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Shahjahanpur News: चार अद्भुत संयोग... गंगा दशहरा पर शुभ फलदायी स्नान

Wed, 04 Jun 2025 12:28 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Wed, 04 Jun 2025 12:28 AM IST
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Four wonderful coincidences... Auspicious and fruitful bath on Ganga Dussehra
पंडित डॉ. कान्हा कृष्ण शुक्ल। स्रोत: स्वयं
शाहजहांपुर। ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि को गंगा दशहरा का महापर्व मनाया जाता है। इस दिन गंगा नदी में स्नान और पूजा के साथ दीपदान का विशेष महत्व होता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन गंगा स्नान से हर तरह के पापों से मुक्ति मिल जाती है। इस दिन गंगा स्नान से पितर भी प्रसन्न होते हैं और उनका आशीर्वाद मिलता है।
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श्री रुद्र बाला जी धाम के पंडित डॉ. कान्हा कृष्ण शुक्ल ने बताया कि ज्येष्ठ माह में शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि पर मां गंगा का अवतरण भूलोक पर हुआ था। इस बार गंगा दशहरा का पर्व पांच जून बृहस्पतिवार को मनाया जाएगा। पंचांग के अनुसार, गंगा दशहरा के दिन इस बार चार शुभ संयोग बन रहे हैं, जो गंगा स्नान का फल दोगुना कर देंगे।
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ज्योतिष गणना के अनुसार करीब 100 साल बाद गंगा दशहरा पर ऐसा अद्भुत संयोग बन रहा है। चार जून बुधवार की रात 1.41 बजे दशमी तिथि प्रारंभ होगी। 6 जून बृहस्पतिवार की रात्रि 3.13 पर दशमी तिथि का समापन होगा। बताया कि गंगा दशहरा के दिन हस्त नक्षत्र है। इसके अलावा सर्वार्थ सिद्धि योग के साथ अमृत योग और रवि योग का भी अद्भुत संगम है।
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गंगा दशहरा के दिन गंगा स्नान से 10 तरह के पापों से मुक्ति मिल जाती है। पंडित डॉ. कान्हा कृष्ण शुक्ल ने बताया कि दशहरा पर्व पर पूजा प्रातःकाल सूर्योदय से पूर्व उठकर स्नान करें। गंगा या किसी पवित्र नदी में स्नान करें। यदि संभव न हो तो घर में गंगाजल मिलाकर स्नान करें।

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शुभ संयोग में गंगा स्नान करना अति शुभ
श्री रुद्र बाला जी धाम के पंडित डॉ. कान्हा कृष्ण शुक्ल ने बताया कि गंगा दशहरा पर्व पर रवि योग सुबह पांच बजकर 22 से दोपहर एक बजकर 56 मिनट तक रहेगा। सर्वार्थ सिद्धि योग सुबह नौ बजकर 35 मिनट से अगले दिन छह बजकर दस मिनट तक रहेगा। यह योग हर प्रकार के कार्यों की सिद्धि के लिए सर्वोत्तम माना गया है। अमृत सिद्धि योग शुभ मुहूर्त में आता है। इस दिन रात्रि में रहेगा। यह योग भी गंगा स्नान और दान को अक्षय पुण्य देने वाला है। हस्त नक्षत्र और दशमी तिथि का योग स्वयं में अत्यंत पवित्र और पुण्यदायी है। गंगा दशहरा पर बन रहे शुभ संयोग में श्रद्धालुओं के द्वारा दान पुण्य के अलावा गंगा स्नान करना अति शुभ होगा।
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