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अब नेता जी के लिए आउटर पर रोकी गई ट्रेन
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शाहजहांपुर। लखनऊ जा रहे प्रदेश के एक कद्दावर नेता के लिए अब आउटर पर ट्रेेन रोक दी गई। हालांकि रेल रिकार्ड की मानें तो ट्रेन आउटर पर रुकी ही नहीं। करीब डेढ़ घंटा देरी से पहुंची सुपरफास्ट को डबल एलओ सिग्नल पर रवाना किया गया था।
नेता जी को बृहस्पतिवार सुबह डाउन चंडीगढ़-लखनऊ सुपरफास्ट से लखनऊ जाना था। ट्रेन के शाहजहांपुर पहुंचने का समय सुबह छह बजे है। यह ट्रेन एक घंटा 32 मिनट देरी से यहां पहुंची थी। हालांकि, इससे पहले भी डाउन लखनऊ-चंडीगढ़ एक्सप्रेस 12 मिनट की देरी से सुबह 5:59 बजे यहां से रवाना हो चुकी थी। इसके बाद आई डाउन सुपरफास्ट को स्टेशन पर स्टॉपेज के बाद डबल एलओ सिग्नल के साथ रवाना किया गया। रोजा में बरेली-रोजा पैसेंजर और बालामऊ पैसेंजर की शंटिंग के चलते लाइन क्लीयर न होने की वजह से आउटर तक ट्रेन की स्पीड काफी कम थी। इस बीच चर्चाएं तैरने लगीं कि एक नेता जी के लिए ट्रेेन को आउटर पर रोका गया। इस बार नेता जी से पूछा गया तो फिर उन्होंने इंकार किया। इसलिए उनकी पहचान नहीं खोली गई। लेकिन सोशल मीडिया पर ये चर्चाएं चलती रहीं।
चंडीगढ़-लखनऊ सुपरफास्ट बृहस्पतिवार सुबह करीब डेढ़ घंटे की देरी से पहुंची थी। निर्धारित स्टॉपेज के बाद ट्रेन रवाना कर दी गई। आउटर पर एलओ (पीला सिग्नल) की स्पीड रही। जो भी यात्री आए वे प्लेटफार्म से ही सवार हुए। हालांकि, कई बार लाइन क्लीयर न होने की वजह से ट्रेनों को आउटर और होम सिग्रल पर रोकना होता है।
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मनोज कुमार, स्टेशन अधीक्षक
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नेता जी को बृहस्पतिवार सुबह डाउन चंडीगढ़-लखनऊ सुपरफास्ट से लखनऊ जाना था। ट्रेन के शाहजहांपुर पहुंचने का समय सुबह छह बजे है। यह ट्रेन एक घंटा 32 मिनट देरी से यहां पहुंची थी। हालांकि, इससे पहले भी डाउन लखनऊ-चंडीगढ़ एक्सप्रेस 12 मिनट की देरी से सुबह 5:59 बजे यहां से रवाना हो चुकी थी। इसके बाद आई डाउन सुपरफास्ट को स्टेशन पर स्टॉपेज के बाद डबल एलओ सिग्नल के साथ रवाना किया गया। रोजा में बरेली-रोजा पैसेंजर और बालामऊ पैसेंजर की शंटिंग के चलते लाइन क्लीयर न होने की वजह से आउटर तक ट्रेन की स्पीड काफी कम थी। इस बीच चर्चाएं तैरने लगीं कि एक नेता जी के लिए ट्रेेन को आउटर पर रोका गया। इस बार नेता जी से पूछा गया तो फिर उन्होंने इंकार किया। इसलिए उनकी पहचान नहीं खोली गई। लेकिन सोशल मीडिया पर ये चर्चाएं चलती रहीं।
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चंडीगढ़-लखनऊ सुपरफास्ट बृहस्पतिवार सुबह करीब डेढ़ घंटे की देरी से पहुंची थी। निर्धारित स्टॉपेज के बाद ट्रेन रवाना कर दी गई। आउटर पर एलओ (पीला सिग्नल) की स्पीड रही। जो भी यात्री आए वे प्लेटफार्म से ही सवार हुए। हालांकि, कई बार लाइन क्लीयर न होने की वजह से ट्रेनों को आउटर और होम सिग्रल पर रोकना होता है।
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