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Sant Kabir Nagar News: विद्यालय कर रहे मनमानी, नहीं ले रहे एडमिशन
Thu, 13 Jul 2023 12:26 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, संत कबीर नगर
Updated Thu, 13 Jul 2023 12:26 AM IST
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- प्राइवेट विद्यालयों में गरीब छात्रों का होना है एडमिशन
-डीएम की समिति से अनुमोदित छात्रों का नामाकंन प्राइवेट स्कूल नहीं ले रहे
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार के तहत प्राइवेट विद्यालयों में भी गरीब छात्रों का नामाकंन होना है। डीएम की समिति से अनुमोदित छात्रों का नामाकंन प्राइवेट स्कूल नहीं ले रहे हैं। जिसकी वजह से परेशानी बढ़ गई है। बीएसए ने शिकायत मिलने पर बीईओ खलीलाबाद को जांच सौपी है।
बीएसए अमित कुमार सिंह ने बताया कि अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार के तहत गरीब तबके के छात्रों का प्राइवेट विद्यालयों में नामाकंन होना है। इसके लिए बच्चे के आवेदन आए थे और उसका परीक्षण कर डीएम से सूची अनुमोदित हुई। अभिभावकों ने विद्यालयाें को चयन किया था। उसी चयन के अनुसार जब अभिभावक विद्यालय जा रहे हैं तो विद्यालय नामाकंन लेने से मना कर रहे हैं। इसके तहत अभिभावकों को कोई शुल्क नहीं देना है। सरकार से इन विद्यालयों के खाते में फीस भेजी जाती है।
खलीलाबाद ब्लाॅक के कुछ विद्यालय नामांकन लेने में आनाकानी कर रहे हैं। बीईओ खलीलाबाद को जांच सौपी गई है। उन्हे निर्देश दिया गया है कि बच्चों का विद्यालयों में नामांकन कराकर उसकी रिपोर्ट दें। जिससे डीएम को अवगत कराया जा सके।
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-डीएम की समिति से अनुमोदित छात्रों का नामाकंन प्राइवेट स्कूल नहीं ले रहे
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार के तहत प्राइवेट विद्यालयों में भी गरीब छात्रों का नामाकंन होना है। डीएम की समिति से अनुमोदित छात्रों का नामाकंन प्राइवेट स्कूल नहीं ले रहे हैं। जिसकी वजह से परेशानी बढ़ गई है। बीएसए ने शिकायत मिलने पर बीईओ खलीलाबाद को जांच सौपी है।
बीएसए अमित कुमार सिंह ने बताया कि अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार के तहत गरीब तबके के छात्रों का प्राइवेट विद्यालयों में नामाकंन होना है। इसके लिए बच्चे के आवेदन आए थे और उसका परीक्षण कर डीएम से सूची अनुमोदित हुई। अभिभावकों ने विद्यालयाें को चयन किया था। उसी चयन के अनुसार जब अभिभावक विद्यालय जा रहे हैं तो विद्यालय नामाकंन लेने से मना कर रहे हैं। इसके तहत अभिभावकों को कोई शुल्क नहीं देना है। सरकार से इन विद्यालयों के खाते में फीस भेजी जाती है।
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खलीलाबाद ब्लाॅक के कुछ विद्यालय नामांकन लेने में आनाकानी कर रहे हैं। बीईओ खलीलाबाद को जांच सौपी गई है। उन्हे निर्देश दिया गया है कि बच्चों का विद्यालयों में नामांकन कराकर उसकी रिपोर्ट दें। जिससे डीएम को अवगत कराया जा सके।
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