फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Saharanpur News ›   Saharanpur: Jamiat delegation met Home Minister Amit Shah and discussed these 14 issues including mob lynching

अहम बैठक: गृहमंत्री अमित शाह से मिला जमीयत का प्रतिनिधिमंडल, मॉब लिंचिंग समेत इन 14 मुद्दों पर हुई बातचीत

Wed, 05 Apr 2023 07:04 PM IST
कपिल kapil अमर उजाला ब्यूरो, सहारनपुर
अमर उजाला ब्यूरो, सहारनपुर Published by: कपिल kapil Updated Wed, 05 Apr 2023 07:04 PM IST
सार

Saharanpur News : जमीयत उलमा-ए-हिंद और अन्य धर्मों के नेताओं के 17 प्रतिनिधिमंडल ने मौलाना महमूद मदनी की अगुवाई में बुधवार को गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात की। इस दौरान मॉब लिंचिंग समेत 14 मुद्दों पर बातचीत हुई।

विज्ञापन
Saharanpur: Jamiat delegation met Home Minister Amit Shah and discussed these 14 issues including mob lynching
अमित शाह - फोटो : PTI

विस्तार

जमीयत उलमा-ए-हिंद और अन्य धर्मों के नेताओं के 17 प्रतिनिधिमंडल ने मौलाना महमूद मदनी की अगुवाई में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात की। इस दौरान इस्लामोफोबिया, मॉब लिंचिंग, देश में हो रहे सांप्रदायिक दंगे, समान नागरिक संहिता, कर्नाटक में मुस्लिम रिजर्वेशन सहित 14 मुद्दों को लेकर बातचीत हुई।

विज्ञापन


वर्तमान में देश चुनावी मूड में है और अगले एक साल में कई चुनाव होने हैं। इसलिए इस मुलाकात को अहम माना जा रहा है और इसके कई मायने भी निकाले जा रहे हैं। जमीयत उलमा-ए-हिंद के प्रतिनिधिमंडल की केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से यह मुलाकात मंगलवार की रात्रि 11 बजे उनके आवास पर हुई। मुलाकात के दौरान जमीयत अध्यक्ष मौलाना महमूद मदनी ने कहा कि देश के दूसरे सबसे बड़े बहुसंख्यक वर्ग को निराशा के अंधेरे में धकेलने का प्रयास किया जा रहा है। नफरत एवं संप्रदायिकता की खुलेआम अभिव्यक्ति द्वारा देश के वातावरण को दूषित करने की हर संभव कोशिश की जा रही है। 
विज्ञापन


इसके कारण आर्थिक और व्यावसायिक हानि होने के अलावा देश की अच्छी छवि भी धूमिल हो रही है। प्रतिनिधिमंडल ने सांप्रदायिक दंगों, नफरती अभियान, इस्लामोफोबिया, मॉब लिंचिंग, समान नागरिक संहिता, मदरसों की स्वायत्तता, कर्नाटक में मुस्लिम आरक्षण, कश्मीर की वर्तमान स्थिति, असम में जबरन बेदखली और वक्फ संपत्तियों की सुरक्षा जैसे मुद्दों को लिखित रूप में केंद्रीय गृहमंत्री के समक्ष प्रस्तुत किया। करीब एक घंटे से अधिक चली इस बैठक में धर्मांतरण के मामले में गिरफ्तार मौलाना कलीम सिद्दीकी और उमर गौतम की जमानत का मुद्दा भी उठाया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: Murder Case: पूर्व पार्षद को रिमांड पर लेकर दोहराया क्राइम सीन, पर नहीं मिला शव, वारदात से कांप उठा था शहर

जमीयत के सचिव नियाज अहमद फारुकी ने बताया कि गृह मंत्री ने प्रतिनिधिमंडल द्वारा प्रस्तुत की गई मांगों को ध्यान से पढ़ा और देश की सांप्रदायिक स्थिति पर कहा कि इस बार रामनवमी त्योहार के अवसर पर जो धार्मिक तनाव और हिंसा हुई है, उससे हम भी चिंतित हैं। जिन राज्यों में हमारी सरकारें नहीं हैं, वहां हमने राज्यपाल या मुख्यमंत्री के जरिए इसे नियंत्रित करने की कोशिश की है और जहां हमारी सरकारें हैं, वहां जो भी घटनाएं हुई हैं, जांच के बाद दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने बताया कि गृहमंत्री ने मॉब लिंचिंग की घटनाओं के संबंध में कहा कि मॉब लिंचिंग की घटनाएं देश के किसी भी हिस्से में हुई हों, हमें यह देखने की जरूरत है कि हत्या की स्थिति में क्या धारा 302 के तहत हत्या का मामला दर्ज हुआ है या नहीं। अगर नहीं हुआ है तो आप हमें लिख कर भेजें। हम इसे तत्काल सुनिश्चित करेंगे। नियाज अहमद फारुकी ने बताया कि इस संबंध में जमीयत जल्द ही ऐसी घटनाओं की सूची बनाकर गृहमंत्री को भेजेगी। 

यह भी पढ़ें: Umesh Pal Hatyakand: धीरे-धीरे खुल रहीं परतें, अतीक के बहनोई अखलाक को लेकर सामने आया ये बड़ा राज

प्रतिनिधिमंडल में यह रहे शामिल
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से मुलाकात करने वाले प्रतिनिधिमंडल में मौलाना महमूद मदनी के अलावा मरकजी जमीयत अहले हदीस हिंद के मौलाना असगर अली इमाम मेहदी सलफी, नासेह एजुकेशनल ट्रस्ट बंगलौर के अध्यक्ष मौलाना शब्बीर नदवी, ऑल इंडिया मुस्लिम पसर्नल लॉ बोर्ड के सदस्य कमाल फारुकी, खुसरो फाउंडेशन दिल्ली के अध्यक्ष प्रोफेसर अख्तरुल वासे, एमसीई सोसायटी पुणे महाराष्ट्र के चेयरमैन पीए इमानदार, अंजुमन-ए-इस्लाम मुंबई के अध्यक्ष डॉ. जहीर काजी, जमीयत उलमा-ए-हिंद के उपाध्यक्ष मौलाना सलमान बिजनौरी, जमीयत के दीनी तालीमी बोर्ड के महासचिव मुफ्ती सलमान मंसूरपुरी, जमीयत उलमा महाराष्ट्र के अध्यक्ष मौलाना नदीम सिद्दीकी, जमीयत उलमा कर्नाटक के अध्यक्ष मुफ्ती इफ्तिकार अहमद, जमीयत के महासचिव मुफ्ती शमशुद्दीन, हरियाणा जमीयत के अध्यक्ष मौलाना अली हसन मजाहिरी, महासचिव मौलाना याहया, केरला जमीयत के अध्यक्ष मौलाना इब्राहीम, तमिलनाडू के महासचिव हाजी हसन अहमद और कार्यकारिणी सदस्य मौलाना नियाज अहमद फारुकी शामिल रहे। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed