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बिना भोजन स्कूल से वापस जा रहे बच्चे
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 03 Aug 2018 11:38 PM IST
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उच्च प्राथमिक विद्यालय दुधारा
- फोटो : अमर उजाला
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लोहरौली। सेमरियावां ब्लॉक के उच्च प्राथमिक विद्यालय दुधारा में रसोइयों के कार्य बहिष्कार से तीसरे दिन भी एमडीएम नहीं बना। भूखे पेट बच्चे स्कूल से वापस गए। अमर उजाला में खबर प्रकाशित होने के बाद शुक्रवार को एबीआरसी ने विद्यालय का निरीक्षण किया।
उच्च प्राथमिक विद्यालय दुधारा में शुक्रवार को नामांकित 116 बच्चों के सापेक्ष मात्र 39 बच्चे उपस्थित रहे। बीईओ बिंदेश्वरी प्रसाद मिश्र ने अमर उजाला मे खबर प्रकाशित होने के बाद एबीआरसी फूलचंद को विद्यालय की जांच करने को भेजा।
एबीआरसी ने स्कूल में एमडीएम न बनने की जांच की। एबीआरसी फूलचंद ने बताया कि हेड मास्टर व शिक्षिकाओं से पूछताछ से पता चलाकि एक हफ्ते पहले बीईओ ने स्कूल के निरीक्षण किया था।
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निरीक्षण के दौरान बीईओ ने रसोइयों को समय से व साफ सफाई के साथ भोजन बनाने की बात कहकर रसोईयों को डांटा फटकारा था। जिसके बाद रसोइयों ने पहली अगस्त से खाना न बनाने की चेतावनी दी थी।
पहली अगस्त से रसोइया स्कूल में नही आ रही हैं। इससे खाना नहीं बन रहा है। एबीआरसी ने बताया कि रसोइया अपने कार्य पर नहीं लौटीं तो हेडमास्टर को दूसरे रसोइयों के चयन के लिए कहा गया है।
हेडमास्टर ऊषा श्रीवास्तव ने बताया कि रसोइयां स्कूल में शुक्रवार को तीसरे दिन भी नहीं आई। जबकि रसोइयों का मानदेय दिया जा चुका है। उनके न आने से बच्चों का एमडीएम नही बन पाया है।
स्कूल में तीन दिन से एमडीएम नहीं बनना गंभीर प्रकरण है। मामले को बीएसए के संज्ञान में लाया जाएगा। स्कूल की जांच की जाएगी। रसोइयों के कार्य बहिष्कार का कारण पता किया जाएगा। तत्पश्चात आगे की कार्रवाई की जाएगी।
धीरेंद्र प्रताप चंद, डीसी एमडीएम
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उच्च प्राथमिक विद्यालय दुधारा में शुक्रवार को नामांकित 116 बच्चों के सापेक्ष मात्र 39 बच्चे उपस्थित रहे। बीईओ बिंदेश्वरी प्रसाद मिश्र ने अमर उजाला मे खबर प्रकाशित होने के बाद एबीआरसी फूलचंद को विद्यालय की जांच करने को भेजा।
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एबीआरसी ने स्कूल में एमडीएम न बनने की जांच की। एबीआरसी फूलचंद ने बताया कि हेड मास्टर व शिक्षिकाओं से पूछताछ से पता चलाकि एक हफ्ते पहले बीईओ ने स्कूल के निरीक्षण किया था।
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निरीक्षण के दौरान बीईओ ने रसोइयों को समय से व साफ सफाई के साथ भोजन बनाने की बात कहकर रसोईयों को डांटा फटकारा था। जिसके बाद रसोइयों ने पहली अगस्त से खाना न बनाने की चेतावनी दी थी।
पहली अगस्त से रसोइया स्कूल में नही आ रही हैं। इससे खाना नहीं बन रहा है। एबीआरसी ने बताया कि रसोइया अपने कार्य पर नहीं लौटीं तो हेडमास्टर को दूसरे रसोइयों के चयन के लिए कहा गया है।
हेडमास्टर ऊषा श्रीवास्तव ने बताया कि रसोइयां स्कूल में शुक्रवार को तीसरे दिन भी नहीं आई। जबकि रसोइयों का मानदेय दिया जा चुका है। उनके न आने से बच्चों का एमडीएम नही बन पाया है।
स्कूल में तीन दिन से एमडीएम नहीं बनना गंभीर प्रकरण है। मामले को बीएसए के संज्ञान में लाया जाएगा। स्कूल की जांच की जाएगी। रसोइयों के कार्य बहिष्कार का कारण पता किया जाएगा। तत्पश्चात आगे की कार्रवाई की जाएगी।
धीरेंद्र प्रताप चंद, डीसी एमडीएम