{"_id":"6a3996abfae240da570c9aa5","slug":"water-shortage-and-muddy-streets-in-a-population-of-eight-thousand-sambhal-news-c-204-1-chn1001-130345-2026-06-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sambhal News: आठ हजार आबादी में पानी की किल्लत और कीचड़ भरी गलियां","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sambhal News: आठ हजार आबादी में पानी की किल्लत और कीचड़ भरी गलियां
Tue, 23 Jun 2026 01:40 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
संवाद न्यूज एजेंसी, संभल
Updated Tue, 23 Jun 2026 01:40 AM IST
विज्ञापन
धनारी। ग्राम भकरौली में जल जीवन मिशन के तहत कराए गए कार्य अधूरे पड़े होने से ग्रामीणों को न स्वच्छ पानी मिल सका और न ही बेहतर सड़कें मिली हैं। आठ हजार की आबादी वाले गांव में पाइपलाइन बिछाने के लिए सड़कें तो खोद दी गईं, लेकिन आज तक घरों तक पानी नहीं पहुंच सका। ओवरहेड टैंक का निर्माण अधूरा छोड़ दिए जाने से योजना का लाभ ग्रामीणों को नहीं मिल रहा है। वहीं, जगह-जगह टूटी और कीचड़ से भरी सड़कें लोगों की मुश्किलें बढ़ा रही है।
भकरौली गांव में जल जीवन मिशन के तहत करीब तीन वर्ष पहले पाइपलाइन बिछाने का कार्य कराया गया था। इसके लिए गांव की कई सड़कों को खोद दिया गया, लेकिन कार्य पूरा होने के बाद उन्हें दुरुस्त नहीं कराया गया। ग्रामीणों ने अपने घरों के सामने की सड़कें स्वयं ठीक करा ली, जबकि कई स्थानों पर आज भी सड़कें उखड़ी पड़ी है और उनमें कीचड़ भरा रहता है। बरसात के दिनों में लोगों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
ग्रामीणों का कहना है कि योजना के तहत पानी की आपूर्ति के लिए पाइपलाइन तो बिछा दी गई, लेकिन ओवरहेड टैंक का निर्माण अधूरा छोड़ दिया गया। टैंक के लिए केवल पिलर खड़े किए गए, जबकि उसके ऊपर टैंक का निर्माण नहीं कराया गया। इससे गांव में आज तक पेयजल आपूर्ति शुरू नहीं हो सकी और योजना का लाभ लोगों को नहीं मिल पाया।
विज्ञापन
ग्रामीणों ने बताया कि कार्यदायी संस्था के कर्मचारी करीब तीन वर्ष पहले ही गांव से चले गए थे। इसके बाद न तो निर्माण कार्य दोबारा शुरू कराया गया और न ही जल जीवन मिशन या फिर जल निगम का कोई अधिकारी स्थिति का जायजा लेने पहुंचा।
......................................
बोले ग्रामीण...
गांव में जल जीवन मिशन के तहत पाइपलाइन तो बिछा दी गई, लेकिन पानी की आपूर्ति के लिए टैंक का निर्माण नहीं कराया गया। ग्रामीणों को योजना का लाभ नहीं मिल सका और घरों तक पानी नहीं पहुंच पाया।
-प्रवेंद्र कुमार वार्ष्णेय
.....................
पाइपलाइन डालने के लिए गांव की सड़कें खोदी गई थी, लेकिन बाद में उन्हें ठीक नहीं कराया गया। ग्रामीणों ने आपस में सहयोग कर कई जगह सड़कें दुरुस्त कराई, फिर भी कुछ स्थानों पर समस्या बनी हुई है।
-वीरपाल सिंह
..............................
जल निगम ने सड़कें खोदकर पाइपलाइन बिछा दी, लेकिन मरम्मत का कार्य पूरा नहीं किया गया। वहीं, पानी की आपूर्ति के लिए बनने वाला ओवरहेड टैंक भी अधूरा पड़ा है, जिससे योजना शुरू नहीं हो सकी।
-योगेंद्र कुमार यादव
..................................
जल जीवन मिशन के कार्य के दौरान गलियों की सड़कें खोद दी गई, लेकिन उन्हें दोबारा सही नहीं कराया गया। नालियों का पानी गलियों में भरने से कीचड़ की समस्या बनी रहती है।
-हरपाल सिंह
.................
वर्जन
जल निगम द्वारा सड़के खोद कर पाइप लाइन डाल दी गई। लेकिन ग्रामीणों के घरों में कनेक्शन नहीं किए गए हैं। ओवरहैड टैंक का निर्माण भी नहीं किया गया और न ही बोरिंग हो पाया है।
-योगेन्द्र यादव, प्रधान गायत्री देवी के प्रतिनिधि
विज्ञापन
भकरौली गांव में जल जीवन मिशन के तहत करीब तीन वर्ष पहले पाइपलाइन बिछाने का कार्य कराया गया था। इसके लिए गांव की कई सड़कों को खोद दिया गया, लेकिन कार्य पूरा होने के बाद उन्हें दुरुस्त नहीं कराया गया। ग्रामीणों ने अपने घरों के सामने की सड़कें स्वयं ठीक करा ली, जबकि कई स्थानों पर आज भी सड़कें उखड़ी पड़ी है और उनमें कीचड़ भरा रहता है। बरसात के दिनों में लोगों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
विज्ञापन
ग्रामीणों का कहना है कि योजना के तहत पानी की आपूर्ति के लिए पाइपलाइन तो बिछा दी गई, लेकिन ओवरहेड टैंक का निर्माण अधूरा छोड़ दिया गया। टैंक के लिए केवल पिलर खड़े किए गए, जबकि उसके ऊपर टैंक का निर्माण नहीं कराया गया। इससे गांव में आज तक पेयजल आपूर्ति शुरू नहीं हो सकी और योजना का लाभ लोगों को नहीं मिल पाया।
विज्ञापन
ग्रामीणों ने बताया कि कार्यदायी संस्था के कर्मचारी करीब तीन वर्ष पहले ही गांव से चले गए थे। इसके बाद न तो निर्माण कार्य दोबारा शुरू कराया गया और न ही जल जीवन मिशन या फिर जल निगम का कोई अधिकारी स्थिति का जायजा लेने पहुंचा।
......................................
बोले ग्रामीण...
गांव में जल जीवन मिशन के तहत पाइपलाइन तो बिछा दी गई, लेकिन पानी की आपूर्ति के लिए टैंक का निर्माण नहीं कराया गया। ग्रामीणों को योजना का लाभ नहीं मिल सका और घरों तक पानी नहीं पहुंच पाया।
-प्रवेंद्र कुमार वार्ष्णेय
.....................
पाइपलाइन डालने के लिए गांव की सड़कें खोदी गई थी, लेकिन बाद में उन्हें ठीक नहीं कराया गया। ग्रामीणों ने आपस में सहयोग कर कई जगह सड़कें दुरुस्त कराई, फिर भी कुछ स्थानों पर समस्या बनी हुई है।
-वीरपाल सिंह
..............................
जल निगम ने सड़कें खोदकर पाइपलाइन बिछा दी, लेकिन मरम्मत का कार्य पूरा नहीं किया गया। वहीं, पानी की आपूर्ति के लिए बनने वाला ओवरहेड टैंक भी अधूरा पड़ा है, जिससे योजना शुरू नहीं हो सकी।
-योगेंद्र कुमार यादव
..................................
जल जीवन मिशन के कार्य के दौरान गलियों की सड़कें खोद दी गई, लेकिन उन्हें दोबारा सही नहीं कराया गया। नालियों का पानी गलियों में भरने से कीचड़ की समस्या बनी रहती है।
-हरपाल सिंह
.................
वर्जन
जल निगम द्वारा सड़के खोद कर पाइप लाइन डाल दी गई। लेकिन ग्रामीणों के घरों में कनेक्शन नहीं किए गए हैं। ओवरहैड टैंक का निर्माण भी नहीं किया गया और न ही बोरिंग हो पाया है।
-योगेन्द्र यादव, प्रधान गायत्री देवी के प्रतिनिधि