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वांछितों ने किए मंत्री-अफसरों संग योग

Thu, 22 Jun 2017 12:55 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Updated Thu, 22 Jun 2017 12:55 AM IST
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wanchiton ne kiye mantri  afsaron ke sang yog
वांछितों ने किए मंत्री-अफसरों संग योग - फोटो : अमर उजाला
सहारनपुर। कोर्ट से गैर जमानती वारंटियों को पुलिस ने सिर्फ खुली छूट ही नहीं दी, बल्कि उनके साथ प्रभारी मंत्री, पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने स्टेडियम में योग भी किया। यहां तक कि आरोपी प्रभारी मंत्री और डीएम के साथ-साथ विकास भवन में जिला योजना की बैठक में भी मौजूद रहे।            
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जिले में बवाल की घटनाओं की शुरुआत सड़क दूधली से हुई। जहां बाबा साहब डाक्टर भीम राव अंबेडकर की जयंती पर शोभायात्रा निकालने को लेकर 20 अप्रैल को पथराव, तोड़फोड़, आगजनी, मारपीट जैसी घटनाएं हुईं। इन घटनाओं में अन्य लोगों के साथ सांसद राघव लखनपाल शर्मा, उनके भाई राहुल लखनपाल शर्मा, जिलाध्यक्ष बिजेंद्र कश्यप, नगर अध्यक्ष अमित गगनेजा, कंवलजीत सिंह एवं कुछ भाजपा विधायकों के खिलाफ एफआईआर कराई गई थी। इस मामले में राहुल लखनपाल, कंवलजीत समेत सात लोगों के खिलाफ कोर्ट ने गैर जमानती वारंट जारी कर दिए थे।
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पुलिस अधिकारी गैर जमानती वारंट जारी होने के बाद आरोपियों के भूमिगत हो जाने का दावा कर तलाश करने की बात कहते रहे, लेकिन पुलिस अधिकारियों के दावे एवं उनको संरक्षण दिए जाने की पोल उस समय खुल गई जब गैर जमानती वारंटी न सिर्फ पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के सामने मौजूद रहे, बल्कि प्रभारी मंत्री सूर्य प्रताप शाही, डीएम पीके पांडेय, एसएसपी बबलू कुमार समेत अनेकों अधिकारियों के साथ योग किया। उनसे हाथ मिलाया। गिरफ्तार करने की बात तो दूर पुलिस अधिकारी उनसे कुशलक्षेम पूछते रहे।
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गैर जमानती वारंट जारी होने वालों में राहुल लखनपाल, कंवलजीत सिंह ने न सिर्फ अधिकारियों के साथ योग किया, बल्कि मंत्री एवं अधिकारियों के साथ-साथ शाम तक रहे। जिला योजना की बैठक में सड़क दूधली बवाल के आरोपी राहुल लखनपाल, बिजेंद्र कश्यप, कंवलजीत सिंह विकास भवन में प्रभारी मंत्री सूर्य प्रताप शाही, जिलाधिकारी पीके पांडेय एवं अन्य अधिकारियों के साथ पहुंचे और जिला योजना की पूरी बैठक में मौजूद रहे।    पुलिस कार्रवाई करने की बजाय उनको संरक्षण दे रही है। जिस कारण पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की कार्यशैली पर उंगली उठने लगी है।
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