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खुद को मृत दर्शाकर सात साल से रोजा में रह रहा गैंगस्टर गिरफ्तार
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शाहजहांपुर। मुकदमों और देनदारी से बचने के लिए मुरादाबाद के मूढ़ापांडे थाना क्षेत्र के बेलवारी मजरा हसनगंज निवासी मुकेश यादव खुद को मृत दर्शाकर रोजा थाना क्षेत्र की आदर्श नगर कॉलोनी में नाम बदलकर सात साल से रह रहा था। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
एसपी सिटी संजय कुमार ने बताया कि मुकेश यादव मुरादाबाद में एक सिक्योरिटी एजेंसी चलाता था। उस पर गार्डों का लाखों रुपये का बकाया हो गया था। इसके अलावा मुरादाबाद के विभिन्न थानों में लूट, धोखाधड़ी, जानलेवा हमला, आर्म्स एक्ट, गैंगस्टर एक्ट में उसके खिलाफ केस दर्ज हैं। साल 2015 में वह घर से भाग गया। मुकदमों, कर्ज से बचने और बीमा की राशि हड़पने के लिए उसने परिवार के लोगों के साथ मिलकर साजिश रची। 29 जुलाई 2015 को उत्तराखंड के ऊधम सिंह नगर के सितारगंज, खटीमा में मोर्चरी के एक कर्मचारी की मदद से उसने एक अज्ञात शव की जेब में अपना परिचय पत्र व अन्य कागजात रखकर परिजन को सूचना करा दी। परिजन ने शव की शिनाख्त मुकेश के तौर पर करके उसका अंतिम संस्कार कर दिया।
इसके बाद मुकेश ने मुनेश यादव के नाम से आधार कार्ड, पासपोर्ट और अन्य कागजात बनवा लिए। मुकेश से मुनेश यादव बनकर वह आदर्श नगर कॉलोनी की गली नंबर चार में अपना मकान बनाकर रहने लगा था। उसका परिवार भी बाद में उसके पास आ गया था। रोजा थाने की पुलिस को मुखबिर से इसकी सूचना मिल गई। इसके बाद रोजा थाना प्रभारी केबी सिंह ने टीम के साथ उसे बृहस्पतिवार को सहारा फील्ड के पास से गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है। आरोपी यहां पुराने वाहनों की खरीद फरोख्त का काम करता था।
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एसपी सिटी संजय कुमार ने बताया कि मुकेश यादव मुरादाबाद में एक सिक्योरिटी एजेंसी चलाता था। उस पर गार्डों का लाखों रुपये का बकाया हो गया था। इसके अलावा मुरादाबाद के विभिन्न थानों में लूट, धोखाधड़ी, जानलेवा हमला, आर्म्स एक्ट, गैंगस्टर एक्ट में उसके खिलाफ केस दर्ज हैं। साल 2015 में वह घर से भाग गया। मुकदमों, कर्ज से बचने और बीमा की राशि हड़पने के लिए उसने परिवार के लोगों के साथ मिलकर साजिश रची। 29 जुलाई 2015 को उत्तराखंड के ऊधम सिंह नगर के सितारगंज, खटीमा में मोर्चरी के एक कर्मचारी की मदद से उसने एक अज्ञात शव की जेब में अपना परिचय पत्र व अन्य कागजात रखकर परिजन को सूचना करा दी। परिजन ने शव की शिनाख्त मुकेश के तौर पर करके उसका अंतिम संस्कार कर दिया।
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इसके बाद मुकेश ने मुनेश यादव के नाम से आधार कार्ड, पासपोर्ट और अन्य कागजात बनवा लिए। मुकेश से मुनेश यादव बनकर वह आदर्श नगर कॉलोनी की गली नंबर चार में अपना मकान बनाकर रहने लगा था। उसका परिवार भी बाद में उसके पास आ गया था। रोजा थाने की पुलिस को मुखबिर से इसकी सूचना मिल गई। इसके बाद रोजा थाना प्रभारी केबी सिंह ने टीम के साथ उसे बृहस्पतिवार को सहारा फील्ड के पास से गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है। आरोपी यहां पुराने वाहनों की खरीद फरोख्त का काम करता था।
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