{"_id":"6425f5fab80f03fec30d01c4","slug":"despite-the-instructions-the-purchasing-centers-did-not-open-in-the-mandis-shahjahanpur-news-c-4-1-112625-2023-03-31","type":"story","status":"publish","title_hn":"गेहूं खरीद : निर्देश के वावजूद मंडियों में नहीं खुले क्रय केंद्र","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गेहूं खरीद : निर्देश के वावजूद मंडियों में नहीं खुले क्रय केंद्र
Fri, 31 Mar 2023 02:20 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
Updated Fri, 31 Mar 2023 02:20 AM IST
विज्ञापन
शाहजहांपुर। हर साल रबी और खरीफ सीजन में खरीद के पहले दिन अधिकांश क्रय केंद्र सिर्फ कागजों पर सिमटे रहते हैं या फिर खाद्यान्न आवक नहीं होने से सूने पड़े रहते है। इस परिपाटी को बदलने के लिए डीएम उमेश प्रताप सिंह ने मंगलवार को गेहूं खरीद कार्यशाला में सभी क्रय केंद्र बुधवार शाम तक व्यवस्थित करने और पहले दिन से खरीद कराने के लिए किसानों के साथ बैठक करने के निर्देश दिए थे। लेकिन मंडी परिसरों मेें प्रस्तावित क्रय केंद्र बृहस्पतिवार शाम तक नहीं खुल सके। इन हालातों में शनिवार 182 सेंटरों में एक अप्रैल से गेहूं खरीद शुरू हो पाना संभव नहीं दिख रहा है।
जिले की सभी मंडियों में क्रय केंद्रों पर इस्तेमाल होने वाला सामान पहुंचने लगा है, लेकिन केंद्र अभी तक व्यवस्थित नहीं हो सके। रोजा मंडी परिसर में आरएफसी, पीसीएफ, यूपीएसएस और नोडल एजेंसी एफसीआई के कुल 22 केंद्र स्थापित होने हैं। मंडी में शेड के नीचे गेहूं की सफाई करने में प्रयोग किए जाने वाले छलना, पंखा, बारदाना की गांठें आदि सामान्य पहुंच गया है, लेकिन अभी यह पता लगाना कठिन है कि किस एजेंसी का क्रय केंद्र कहां लगना है।
तिलहर मंडी में शुरू हुई गेहूं आवक, नहीं खुले केंद्र
तिलहर। मंडी समिति परिसर में सरकारी गेहूं खरीद केंद्र के लिए 22 क्रय केंद्र स्थापित होने हैं, लेकिन उन्हें खोलने को लेकर अभी कोई भी प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है। गेहूं छानने वाले छलने, पंखा आदि मंडी समिति कार्यालय में रखवा दिए हैं, लेकिन अभी तक केंद्र स्थापित नहीं हो सके हैं। तिलहर मंडी समिति परिसर में आरएफसी के छह, पीसीएफ के 12 और यूपीएसएस के चार केंद्र खोलने की स्वीकृति मिली है। अभी तक किसी केंद्र प्रभारी ने किसानों की बैठक भी नहीं बुलाई है। मंडी में गेहूं की आवक शुरू हो चुकी है और खुले बाजार में गेहूं 2050 से 2100 कुंटल तक बिक रहा है। संवाद
विज्ञापन
केंद्र प्रभारियों ने मंडी से नहीं उठाया सामान
जलालाबाद। गेहूं खरीद के लिए सरकारी क्रय केंद्रों को लेकर बृहस्पतिवार तक कोई तैयारी शुरू नहीं हो सकी, जबकि शनिवार से सरकारी खरीद शुरू हो रही है। यहां जलालाबाद और कलान को मिलाकर विभिन्न एजेंसियों के 22 क्रय केंद्र मंजूर हुए हैं। इनमें से दस केंद्र नगर स्थित मंडी समिति में ही शुरू होने हैं, लेकिन अभी तक कोई सेंटर इंचार्ज क्रय केंद्र में जरूरत का सामान लेने मंडी समिति नहीं पहुंचा। मंडी सचिव राजीव रंजन ने बताया कि मंडी कार्यालय में कांटा, छलना व पंखा समेत अन्य उपकरण जरूरत के अनुरूप उपलब्ध हैं। उनका कहना है कि अवकाश के कारण केंद्र प्रभारी सामान लेने नहीं पहुंचे।
सभी तहसीलों की मंडियों मेें क्रय केंद्रों पर प्रयोग होने वाला सामान पहुंचा दिया है। तमाम केंद्र प्रभारियों ने सामान्य प्राप्त कर निर्धारित स्थानों पर जरूरी व्यवस्थाएं करनी शुरू कर दी हैं। रोजा मंडी में सभी 22 केंद्रों के स्थान निर्धारित हो चुके हैं और वहां सभी व्यवस्थाएं शुक्रवार तक पूरी कर ली जाएंगी। इस बार पहले दिन से ही सरकारी खरीद कराने का प्रयास किया जाएगा क्योंकि अभी खुले बाजार में गेहूं का भाव शासन से निर्धारित समर्थन मूल्य 2125 रुपये प्रति क्विंटल से कम है। -अरुण कुमार त्रिपाठी, जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी
विज्ञापन
जिले की सभी मंडियों में क्रय केंद्रों पर इस्तेमाल होने वाला सामान पहुंचने लगा है, लेकिन केंद्र अभी तक व्यवस्थित नहीं हो सके। रोजा मंडी परिसर में आरएफसी, पीसीएफ, यूपीएसएस और नोडल एजेंसी एफसीआई के कुल 22 केंद्र स्थापित होने हैं। मंडी में शेड के नीचे गेहूं की सफाई करने में प्रयोग किए जाने वाले छलना, पंखा, बारदाना की गांठें आदि सामान्य पहुंच गया है, लेकिन अभी यह पता लगाना कठिन है कि किस एजेंसी का क्रय केंद्र कहां लगना है।
विज्ञापन
तिलहर मंडी में शुरू हुई गेहूं आवक, नहीं खुले केंद्र
तिलहर। मंडी समिति परिसर में सरकारी गेहूं खरीद केंद्र के लिए 22 क्रय केंद्र स्थापित होने हैं, लेकिन उन्हें खोलने को लेकर अभी कोई भी प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है। गेहूं छानने वाले छलने, पंखा आदि मंडी समिति कार्यालय में रखवा दिए हैं, लेकिन अभी तक केंद्र स्थापित नहीं हो सके हैं। तिलहर मंडी समिति परिसर में आरएफसी के छह, पीसीएफ के 12 और यूपीएसएस के चार केंद्र खोलने की स्वीकृति मिली है। अभी तक किसी केंद्र प्रभारी ने किसानों की बैठक भी नहीं बुलाई है। मंडी में गेहूं की आवक शुरू हो चुकी है और खुले बाजार में गेहूं 2050 से 2100 कुंटल तक बिक रहा है। संवाद
विज्ञापन
केंद्र प्रभारियों ने मंडी से नहीं उठाया सामान
जलालाबाद। गेहूं खरीद के लिए सरकारी क्रय केंद्रों को लेकर बृहस्पतिवार तक कोई तैयारी शुरू नहीं हो सकी, जबकि शनिवार से सरकारी खरीद शुरू हो रही है। यहां जलालाबाद और कलान को मिलाकर विभिन्न एजेंसियों के 22 क्रय केंद्र मंजूर हुए हैं। इनमें से दस केंद्र नगर स्थित मंडी समिति में ही शुरू होने हैं, लेकिन अभी तक कोई सेंटर इंचार्ज क्रय केंद्र में जरूरत का सामान लेने मंडी समिति नहीं पहुंचा। मंडी सचिव राजीव रंजन ने बताया कि मंडी कार्यालय में कांटा, छलना व पंखा समेत अन्य उपकरण जरूरत के अनुरूप उपलब्ध हैं। उनका कहना है कि अवकाश के कारण केंद्र प्रभारी सामान लेने नहीं पहुंचे।
सभी तहसीलों की मंडियों मेें क्रय केंद्रों पर प्रयोग होने वाला सामान पहुंचा दिया है। तमाम केंद्र प्रभारियों ने सामान्य प्राप्त कर निर्धारित स्थानों पर जरूरी व्यवस्थाएं करनी शुरू कर दी हैं। रोजा मंडी में सभी 22 केंद्रों के स्थान निर्धारित हो चुके हैं और वहां सभी व्यवस्थाएं शुक्रवार तक पूरी कर ली जाएंगी। इस बार पहले दिन से ही सरकारी खरीद कराने का प्रयास किया जाएगा क्योंकि अभी खुले बाजार में गेहूं का भाव शासन से निर्धारित समर्थन मूल्य 2125 रुपये प्रति क्विंटल से कम है। -अरुण कुमार त्रिपाठी, जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी