विद्युत विभाग को नहीं परवाह: ग्रामीणों ने खुद नदी में खड़े किए खंभे, फिर खींच दी बिजली के तारों की लाइन
Saharanpur News : विद्युत विभाग की टीम नहीं पहुंची तो ग्रामीणों ने खुद ही नदी में खंभे खड़े कर बिजली के तारों की लाइन खींच दी।
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सहारनपुर में यमुना नदी में खड़े खंभे बाढ़ में गिरने के बाद ग्रामीणों ने अपने स्तर से नदी में खंभे खड़े कर उन पर बिजली के तारों की लाइन खींच दी है। यहां गत माह जेई के यमुना में बहने के बाद से ही बिजली कर्मचारी लाइन खींचने में दिलचस्पी नहीं दिखा रहे थे।
ब्लॉक सरसावा की यमुनापार की दो ग्राम पंचायतों सोंधबांस, गाजदीनपुर जाने वाली बिजली की लाइन दो महीने पहले यमुना नदी में बाढ़ का पानी आने के बाद गिर गई थी। ग्रामीणों ने बार-बार प्रशासन से गांव में बिजली की आपूर्ति कराने के लिए कहा, लेकिन जिला प्रशासन ने बिजली की कोई व्यवस्था नहीं की। प्रशासनिक व्यवस्था से खिन्न ग्रामीणों ने तीन दिन पहले अपने खर्चे से यमुना नदी में बिजली के खंभे खड़े करने शुरू कर दिए थे।
वहीं, सोमवार को ग्रामीण यमुना में पहुंचे और विभाग द्वारा पहुंचाए गए तारों को खंभों पर खिंचवाना शुरू कर दिया। गांव के चौधरी अनुज, चौधरी अंकित, डॉ. बिजेन्द्र पूर्व प्रधान, प्रवीन गुर्जर, संदीप, सोनू, अमित, सतपाल नम्बरदार, संजू, सेवाराम आदि ने अपने ही खर्चे से विद्युत पोल खड़े कराने के बाद उन पर तारों की खिंचाई शुरू कर दी। भाजपा नेता चौधरी अनुज ने बताया कि जल्द ही तार खींचने का कार्य पूरा हो जाएगा।
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उधर, बिजली विभाग के अवर अभियंता मनोज गिरी ने बताया कि विभाग की ओर से भी तीन लाइनमैन, बिजली की लाइन का सामान भेजा गया है। बता दें कि एक महीना पहले इसी बिजली की लाइन को चलाने के लिए सर्वे करते समय विभाग के जेई प्रमोद कुमार यमुना नदी में बह गए थे। उनका शव काफी मशक्कत के बाद थाना नकुड़ के पास नदी में हरियाणा की सीमा पर मिला था।
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