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... जब अजित सिंह ने खेतों पर जाकर किसानों से जाना हाल
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सहारनपुर। रालोद के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी अजित सिंह के निधन पर जिले के राजनीतिक हलके में शोक है। उनका जनपद के साथ पुराना नाता रहा है।
राष्ट्रीय लोकदल के प्रदेश महासचिव चौधरी धीर सिंह बताते हैं कि जिले से उनको काफी लगाव था। एक बार जब जिले में सूखे के हालत हो गए थे। तब केंद्र में कृषि मंत्री रहते हुए उन्होंने जनपद के कई गांवों का भ्रमण कर किसानों से उनके खेतों पर जाकर मुलाकात की थी और सूखे से निबटने के उपायों पर चर्चा की थी। उन्होंने ही ट्रैक्टर पर लिए जाने वाले ऋण पर ब्याज की दर को कार के बराबर कराया था।
अजित सिंह का जाना कष्टकारी
एक जमाने मेें अजित सिंह के साथी रहे पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वर्गीय काजी रशीद मसूद कई बार सहारनपुर लोकसभा सीट से सांसद रहे। साथ ही जनपद में उनकी पार्टी के कई विधायक भी रहे। पूर्व केंद्रीय मंत्री रशीद मसूद के पुत्र शाजान मसूद बताते हैं कि चौधरी साहब से पारिवारिक ताल्लुक रहा। दिल्ली में अशोका रोड पर अक्सर चौधरी अजित सिंह और उनके वालिद की मुलाकात होती थी। घर पर आना जाना था। साथ खाना और राजनीति चर्चा होते देखीं। चौधरी अजित सिंह का जाना बहुत कष्टकारी है। क्योंकि इन्होंने हमेशा ही किसानों के हित और हकों के लिए लड़ाई लड़ी।
देर रात तक उठाया रागनियों का लुत्फ
हरित प्रदेश की मांग को लेकर यात्रा पर निकले चौधरी अजित सिंह ने फतेेहपुर में डाक बंगले पर रात्रि विश्राम किया। उनके रात्रि भोजन का इंतजाम चौधरी चरण सिंह के पुराने अनुयायी शेरपुर खानाजादपुर निवासी सरपंच सतपाल कांबोज के यहां किया। जहां पर रात में रागनियों का कार्यक्रम रखा गया। चौधरी धीर सिंह बताते हैं कि रात करीब एक बजे तक उन्होंने रागनियों का लुत्फ उठाया। उन्होंने कहा कि अपने लोगों के बीच बैठकर रागनी सुनने का मौका रोज रोज नहीं आता।
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फोटो खिंचा लो राव, बाद में याद करोगे
चौधरी अजित सिंह के निधन से आहत रालोद जिलाध्यक्ष राव कैसर सलीम के जेहन में कई संस्मरण हैं। कहते हैं कि करीब तीन महीने पहले वे राष्ट्रीय अध्यक्ष से मिलने के लिए दिल्ली गए थे। तब वहां कई लोग चौधरी साहब के साथ फोटो खिंचा रहे थे। राव कैसर को फोटो नहीं खिंचाते देख चौधरी अजित सिंह ने कहा कि राव, आओ फोटो खिंचा लो, बाद में याद करोगे। यह कहते हुए राव कैसर फफक पडे़, रूंधे गले से बोले देश के किसानों का मसीहा चला गया।
वेस्ट यूपी के हिमायती
सपा व्यापार सभा के प्रदेश अध्यक्ष और नगर विधायक संजय गर्ग याद करते हैं कि चौधरी अजित सिंह पश्चिमी उत्तर प्रदेश को अलग करने के हिमायती थे। इसके लिए उन्होंने जनमंच सभागार में एक सम्मेलन का आयोजन किया था। जिसमें चौधरी अजीत सिंह मुख्य अतिथि थे।
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राष्ट्रीय लोकदल के प्रदेश महासचिव चौधरी धीर सिंह बताते हैं कि जिले से उनको काफी लगाव था। एक बार जब जिले में सूखे के हालत हो गए थे। तब केंद्र में कृषि मंत्री रहते हुए उन्होंने जनपद के कई गांवों का भ्रमण कर किसानों से उनके खेतों पर जाकर मुलाकात की थी और सूखे से निबटने के उपायों पर चर्चा की थी। उन्होंने ही ट्रैक्टर पर लिए जाने वाले ऋण पर ब्याज की दर को कार के बराबर कराया था।
अजित सिंह का जाना कष्टकारी
एक जमाने मेें अजित सिंह के साथी रहे पूर्व केंद्रीय मंत्री स्वर्गीय काजी रशीद मसूद कई बार सहारनपुर लोकसभा सीट से सांसद रहे। साथ ही जनपद में उनकी पार्टी के कई विधायक भी रहे। पूर्व केंद्रीय मंत्री रशीद मसूद के पुत्र शाजान मसूद बताते हैं कि चौधरी साहब से पारिवारिक ताल्लुक रहा। दिल्ली में अशोका रोड पर अक्सर चौधरी अजित सिंह और उनके वालिद की मुलाकात होती थी। घर पर आना जाना था। साथ खाना और राजनीति चर्चा होते देखीं। चौधरी अजित सिंह का जाना बहुत कष्टकारी है। क्योंकि इन्होंने हमेशा ही किसानों के हित और हकों के लिए लड़ाई लड़ी।
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देर रात तक उठाया रागनियों का लुत्फ
हरित प्रदेश की मांग को लेकर यात्रा पर निकले चौधरी अजित सिंह ने फतेेहपुर में डाक बंगले पर रात्रि विश्राम किया। उनके रात्रि भोजन का इंतजाम चौधरी चरण सिंह के पुराने अनुयायी शेरपुर खानाजादपुर निवासी सरपंच सतपाल कांबोज के यहां किया। जहां पर रात में रागनियों का कार्यक्रम रखा गया। चौधरी धीर सिंह बताते हैं कि रात करीब एक बजे तक उन्होंने रागनियों का लुत्फ उठाया। उन्होंने कहा कि अपने लोगों के बीच बैठकर रागनी सुनने का मौका रोज रोज नहीं आता।
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फोटो खिंचा लो राव, बाद में याद करोगे
चौधरी अजित सिंह के निधन से आहत रालोद जिलाध्यक्ष राव कैसर सलीम के जेहन में कई संस्मरण हैं। कहते हैं कि करीब तीन महीने पहले वे राष्ट्रीय अध्यक्ष से मिलने के लिए दिल्ली गए थे। तब वहां कई लोग चौधरी साहब के साथ फोटो खिंचा रहे थे। राव कैसर को फोटो नहीं खिंचाते देख चौधरी अजित सिंह ने कहा कि राव, आओ फोटो खिंचा लो, बाद में याद करोगे। यह कहते हुए राव कैसर फफक पडे़, रूंधे गले से बोले देश के किसानों का मसीहा चला गया।
वेस्ट यूपी के हिमायती
सपा व्यापार सभा के प्रदेश अध्यक्ष और नगर विधायक संजय गर्ग याद करते हैं कि चौधरी अजित सिंह पश्चिमी उत्तर प्रदेश को अलग करने के हिमायती थे। इसके लिए उन्होंने जनमंच सभागार में एक सम्मेलन का आयोजन किया था। जिसमें चौधरी अजीत सिंह मुख्य अतिथि थे।