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प्रयोगशाला में लटकी 67 संदिग्ध दवाओं की जांच रिपोर्ट
Updated Thu, 09 Nov 2017 11:14 PM IST
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online medicine
- फोटो : FILE PHOTO
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शाहजहांपुर। औषधि प्रशासन विभाग ने लखनऊ स्थित प्रयोगशाला को रिमाइंडर भेजा है। इसमें जिले की 67 दवाओं की जांच रिपोर्ट का जिक्र किया गया है। यह उन दवाओं के सैंपल हैं जो संदेह के आधार पर जांच के लिए प्रयोगशाला भजे गए थे, लेकिन महीनों बीतने के बाद भी प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट अब तक नहीं आई है।
औषधि प्रशासन विभाग समय-समय पर दवाओं की गुणवत्ता की जांच के लिए छापेमारी करता है। इस दौरान संदिग्ध दिखने वाली दवाओं के नमूने लेकर जांच के लिए लखनऊ स्थित प्रयोगशाला भेजा जाता है। नियमानुसार दो महीने के भीतर जांच रिपोर्ट आ जाने चाहिए, लेकिन यहां कई नमूने ऐसे हैं जिनको चार से पांच महीने बीत गए हैं। अब तक इनकी जांच रिपोर्ट नहीं मिली है। ड्रग इंस्पेक्टर देश बंधु विमल ने बताया कि प्रयोगशाला को रिमाइंडर भेजकर जांच रिपोर्ट जल्द मुहैया कराने के लिए कहा गया है। जांच रिपोर्ट आन के बाद ही दवाओं की गुणवत्ता की स्थिति साफ हो सकेगी। अगर कोई नमूना फेल होता है तो रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
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औषधि प्रशासन विभाग समय-समय पर दवाओं की गुणवत्ता की जांच के लिए छापेमारी करता है। इस दौरान संदिग्ध दिखने वाली दवाओं के नमूने लेकर जांच के लिए लखनऊ स्थित प्रयोगशाला भेजा जाता है। नियमानुसार दो महीने के भीतर जांच रिपोर्ट आ जाने चाहिए, लेकिन यहां कई नमूने ऐसे हैं जिनको चार से पांच महीने बीत गए हैं। अब तक इनकी जांच रिपोर्ट नहीं मिली है। ड्रग इंस्पेक्टर देश बंधु विमल ने बताया कि प्रयोगशाला को रिमाइंडर भेजकर जांच रिपोर्ट जल्द मुहैया कराने के लिए कहा गया है। जांच रिपोर्ट आन के बाद ही दवाओं की गुणवत्ता की स्थिति साफ हो सकेगी। अगर कोई नमूना फेल होता है तो रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
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