभी शिक्षकों ने आरके कॉलेज से विजय चौंक, फव्वारा चौक होते हुए डीआईओएस कार्यालय तक दुकानदारों और अन्य लोगों से भिक्षा मांगी। सभी स्थानों से 116 रुपये एकत्र हुए। जिसके बाद शिक्षकों ने प्राप्त धनराशि को जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह के माध्यम से ट्रेजरी जमा कराते हुए सरकारी राजकोष में जमा कराने की मांग की। प्रदेश संगठन मंत्री रामफल जांगड़ा ने कहा कि सरकार युवाओं को नौकरी देने की बात करती है। वहीं दूसरी तरफ उनका रोजगार छीन रही है। माध्यमिक विद्यालयों में रिटायर्ड शिक्षकों को मानदेय पर रखने का शासनादेश जारी करती है। यदि युवाओं को रोजगार देना चाहती ही तो स्कूलों में पीटीए के तहत लगें युवा शिक्षकों को नियुक्ति दी जाए। जो पिछले 10-10 वर्षो से कार्य कर रहे है।
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जिला महासचिव शिवकुमार ने कहा कि जब तक समान कार्य समान वेतन का शासनादेश जारी नहीं होता तब तक मूल्यांकन का बहिष्कार जारी रहेगा। अध्यक्षता श्रीचंद और संचालन विनय शर्मा ने किया। इस दौरान जिलाध्यक्ष श्रवण कुमार, अनिल कुमार, रोहताश, राजपाल शर्मा, प्रवीण शर्मा, मोनिका, श्रवण, ओमप्रकाश, सरिता, सीमा, सपना, राजेश, तरुण, पारुल, मनोज, राजकुमार, लक्ष्मी गर्ग, रामनाथ, मनोज, बिजेंद्र, घनश्याम, अश्वनी, रेनू, अंजू, प्रतिमा, बबीता, सतीश आत्रेय आदि मौजूद रहे।
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