{"_id":"61df0917fa05a77bd97f070c","slug":"inprisonment-of-two-year-khalilabad-news-gkp423433554","type":"story","status":"publish","title_hn":"गैंगस्टर एक्ट के दोषी को दो साल की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गैंगस्टर एक्ट के दोषी को दो साल की सजा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गैंगस्टर एक्ट के दोषी को दो साल की सजा
- पांच हजार रुपये अर्थदंड से भी किया दंडित
अमर उजाला ब्यूरो
संतकबीरनगर। विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट काशिफ शेख ने गैंगस्टर एक्ट के दोषी को दो वर्ष के कारावास और पांच हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया।
विशेष लोक अभियोजक विशाल श्रीवास्तव ने बताया कि बखिरा क्षेत्र के दुर्गजोत निवासी अवधू के विरुद्ध वर्ष 2019 में तत्कालीन थाना प्रभारी अखिलानंद उपाध्याय ने गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई किया था। मामले में विवेचना के उपरांत गैंगस्टर के मुकदमे में आरोप पत्र विवेचक द्वारा न्यायालय में दाखिल किया गया। विशेष लोक अभियोजक विशाल श्रीवास्तव ने बताया कि अभियोजन द्वारा अखिलानंद उपाध्याय की गवाही कराया गया व साक्ष्य साबित कराया गया। न्यायाधीश काशिफ शेख ने दोष सिद्ध होने पर अवधू को दो वर्ष के कठोर कारावास व पांच हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड न अदा करने पर दो माह की अतिरिक्त सजा भुगतने का आदेश दिया।
विज्ञापन
- पांच हजार रुपये अर्थदंड से भी किया दंडित
अमर उजाला ब्यूरो
संतकबीरनगर। विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट काशिफ शेख ने गैंगस्टर एक्ट के दोषी को दो वर्ष के कारावास और पांच हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया।
विशेष लोक अभियोजक विशाल श्रीवास्तव ने बताया कि बखिरा क्षेत्र के दुर्गजोत निवासी अवधू के विरुद्ध वर्ष 2019 में तत्कालीन थाना प्रभारी अखिलानंद उपाध्याय ने गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई किया था। मामले में विवेचना के उपरांत गैंगस्टर के मुकदमे में आरोप पत्र विवेचक द्वारा न्यायालय में दाखिल किया गया। विशेष लोक अभियोजक विशाल श्रीवास्तव ने बताया कि अभियोजन द्वारा अखिलानंद उपाध्याय की गवाही कराया गया व साक्ष्य साबित कराया गया। न्यायाधीश काशिफ शेख ने दोष सिद्ध होने पर अवधू को दो वर्ष के कठोर कारावास व पांच हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड न अदा करने पर दो माह की अतिरिक्त सजा भुगतने का आदेश दिया।