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Shahjahanpur News: चुनाव में 90 हजार लीटर तेल पी गए वाहन
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शाहजहांपुर। लोकसभा और ददरौल विधानसभा उपचुनाव संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने 1758 वाहनों को अधिग्रहित किया था। इन वाहनों में 90 हजार लीटर तेल का इस्तेमाल किया गया। इसकी कीमत करीब 85 लाख रुपये हुई।
16 मार्च को चुनाव आचार संहिता लागू होेेते ही परिवहन विभाग ने वाहनों का अधिग्रहण शुरू कर दिया था। एफएसटी और पुलिस टीमें लगाई गईं थीं। दिन-रात चेकिंग अभियान चलाया गया। जिला पूर्ति विभाग की ओर से वाहनों में तेल डलवाने के लिए जिले में 50 पेट्रोल पंप अधिग्रहित किए थे।
लगातार तीन माह तक एफएसटी, जोनल व सेक्ट्रर मजिस्ट्रेट समेत अन्य टीमें वाहनों से भ्रमण करती रहीं थी। चुनाव ड्यूटी में पार्टी रवानगी के लिए 450 से अधिक वाहन लगाए गए थे। ये पार्टियों को पहले लेकर उनके बूथों पर छोड़कर आए थे।
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इसके बाद वाहन पार्टियों को लेकर रोजा मंडी समिति में पहुंचे थे। पूरी प्रशासनिक कवायद में करीब 90 हजार लीटर तेल खर्च हुआ। इसमें अधिकतर वाहन डीजल के थे। कुछ वाहन पेट्रोल से चलने वाले थे। सभी में प्रशासन की ओर से तेल डलवाया गया था।
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आचार संहिता लगने के बाद चुनाव संपन्न होते तक प्रशासन की ओर से वाहनों में तेल डलवाने के लिए 50 पेट्रोल पंप अधिग्रहित किए गए थे। सभी वाहनों में पूरे चुनाव में 90 हजार लीटर तेल खर्च हुआ। इसकी कीमत करीब 85 लाख रुपये से अधिक है।
- ओम हरि उपाध्याय, जिला पूर्ति अधिकारी
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16 मार्च को चुनाव आचार संहिता लागू होेेते ही परिवहन विभाग ने वाहनों का अधिग्रहण शुरू कर दिया था। एफएसटी और पुलिस टीमें लगाई गईं थीं। दिन-रात चेकिंग अभियान चलाया गया। जिला पूर्ति विभाग की ओर से वाहनों में तेल डलवाने के लिए जिले में 50 पेट्रोल पंप अधिग्रहित किए थे।
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लगातार तीन माह तक एफएसटी, जोनल व सेक्ट्रर मजिस्ट्रेट समेत अन्य टीमें वाहनों से भ्रमण करती रहीं थी। चुनाव ड्यूटी में पार्टी रवानगी के लिए 450 से अधिक वाहन लगाए गए थे। ये पार्टियों को पहले लेकर उनके बूथों पर छोड़कर आए थे।
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इसके बाद वाहन पार्टियों को लेकर रोजा मंडी समिति में पहुंचे थे। पूरी प्रशासनिक कवायद में करीब 90 हजार लीटर तेल खर्च हुआ। इसमें अधिकतर वाहन डीजल के थे। कुछ वाहन पेट्रोल से चलने वाले थे। सभी में प्रशासन की ओर से तेल डलवाया गया था।
आचार संहिता लगने के बाद चुनाव संपन्न होते तक प्रशासन की ओर से वाहनों में तेल डलवाने के लिए 50 पेट्रोल पंप अधिग्रहित किए गए थे। सभी वाहनों में पूरे चुनाव में 90 हजार लीटर तेल खर्च हुआ। इसकी कीमत करीब 85 लाख रुपये से अधिक है।
- ओम हरि उपाध्याय, जिला पूर्ति अधिकारी