{"_id":"5946713e4f1c1bf5688b4894","slug":"11497788734-shahjahanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"किसान हित की मांगों पर अड़े भाकियू कार्यकर्ता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
किसान हित की मांगों पर अड़े भाकियू कार्यकर्ता
Updated Sun, 18 Jun 2017 05:55 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शाहजहांपुर। कृषि ऋण की पूर्ण माफी समेत किसान हित की कई मांगों को लेकर भारतीय किसान यूनियन (भानु गुट) के कार्यकर्ताओं ने खिरनीबाग स्थित जीआईसी ग्राउंड पर रविवार को दूसरे दिन भी धरना दिया। धरना में शामिल कार्यकर्ताओं का उत्साह बढ़ाने के लिए पदाधिकारियों ने पंचायत करके यूनियन को अतीत में मिली उपलब्धियों का उल्लेख कर प्रांतीय नेतृत्व के आह्वान पर शुरू किया गया संघर्ष मांगें स्वीकृत होने तक जारी रखने का संकल्प दोेहराया।
पंचायत की अध्यक्षता करते हुुए यूनियन के जिलाध्यक्ष महेंद्र पाल सिंह यादव ने कहा कि कर्ज माफी का दायरा घटाकर एक लाख रुपये किए जाने के बावजूद अभी तक जिले में किसी भी किसान को एक पैसे की कर्ज रियायत नहीं मिलना सरकार की कथनी-करनी में अंतर को उजागर करता है। उन्होंने कहा कि कर्ज माफी का लाभ देने में बरती जा रही लापरवाही पर जिला स्तरीय अधिकारियों की जवाबदेही तय करने के लिए प्रांतीय नेतृत्व ने सभी जिलों में एक साथ आंदोलन की रणनीति बनाई है।
जिला महासचिव राशि राम वर्मा ने कहा कि प्रांतीय कार्यकारिणी के पदाधिकारी किसानों को उनके वाजिब हक दिलाने के लिए लगातार सरकार के संपर्क में हैं। उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण जीवन बिताने वाले किसानों को मजबूरी में आंदोलन की राह पकड़नी पड़ी है। धरना-प्रदर्शन में जिला उपाध्यक्ष महेंद्र सिंह यादव, संतकुमार मिश्रा, अमर सिंह यादव आदि शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
पंचायत की अध्यक्षता करते हुुए यूनियन के जिलाध्यक्ष महेंद्र पाल सिंह यादव ने कहा कि कर्ज माफी का दायरा घटाकर एक लाख रुपये किए जाने के बावजूद अभी तक जिले में किसी भी किसान को एक पैसे की कर्ज रियायत नहीं मिलना सरकार की कथनी-करनी में अंतर को उजागर करता है। उन्होंने कहा कि कर्ज माफी का लाभ देने में बरती जा रही लापरवाही पर जिला स्तरीय अधिकारियों की जवाबदेही तय करने के लिए प्रांतीय नेतृत्व ने सभी जिलों में एक साथ आंदोलन की रणनीति बनाई है।
विज्ञापन
जिला महासचिव राशि राम वर्मा ने कहा कि प्रांतीय कार्यकारिणी के पदाधिकारी किसानों को उनके वाजिब हक दिलाने के लिए लगातार सरकार के संपर्क में हैं। उन्होंने कहा कि शांतिपूर्ण जीवन बिताने वाले किसानों को मजबूरी में आंदोलन की राह पकड़नी पड़ी है। धरना-प्रदर्शन में जिला उपाध्यक्ष महेंद्र सिंह यादव, संतकुमार मिश्रा, अमर सिंह यादव आदि शामिल रहे।
विज्ञापन