Saharanpur News: साइबर ठगों के जाल से बचें, लालच में न आएं, जागरुकता से पैसा बचाएं, एसएसपी ने दिए टिप्स
अमर उजाला ने साइबर अपराध से बचाव को कार्यशाला आयोजित की। इस दौरान एसएसपी ने व्यापारी वर्ग को जानकारी देकर जागरूक किया।
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सहारनपुर जनपद में एसएसपी डॉ. विपिन ताडा ने कहा कि साइबर अपराध से बचने का एक मात्र तरीका जागरुकता है। इसलिए साइबर अपराधियों द्वारा विभिन्न तरीकों से दिए जाने वाले झांसों में न आएं और अपना पैसा बचाएं। अगर किसी के साथ कोई घटना होती है तो 24 घंटे के अंदर पुलिस को अवगत कराएं।
मंगलवार को पुलिस लाइन सभागार में अमर उजाला और पुलिस की ओर से साइबर अपराध से बचाव के लिए जागरुकता कार्यशाला का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में व्यापारी शामिल हुए। एसएसपी डॉ. विपिन ताडा ने कहा कि अक्सर लोग लालच में आकर साइबर अपराधियों को अपने खाते, मोबाइल डाटा और एटीएम नंबर सहित गोपनीय जानकारियां दे देते हैं। इसका फायदा उठाकर साइबर अपराधी ठगी कर लेते हैं। आरोपी फर्जी नाम पर लिए मोबाइल फोन नंबर व दूसरों के नाम से खुलवाए खातों का प्रयोग करते हैं। इस वजह से आसानी में पकड़ में नहीं आ पाते हैं। साइबर अपराध से बचने का का एकमात्र उपाय जागरुकता है। इसलिए जागरूक रहें और अपने परिवार व साथियों में भी जागरुकता लाएं।
इन नंबरों पर कराएं शिकायत दर्ज
एसएसपी ने कहा कि अगर किसी के साथ साइबर अपराध होता है तो तुरंत टोल फ्री नंबर 1930 पर जानकारी दें। किसी कारणवश फोन नहीं लग रहा है तो वेबसाइट cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज कराएं। इसके साथ ही साइबर थाने के नंबर 07417754148 कॉल कर जानकारी दें।
ऐसे कर रहे साइबर अपराधी ठगी
-- आरोपी बिल न जमा होने पर बिजली का कनेक्शन कटने की बात कहकर ठगी करते हैं।
-- आरोपी त्वरित लोन दिलाने का झांसा देकर गोपनीय जानकारी हासिल कर खातों से पैसा उड़ाते हैं।
-- लड़कियों की फोटो लगाकर सोशल मीडिया पर फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजते हैं और फिर हनीट्रैप का शिकार बनाकर पैसा वसूलते हैं।
-- आरोपी खुद को आर्मी के जवान भी बताते हैं और फिर वर्दी में फोटो भेजकर कैंटीन से सामान दिलाने या वाहन बेचने की बात कहकर ठगी करते हैं।
-- ऑनलाइन सामान डिलीवरी करने वाली कंपनियों के नाम से सोशल मीडिया पर फर्जी एकाउंट बनाते हैं।
-- आरोपी झांसे में लेकर एप डाउनलोड कराकर मोबाइल फोन की सारी जानकारी एकत्र कर फिर अश्लील फोटो व वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देकर पैसा वसूलते हैं।
-- एटीएम से पैसे निकालते समय मदद करने का झांसा देकर कार्ड बदल लेते हैं और खाते से पैसा उड़ाते हैं।
-- लक्की ड्रॉ निकलने का झांसा देकर ठगी करते हैं।
इन बातों का रखें ध्यान
-- मोबाइल फोन नंबर या जन्मतिथि से संबंधित पासवर्ड न बनाएं
-- परिचित व्यक्ति की फेसबुक आईडी बनाकर पैसा मांगने का मेसेज आने पर कोई मदद न करें
-- एटीएम कक्ष में जाने पर किसी भी अज्ञात व्यक्ति की मदद न लें। दूसरों से छिपाकर पिन नंबर डालेें
-- इनाम निकलने की बात कहकर कॉल करने वालों से सावधान रहें। मोबाइल फोन टॉवर लगाने के झांसे में न आएं
-- सोशल मीडिया पर अज्ञात व्यक्ति की फ्रेंड रिक्वेस्ट स्वीकार न करें।
-- मेसेज के जरिए भेजे गए लिंक न खोलें और न ही कोई इनाम आदि निकलने को लेकर एप डाउनलोड करें।
-- संदिग्ध मेसेज पर पर क्लिक न करें और न ही किसी को आगे भेजें
-- कम से कम 45 दिन में अपना पासवर्ड बदलें। निजी जानकारियों को सोशल मीडिया पर न डालें।
-- एक ही पासवर्ड का प्रयोग विभिन्न सेवाओं, वेबसाइट और एप में न करें।
-- कार्य होने पर ऑनलाइन एकाउंट को लॉग आउट करें।
-- किसी भी अंजान व्यक्ति के कहने पर टीम वीवर, एनी डेस्क, एडमिन क्यूकी सपोर्ट का प्रयोग न करें।
-- अंजान व्यक्ति की वीडियो कॉल को रिसीव न करें।
व्यापारियों ने पूछे विभिन्न सवाल
साइबर अपराध से बचने के लिए व्यापारियों ने विभिन्न सवाल पूछे। विमल विरमानी ने पूछा कि क्या फेसबुक पर फ्रेंड रिक्वेस्ट रिसीव करने पर ठगी हो सकती है। मुुकुंद मनोहर गोयल ने बिजली का बिल कटने से संबंधित आई कॉल के बारे में जानकारी दी। इनके अलावा अजय शर्मा, शीतल टंडन, राधे श्याम नारंग, रमेश अरोड़ा सहित व्यापारियों ने विभिन्न सवाल पूछे। इस दौरान दिनेश सेठी, संजय सिंह, जयवीर राणा, राजकुमार, मनोज ठाकुर, आबिद हसन, राजेश गुलाटी, प्रवेश कांबोज, जसवंत सिंह बत्रा, हर्ष कुमार डॉबर, कपिल, रजत मित्तल, मनमोहन सिंह चावला सहित अनेक व्यापारी मौजूद रहे।