{"_id":"6649318ba206c4a22d050214","slug":"teacher-will-make-video-while-teaching-and-send-it-shahjahanpur-news-c-122-1-sbly1040-118892-2024-05-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shahjahanpur News: पढ़ाते समय का वीडियो बनाकर भेजेंगे शिक्षक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shahjahanpur News: पढ़ाते समय का वीडियो बनाकर भेजेंगे शिक्षक
Sun, 19 May 2024 04:24 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Sun, 19 May 2024 04:24 AM IST
विज्ञापन
शाहजहांपुर। परिषदीय विद्यालयों के शिक्षकों को अब छात्र-छात्राओं को पढ़ाते समय का पांच मिनट का वीडियो बनाकर भेजना होगा, जिसे मूल्यांकन के लिए जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान भेजा जाएगा। स्कूल शिक्षा महानिदेशक ने निर्देश जारी किए हैं।
जनपद में 2720 परिषदीय विद्यालय हैं। इनमें करीब 3.50 लाख बच्चे पढ़ते हैं। इन सभी विद्यालय में शिक्षा का स्तर सुधारने को प्रयास हो रहे हैं। इसके तहत वीडियो बनाने के लिए निर्देश दिए गए हैं। मूल्यांकन के आधार पर कक्षाओं में अच्छा प्रदर्शन करने वाले शिक्षकों को पुरस्कृत किया जाएगा। उत्कृष्ट श्रेणी के वीडियो का कार्यशालाओं में इस्तेमाल भी किया जाएगा।
जिले के सभी प्राथमिक, कंपोजिट व जूनियर विद्यालय के शिक्षकों को कक्षावार, विषयवार और लर्निंग आउटकम आधारित वीडियो बनाने होंगे। डायट में वीडियो की गुणवत्ता के आधार पर इन्हें उत्कृष्ट, मध्यम व सामान्य श्रेणी में विभाजित किया जाएगा। मध्यम और सामान्य श्रेणी में आने वाले शिक्षकों को प्रशिक्षण देकर और बेहतर किया जाएगा। अच्छा प्रदर्शन करने वाले शिक्षकों का वीडियो कार्यशाला में प्रयोग किया जाएगा। जुलाई से यह व्यवस्था लागू हो जाएगी।
विज्ञापन
-- -- -
शासन ने शिक्षण कार्य की गुणवत्ता में सुधार के लिए मूल्यांकन का नया तरीका अपनाने के लिए निर्देशित किया है। इसका अनुपालन कराने के लिए प्रधानाध्यापकों को निर्देशित किया जाएगा। जुलाई में यह व्यवस्था लागू कराई जानी है।
- रणवीर सिंह, बीएसए, शाहजहांपुर।
विज्ञापन
जनपद में 2720 परिषदीय विद्यालय हैं। इनमें करीब 3.50 लाख बच्चे पढ़ते हैं। इन सभी विद्यालय में शिक्षा का स्तर सुधारने को प्रयास हो रहे हैं। इसके तहत वीडियो बनाने के लिए निर्देश दिए गए हैं। मूल्यांकन के आधार पर कक्षाओं में अच्छा प्रदर्शन करने वाले शिक्षकों को पुरस्कृत किया जाएगा। उत्कृष्ट श्रेणी के वीडियो का कार्यशालाओं में इस्तेमाल भी किया जाएगा।
विज्ञापन
जिले के सभी प्राथमिक, कंपोजिट व जूनियर विद्यालय के शिक्षकों को कक्षावार, विषयवार और लर्निंग आउटकम आधारित वीडियो बनाने होंगे। डायट में वीडियो की गुणवत्ता के आधार पर इन्हें उत्कृष्ट, मध्यम व सामान्य श्रेणी में विभाजित किया जाएगा। मध्यम और सामान्य श्रेणी में आने वाले शिक्षकों को प्रशिक्षण देकर और बेहतर किया जाएगा। अच्छा प्रदर्शन करने वाले शिक्षकों का वीडियो कार्यशाला में प्रयोग किया जाएगा। जुलाई से यह व्यवस्था लागू हो जाएगी।
विज्ञापन
शासन ने शिक्षण कार्य की गुणवत्ता में सुधार के लिए मूल्यांकन का नया तरीका अपनाने के लिए निर्देशित किया है। इसका अनुपालन कराने के लिए प्रधानाध्यापकों को निर्देशित किया जाएगा। जुलाई में यह व्यवस्था लागू कराई जानी है।
- रणवीर सिंह, बीएसए, शाहजहांपुर।