{"_id":"5802843b4f1c1b6752292abe","slug":"tickets-may-mach-pitched","type":"story","status":"publish","title_hn":"सहानपुर में विधानसभा टिकट के लिए भाजपा में मच सकता है घमासान ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सहानपुर में विधानसभा टिकट के लिए भाजपा में मच सकता है घमासान
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
Updated Sun, 16 Oct 2016 03:59 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सहारनपुर में आगामी विधानसभा चुनाव में भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ने के लिए दावेदारों की संख्या और बढ़ गई है। स्थिति यह है कि प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में पुराने से लेकर नए कार्यकर्ता बड़ी संख्या में टिकट की मांग कर रहे है। ऐसे में पार्टी में टिकट को लेकर घमासान मच सकता है है।
बता दें कि लोकसभा चुनाव में नरेंद्र मोदी लहर के बाद पार्टी के लोग विधानसभा चुनाव को भी इसी लहर से जोड़कर देख रहे है। जनपद में सात विधानसभा सीटें है। इनमें पार्टी अब तक केवल नगर विधानसभा को ही अपना गढ़ मानती आई है। इस सीट पर पिछले तीन विधानसभा चुनाव से लगातार भाजपा प्रत्याशी ही जीत हासिल करता आ रहा है लेकिन इस बार स्थिति एक दम विपरीत है। पार्टी अन्य छह विधानसभा सीटों को अपने पाले में करने का पुरजोर प्रयास कर रही है। इन सीटों पर पार्टी के टिकट से चुनाव लड़ने के लिए दावेदारों की लम्बी कतार लगी है।
अमर उजाला ने शनिवार के अंक में भाजपा से टिकट पाने के लिए होड़ शीर्षक से इस स्थिति को उजागर भी किया था। खबर प्रकाशित होने के बाद अन्य कई कार्यकर्ता भी टिकट की दावेदारी ठोक रहे हैं। हालांकि हाल ही में बसपा और कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हुए तीनों मौजूदा विधायकों का टिकट होना लगभग तय माना जा रहा है। ऐसे में टिकट बटवारे को लेकर घमासान होने की उम्मीद है।
विज्ञापन
उधर, बेहट विधानसभा से उपेंद्र सैनी, बाबूराम राठौड़, नरेंद्र बंसल, रामपुर मनिहारान विधानसभा से देवेंद्र निम, सुबोध ललित, सहारनपुर-देहात विधानसभा से सुशील राणा, नकुड़ विधानसभा से पवन सिंह राठौर, देवबंद विधानसभा से अनिल सिंह ने भी टिकट के लिए दावेदारी ठोकी है। इनके अलावा कई दावेदार ऐसे है जो गोपनीय ढंग से पार्टी हाईकमान से संपर्क कर टिकट पाने की जुगत में है।
विज्ञापन
बता दें कि लोकसभा चुनाव में नरेंद्र मोदी लहर के बाद पार्टी के लोग विधानसभा चुनाव को भी इसी लहर से जोड़कर देख रहे है। जनपद में सात विधानसभा सीटें है। इनमें पार्टी अब तक केवल नगर विधानसभा को ही अपना गढ़ मानती आई है। इस सीट पर पिछले तीन विधानसभा चुनाव से लगातार भाजपा प्रत्याशी ही जीत हासिल करता आ रहा है लेकिन इस बार स्थिति एक दम विपरीत है। पार्टी अन्य छह विधानसभा सीटों को अपने पाले में करने का पुरजोर प्रयास कर रही है। इन सीटों पर पार्टी के टिकट से चुनाव लड़ने के लिए दावेदारों की लम्बी कतार लगी है।
विज्ञापन
अमर उजाला ने शनिवार के अंक में भाजपा से टिकट पाने के लिए होड़ शीर्षक से इस स्थिति को उजागर भी किया था। खबर प्रकाशित होने के बाद अन्य कई कार्यकर्ता भी टिकट की दावेदारी ठोक रहे हैं। हालांकि हाल ही में बसपा और कांग्रेस छोड़कर भाजपा में शामिल हुए तीनों मौजूदा विधायकों का टिकट होना लगभग तय माना जा रहा है। ऐसे में टिकट बटवारे को लेकर घमासान होने की उम्मीद है।
विज्ञापन
उधर, बेहट विधानसभा से उपेंद्र सैनी, बाबूराम राठौड़, नरेंद्र बंसल, रामपुर मनिहारान विधानसभा से देवेंद्र निम, सुबोध ललित, सहारनपुर-देहात विधानसभा से सुशील राणा, नकुड़ विधानसभा से पवन सिंह राठौर, देवबंद विधानसभा से अनिल सिंह ने भी टिकट के लिए दावेदारी ठोकी है। इनके अलावा कई दावेदार ऐसे है जो गोपनीय ढंग से पार्टी हाईकमान से संपर्क कर टिकट पाने की जुगत में है।