{"_id":"6287cf7342bf044e8304291c","slug":"zila-panchyat-meeting-khalilabad-news-gkp437551993","type":"story","status":"publish","title_hn":"300 करोड़ से ग्रामीण क्षेत्रों में होगा विकास","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
300 करोड़ से ग्रामीण क्षेत्रों में होगा विकास
विज्ञापन
विकास भवन में आयोजित जिलापंचायत सदस्यों की बैठक को संबोधित करते जिला पंचायत अध्यक्ष।संवाद
- फोटो : KHALILABAD
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
300 करोड़ से ग्रामीण क्षेत्रों में होगा विकास
- जिला पंचायत की बैठक में पानी, बिजली और सड़क का छाया रहा मुद्दा
अमर उजाला ब्यूरो
संतकबीरनगर। जिला पंचायत अध्यक्ष बलिराम यादव की अध्यक्षता में शुक्रवार को विकास भवन के सभागार में जिला पंचायत की बैठक हुई। जिसमें पानी, बिजली और बदहाल सड़कों का मुद्दा छाया रहा। इस दौरान जिला योजना की 300 करोड़ की कार्य योजना और जिला पंचायत की पंचम वित्त आयोग और 15वें वित्त आयोग की 30 करोड़ की परियोजना अनुमोदित हुई।
बैठक में अपर मुख्य अधिकारी अशोक मद्धेशिया ने बताया कि वर्ष 2022-23 में ग्रामीण क्षेत्रों में करीब 300 करोड़ रुपये का काम कराया जाएगा। जबकि जिला पंचायत के पंचम वित्त आयोग और 15वें वित्त आयोग की 30 करोड़ की कार्ययोजना अनुमोदित हुई है।
बैठक में जिला पंचायत सदस्य एवं सपा जिलाध्यक्ष गौहर अली खां ने क्षेत्र की कई बदहाल सड़कों का मुद्दा उठाया। इसके साथ ही पिछली बैठक में उठाए गए मुद्दे पर आरईडी विभाग के जरिए कोई कार्य नहीं किए जाने से असंतोष व्यक्त किया। जिला पंचायत सदस्य रामसुरेश चौरसिया ने कहा कि विद्युत निगम से जुड़ी जो समस्याएं पिछली बैठक में उठाए थे, उन समस्याओं का निस्तारण नहीं किया गया। ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल का संकट है। ट्रायल में ही पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो जा रही है। यदि सरकारी विभागों के अधिकारी इसी तरह शिकायतों का निस्तारण करने की बजाए अनसुना करेंगे तो जिला पंचायत सदस्य आमजन के साथ कार्यालयों में ताला जड़कर आंदोलन करने को बाध्य होंगे। जिला पंचायत सदस्यों को मिलने वाले 1,500 रुपये भत्ते को नाकाफी बताया और उसे खुद लेने से इनकार कर दिया।
विज्ञापन
पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन रामजीत प्रसाद ने बताया कि जिले की 33 सड़कों के चौड़ीकरण के लिए प्रस्ताव भेजा गया है। ग्रामीण क्षेत्र की 151 सड़कों को ठीक कराए जाने का प्रस्ताव गया है। इस बार जिले की अधिक से अधिक बदहाल सड़कों को कार्ययोजना में शामिल किया गया है। बजट मिलने पर कार्य कराया जाएगा।
समस्याओं पर ध्यान दें अधिकारी
बैठक में सांसद प्रवीण निषाद ने कहा कि जिला पंचायत सदस्य जो भी समस्याएं उठा रहे हैं, उस पर संबंधित विभाग के अधिकारी ध्यान दें। समस्याओं का निस्तारण कराया जाए। उनहोंने कहा कि जो अधिकारी बैठक में उपस्थित नहीं हुए हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। वहीं, एमएलसी सुभाष यदुवंश ने कहा कि संबंधित विभागों के अधिकारी आगे की बैठकों में यह सुनिश्चित करके आएं कि पूर्व की बैठक में जो समस्याएं उठी थी, उसमें से किस-किस समस्या का समाधान हुआ और कौन सी समस्या का किस कारण से समाधान नहीं हो पाया। यह बताने की स्थिति में रहे। इस दौरान सांसद प्रतिनिधि आनंद तिवारी, मोहम्मद अहमद, अजय शर्मा आदि उपस्थित रहे।
बैठक में नहीं बोलेंगे प्रतिनिधि पर हंगामा
सीडीओ सुरेंद्र नाथ श्रीवास्तव ने बैठक में जैसे ही यह कहा कि सदस्य ही अपनी बात रखेंगे। प्रतिनिधि नहीं बोलेंगे। इस पर जिला पंचायत सदस्यों के प्रतिनिधियों ने हंगामा किया। हालांकि सांसद और एमएलसी ने लोगों को समझाकर मामला शांत करा दिया।
विज्ञापन
- जिला पंचायत की बैठक में पानी, बिजली और सड़क का छाया रहा मुद्दा
अमर उजाला ब्यूरो
संतकबीरनगर। जिला पंचायत अध्यक्ष बलिराम यादव की अध्यक्षता में शुक्रवार को विकास भवन के सभागार में जिला पंचायत की बैठक हुई। जिसमें पानी, बिजली और बदहाल सड़कों का मुद्दा छाया रहा। इस दौरान जिला योजना की 300 करोड़ की कार्य योजना और जिला पंचायत की पंचम वित्त आयोग और 15वें वित्त आयोग की 30 करोड़ की परियोजना अनुमोदित हुई।
बैठक में अपर मुख्य अधिकारी अशोक मद्धेशिया ने बताया कि वर्ष 2022-23 में ग्रामीण क्षेत्रों में करीब 300 करोड़ रुपये का काम कराया जाएगा। जबकि जिला पंचायत के पंचम वित्त आयोग और 15वें वित्त आयोग की 30 करोड़ की कार्ययोजना अनुमोदित हुई है।
विज्ञापन
बैठक में जिला पंचायत सदस्य एवं सपा जिलाध्यक्ष गौहर अली खां ने क्षेत्र की कई बदहाल सड़कों का मुद्दा उठाया। इसके साथ ही पिछली बैठक में उठाए गए मुद्दे पर आरईडी विभाग के जरिए कोई कार्य नहीं किए जाने से असंतोष व्यक्त किया। जिला पंचायत सदस्य रामसुरेश चौरसिया ने कहा कि विद्युत निगम से जुड़ी जो समस्याएं पिछली बैठक में उठाए थे, उन समस्याओं का निस्तारण नहीं किया गया। ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल का संकट है। ट्रायल में ही पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो जा रही है। यदि सरकारी विभागों के अधिकारी इसी तरह शिकायतों का निस्तारण करने की बजाए अनसुना करेंगे तो जिला पंचायत सदस्य आमजन के साथ कार्यालयों में ताला जड़कर आंदोलन करने को बाध्य होंगे। जिला पंचायत सदस्यों को मिलने वाले 1,500 रुपये भत्ते को नाकाफी बताया और उसे खुद लेने से इनकार कर दिया।
विज्ञापन
पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन रामजीत प्रसाद ने बताया कि जिले की 33 सड़कों के चौड़ीकरण के लिए प्रस्ताव भेजा गया है। ग्रामीण क्षेत्र की 151 सड़कों को ठीक कराए जाने का प्रस्ताव गया है। इस बार जिले की अधिक से अधिक बदहाल सड़कों को कार्ययोजना में शामिल किया गया है। बजट मिलने पर कार्य कराया जाएगा।
समस्याओं पर ध्यान दें अधिकारी
बैठक में सांसद प्रवीण निषाद ने कहा कि जिला पंचायत सदस्य जो भी समस्याएं उठा रहे हैं, उस पर संबंधित विभाग के अधिकारी ध्यान दें। समस्याओं का निस्तारण कराया जाए। उनहोंने कहा कि जो अधिकारी बैठक में उपस्थित नहीं हुए हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। वहीं, एमएलसी सुभाष यदुवंश ने कहा कि संबंधित विभागों के अधिकारी आगे की बैठकों में यह सुनिश्चित करके आएं कि पूर्व की बैठक में जो समस्याएं उठी थी, उसमें से किस-किस समस्या का समाधान हुआ और कौन सी समस्या का किस कारण से समाधान नहीं हो पाया। यह बताने की स्थिति में रहे। इस दौरान सांसद प्रतिनिधि आनंद तिवारी, मोहम्मद अहमद, अजय शर्मा आदि उपस्थित रहे।
बैठक में नहीं बोलेंगे प्रतिनिधि पर हंगामा
सीडीओ सुरेंद्र नाथ श्रीवास्तव ने बैठक में जैसे ही यह कहा कि सदस्य ही अपनी बात रखेंगे। प्रतिनिधि नहीं बोलेंगे। इस पर जिला पंचायत सदस्यों के प्रतिनिधियों ने हंगामा किया। हालांकि सांसद और एमएलसी ने लोगों को समझाकर मामला शांत करा दिया।