Shahjahanpur News: एसएस कॉलेज विश्वविद्यालय बनेगा या नहीं, इस सप्ताह हो जाएगा तय
अगर सबकुछ ठीक रहा तो शाहजहांपुर को विश्वविद्यालय की सौगात मिल सकती है। पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वामी चिन्मयानंद सरस्वती लंबे समय से मुमुक्षु आश्रम को विश्वविद्यालय बनाने के लिए प्रयासरत हैं। मुख्यमंत्री से स्वीकृति मिलने के बाद शासन स्तर से मुमुक्षु शिक्षा संकुल में मिलने वाली सुविधाओं की जानकारी मांगी गई है।
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शाहजहांपुर के मुमुक्षु शिक्षा संकुल को विश्वविद्यालय बनाने की कवायद तेज हो गई है। मुख्यमंत्री से स्वीकृति मिलने के बाद शासन स्तर से मुमुक्षु शिक्षा संकुल में मिलने वाली सुविधाओं की जानकारी मांगी गई है। शासन से गठित कमेटी ने तीन बार निरीक्षण भी कर लिया है। कमेटी की रिपोर्ट आने के बाद इसी सप्ताह स्थिति स्पष्ट हो सकती है।
मुमुक्षु शिक्षा संकुल में श्री शंकर मुमुक्षु विद्यापीठ (एसएसएमवी), स्वामी धर्मानंद इंटर कॉलेज, एसएस महाविद्यालय, संस्कृत महाविद्यालय और विधि महाविद्यालय संचालित हैं। पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वामी चिन्मयानंद सरस्वती लंबे समय से मुमुक्षु आश्रम को विश्वविद्यालय बनाने के लिए प्रयासरत हैं।
शासन को भेजे गए प्रस्ताव पर काफी समय पहले स्वीकृति मिल चुकी है। शासन ने मुमुक्षु शिक्षा संकुल में संचालित शिक्षण संस्थाओं में कार्यरत शिक्षक, प्रोफेसर, पुस्तकालय, लैब, व्याख्यान कक्ष व अन्य सुविधाओं की जानकारी मांगी है।
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मुमुक्षु शिक्षा संकुल के मुख्य अधिष्ठाता स्वामी चिन्मयानंद ने बताया कि शासन से गठित कमेटी निरीक्षण कर चुकी है। उनकी रिपोर्ट आने के बाद स्थिति स्पष्ट होगी। यूनिवर्सिटी बनने से शिक्षा की गुणवत्ता में क्रांतिकारी बदलाव आएंगे।
पड़ोसी जिलों के महाविद्यालयों को मिल सकता है लाभ
शाहजहांपुर जिले में रुहेलखंड यूनिवर्सिटी से संबद्ध 51 महाविद्यालय हैं। एसएस कॉलेज के विश्वविद्यालय बनने से जिले की शिक्षा व्यवस्था में एक बड़ा बदलाव आएगा क्योंकि बरेली यूनिवर्सिटी से बड़े पैमाने पर कॉलेज संबद्ध होने से बेहतर सुविधाएं नहीं मिल पाती हैं। शिक्षा की गुणवत्ता पर बेहतर तरीके से नजर रखना संभव नहीं होता।
शाहजहांपुर में यूनिवर्सिटी बनने से जिले के महाविद्यालयों की शिक्षा गुणवत्ता में परिवर्तन आएगा। संभावना है कि बरेली यूनिवर्सिटी का बोझ कम कर आसपास के जनपदों के कॉलेजों को जिले से संचालित होने वाली यूनिवर्सिटी से संबद्ध किया जा सकता है। हालांकि, इसे लेकर अभी मामला स्पष्ट नहीं है।