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बाजार खुलते ही उमड़ी भीड़, घंटों जाम में फंसे रहे लोग
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कैसी सामाजिक दूरी-संभल के बाजार में उमड़ी इस भीड़ ने ऐसे तोड़ी सामाजिक दूरी।
- फोटो : SAMBHAL
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चंदौसी। प्रशासन की अनुमति के बाद सोमवार को एक साथ पूरा बाजार खुल गया। बाजार खुलते ही जाम लगना शुरू हो गया। दिन भर लोग जाम में जूझते नजर आए। दुकानों पर भीड़ की शक्ल में लोगों ने खरीददारी की। कहीं भी सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं किया गया। दुकानों पर सैनिटाइजर रखे रहे, पर ग्राहकों को नहीं दिया गया। पूरे दिन पुलिस बाजारों में नजर नहीं आई।
व्यापारियों की मांग के बाद प्रशासन ने सोमवार से पूरा बाजार खोलने की इजाजत दी थी। सोमवार को जब पूरा बाजार खुला तो पूरा शहर जाम में फंसने को मजबूर हो गया। सुबह दस बजे प्रमुख बाजार बड़ा बाजार, मुरादाबाद गेट, घंटाघर, फड़याई बाजार, संभल गेट, ब्रह्म बाजार, घास मंडी, बिसौली गेट में दुकानें खुलीं तो शहर सहित आसपास क्षेत्रों से लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। जिससे पूरा शहर जाम की गिरफ्त में आ गया। जिससे संभल गेट, बड़ा बाजार, घंटाघर, फड़याई बाजार, मुरादाबाद गेट में सुबह 11 बजे से दोपहर तीन बजे तक जाम लगा रहा। जाम में फंसे वाहन रेंग-रेंग चल रहे थे और जाम में फंसे लोगों का गर्मी से पसीना छूट रहा था। जाम से निकलने का प्रयास कर रहे लोगों के सभी प्रयास बेकार साबित हुए और जाम में जूझते रहे।
दुकानों में लगी भीड, सोशल डिस्टेंसिंग खत्म
चंदौसी। सोमवार को बाजार में ऐसी कोई दुकान नहीं बची थी, जहां महिला एवं पुरुषों ने भीड़ की शक्ल में खरीददारी न की हो। हर दुकानों पर भीड़ लगी दिखाई दी। नागरिकों ने कपड़े, रेडीमेड, किराना, मोबाइल, मिठाई, कंफेक्शनरी, पंसारी, पान मसाला, बर्तन, ज्वैलर्स आदि सहित अनेक दुकानों यही हाल देखा गया। दोपहर तीन बजे के बाद बाजारों से भीड़ कुछ कम होना शुरू हुई। इसके बाद शाम चार बजे बाजारों में सामान्य स्थिति नजर आए और नागरिकों को जाम से मुक्ति मिली।
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दुकानों को दिखाने को रखे रहे सैनिटाइजर
चंदौसी। सोमवार को बाजार खुलने के बाद अधिक भीड़ के चलते कहीं भी सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं किया गया। नागरिक दुकानों एवं बाजारों में पास-पास खड़े नजर आए। अधिकांश दुकानों पर भी सैनिटाइजर रखा रह गया, पर ग्राहकों को दिया नहीं गया। जबकि प्रशासन ने दुकानदारों को पहले ही चेतावनी दे दी थी। मगर ग्राहकों की संख्या को देखते हुए दुकानदार सारी गाइडलाइन भूल गए।
बाजार में नहीं दिखाई दी पुलिस
चंदौसी। सोमवार को बाजार जाम एवं भीड़ के बाद भी कोई पुलिस कर्मी दिखाई नहीं दिया। शहर के प्रमुख बाजारों में सुबह 11 बजे से दो बजे तक जाम लगा रहा। लोग जाम में फंसने को मजबूर रहे। मगर कोई पुलिस कर्मी जाम खुलने एवं गाइडलाइन का पालन कराने के लिए दिखाई नहीं दिया। जिससे नागरिक अपनी मनमानी करते नजर आए।
जाम लगने का प्रमुख कारण रहा ई-रिक्शा
चंदौसी। सोमवार को पूरा बाजार खुलने के बाद, काफी दिनों से घरों में पड़े चालक अपने-अपने ई-रिक्शा लेकर बाजारों में पहुंच गए। शहर की सड़कों पर ई-रिक्शा ही नजर आने लगे। जो जाम का प्रमुख कारण बने। सवारियां ढूंढने व बाजारों में ई-रिक्शा खड़ा करने से शहर सोमवार को जाम की गिरफ्त में आ गया। जाम में फंसे वाहनों में ई-रिक्शा की संख्या ज्यादा रही।
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व्यापारियों की मांग के बाद प्रशासन ने सोमवार से पूरा बाजार खोलने की इजाजत दी थी। सोमवार को जब पूरा बाजार खुला तो पूरा शहर जाम में फंसने को मजबूर हो गया। सुबह दस बजे प्रमुख बाजार बड़ा बाजार, मुरादाबाद गेट, घंटाघर, फड़याई बाजार, संभल गेट, ब्रह्म बाजार, घास मंडी, बिसौली गेट में दुकानें खुलीं तो शहर सहित आसपास क्षेत्रों से लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। जिससे पूरा शहर जाम की गिरफ्त में आ गया। जिससे संभल गेट, बड़ा बाजार, घंटाघर, फड़याई बाजार, मुरादाबाद गेट में सुबह 11 बजे से दोपहर तीन बजे तक जाम लगा रहा। जाम में फंसे वाहन रेंग-रेंग चल रहे थे और जाम में फंसे लोगों का गर्मी से पसीना छूट रहा था। जाम से निकलने का प्रयास कर रहे लोगों के सभी प्रयास बेकार साबित हुए और जाम में जूझते रहे।
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दुकानों में लगी भीड, सोशल डिस्टेंसिंग खत्म
चंदौसी। सोमवार को बाजार में ऐसी कोई दुकान नहीं बची थी, जहां महिला एवं पुरुषों ने भीड़ की शक्ल में खरीददारी न की हो। हर दुकानों पर भीड़ लगी दिखाई दी। नागरिकों ने कपड़े, रेडीमेड, किराना, मोबाइल, मिठाई, कंफेक्शनरी, पंसारी, पान मसाला, बर्तन, ज्वैलर्स आदि सहित अनेक दुकानों यही हाल देखा गया। दोपहर तीन बजे के बाद बाजारों से भीड़ कुछ कम होना शुरू हुई। इसके बाद शाम चार बजे बाजारों में सामान्य स्थिति नजर आए और नागरिकों को जाम से मुक्ति मिली।
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दुकानों को दिखाने को रखे रहे सैनिटाइजर
चंदौसी। सोमवार को बाजार खुलने के बाद अधिक भीड़ के चलते कहीं भी सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं किया गया। नागरिक दुकानों एवं बाजारों में पास-पास खड़े नजर आए। अधिकांश दुकानों पर भी सैनिटाइजर रखा रह गया, पर ग्राहकों को दिया नहीं गया। जबकि प्रशासन ने दुकानदारों को पहले ही चेतावनी दे दी थी। मगर ग्राहकों की संख्या को देखते हुए दुकानदार सारी गाइडलाइन भूल गए।
बाजार में नहीं दिखाई दी पुलिस
चंदौसी। सोमवार को बाजार जाम एवं भीड़ के बाद भी कोई पुलिस कर्मी दिखाई नहीं दिया। शहर के प्रमुख बाजारों में सुबह 11 बजे से दो बजे तक जाम लगा रहा। लोग जाम में फंसने को मजबूर रहे। मगर कोई पुलिस कर्मी जाम खुलने एवं गाइडलाइन का पालन कराने के लिए दिखाई नहीं दिया। जिससे नागरिक अपनी मनमानी करते नजर आए।
जाम लगने का प्रमुख कारण रहा ई-रिक्शा
चंदौसी। सोमवार को पूरा बाजार खुलने के बाद, काफी दिनों से घरों में पड़े चालक अपने-अपने ई-रिक्शा लेकर बाजारों में पहुंच गए। शहर की सड़कों पर ई-रिक्शा ही नजर आने लगे। जो जाम का प्रमुख कारण बने। सवारियां ढूंढने व बाजारों में ई-रिक्शा खड़ा करने से शहर सोमवार को जाम की गिरफ्त में आ गया। जाम में फंसे वाहनों में ई-रिक्शा की संख्या ज्यादा रही।