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Saharanpur News: अटारी बॉर्डर पर पाक रेंजर्स को सौंपा जासूस इकबाल भट्टी
Wed, 18 Feb 2026 12:47 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Wed, 18 Feb 2026 12:47 AM IST
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सहारनपुर। पाकिस्तानी जासूस इकबाल भट्टी उर्फ देवराज सहगल को मंगलवार दोपहर बाद अटारी बॉर्डर पर पाकिस्तानी रेंजर्स को सौंपा गया। पाक के लिए जासूसी करने पर वह करीब 17 वर्ष जेल में रहा। उसकी सजा पिछले वर्ष 22 मार्च को पूरी हुई थी। इसके बाद से ही उसे डिपोर्ट करने की प्रक्रिया चल रही थी।
इकबाल भट्टी महानगर के हकीकत नगर में नाम बदलकर रह रहा था। वर्ष 2008 में पंजाब पुलिस ने उसे संवेदनशील जानकारी और नक्शों के साथ गिरफ्तार किया था। इकबाल मूल रूप से पाकिस्तान के कसूर जिले का निवासी था। उसने यहां पर कंप्यूटर सेंटर भी खोल लिया था। आरोपी के पकड़े जाने के बाद उसके पास वोटर आईडी कार्ड, पैन कार्ड, भारतीय बैंकों की पासबुक और चेक बुक सहित तमाम दस्तावेज मिले थे, जिसके आधार पर उसने भारत की नागरिकता प्राप्त कर ली थी। इकबाल ने फर्जी दस्तावेजों के जरिए अपनी पहचान बना ली थी।
उसने फर्जी दस्तावेजों के जरिए वोटर आईडी, पैन कार्ड, राशन कार्ड और बैंक खाता भी खुलवा लिया। छह नवंबर 2008 को स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के मुख्य प्रबंधक ने उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसके बाद अन्य धाराओं में उसके खिलाफ मुकदमे दर्ज हुए थे।
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इकबाल भट्टी महानगर के हकीकत नगर में नाम बदलकर रह रहा था। वर्ष 2008 में पंजाब पुलिस ने उसे संवेदनशील जानकारी और नक्शों के साथ गिरफ्तार किया था। इकबाल मूल रूप से पाकिस्तान के कसूर जिले का निवासी था। उसने यहां पर कंप्यूटर सेंटर भी खोल लिया था। आरोपी के पकड़े जाने के बाद उसके पास वोटर आईडी कार्ड, पैन कार्ड, भारतीय बैंकों की पासबुक और चेक बुक सहित तमाम दस्तावेज मिले थे, जिसके आधार पर उसने भारत की नागरिकता प्राप्त कर ली थी। इकबाल ने फर्जी दस्तावेजों के जरिए अपनी पहचान बना ली थी।
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उसने फर्जी दस्तावेजों के जरिए वोटर आईडी, पैन कार्ड, राशन कार्ड और बैंक खाता भी खुलवा लिया। छह नवंबर 2008 को स्टेट बैंक ऑफ इंडिया के मुख्य प्रबंधक ने उसके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसके बाद अन्य धाराओं में उसके खिलाफ मुकदमे दर्ज हुए थे।
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