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Saharanpur News: नौ दिन से जेल में बंद प्रधान, प्रशासन ने सीज नहीं किए अधिकार
Sat, 14 Sep 2024 12:58 AM IST
मेरठ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर
Updated Sat, 14 Sep 2024 12:58 AM IST
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सहारनपुर। विकासखंड रामपुर मनिहारन क्षेत्र की एक ग्राम पंचायत के ग्राम प्रधान पिछले नौ दिन से जिला कारागार में बंद है, लेकिन जिला पंचायत राज विभाग और जिला प्रशासन ने प्रधान के वित्तीय और प्रशासनिक अधिकार सीज नहीं किए। यहां तक कि ग्राम पंचायत निधि खाते से भुगतान के लिए बनवाया डिजिटल सिग्नेचर भी चालू है।
ग्राम पंचायत अंबेहटाचांद में विशाल उर्फ छोटू राणा ग्राम प्रधान निर्वाचित हुए थे। निर्वाचन के बाद से वह ग्राम पंचायत के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकारों का प्रयोग कर रहे हैं। चार सितंबर को एक आपराधिक मामले में न्यायालय से वारंट जारी हुए थे। अदालत आदेश पर पुलिस ने ग्राम प्रधान को गिरफ्तार न्यायालय में पेशकर जेल भेज दिया था। तब से प्रधान जिला कारागार में बंद हैं। इसकी जानकारी ब्लॉक से लेकर पंचायत राज विभाग तक को हैं, लेकिन इसके बाद भी नियम विरुद्ध ग्राम प्रधान के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकार अब तक सीज नहीं किए गए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि नियमानुसार ग्राम प्रधान के वित्तीय और प्रशासनिक अधिकार जेल जाते ही तत्काल प्रभाव से सीज होने चाहिए थे, लेकिन नौ दिन बीतने के बाद भी ऐसा नहीं हुआ है। ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम पंचायत में भुगतान के लिए ग्राम प्रधान को जारी किया डीएससी भी अब तक बंद नहीं हो सका है। इसका भी भुगतान के लिए दुरुपयोग किए जाने की आशंका बनी हुई है।
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ग्राम प्रधान के मामले में जांच बैठा दी गई है। वित्तीय और प्रशासनिक अधिकार सीज करने की कार्रवाई शुरू दी गई है। जल्द प्रधान के अधिकार सीज होंगे।
-सुमित महाजन, मुख्य विकास अधिकारी
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ग्राम पंचायत अंबेहटाचांद में विशाल उर्फ छोटू राणा ग्राम प्रधान निर्वाचित हुए थे। निर्वाचन के बाद से वह ग्राम पंचायत के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकारों का प्रयोग कर रहे हैं। चार सितंबर को एक आपराधिक मामले में न्यायालय से वारंट जारी हुए थे। अदालत आदेश पर पुलिस ने ग्राम प्रधान को गिरफ्तार न्यायालय में पेशकर जेल भेज दिया था। तब से प्रधान जिला कारागार में बंद हैं। इसकी जानकारी ब्लॉक से लेकर पंचायत राज विभाग तक को हैं, लेकिन इसके बाद भी नियम विरुद्ध ग्राम प्रधान के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकार अब तक सीज नहीं किए गए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि नियमानुसार ग्राम प्रधान के वित्तीय और प्रशासनिक अधिकार जेल जाते ही तत्काल प्रभाव से सीज होने चाहिए थे, लेकिन नौ दिन बीतने के बाद भी ऐसा नहीं हुआ है। ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम पंचायत में भुगतान के लिए ग्राम प्रधान को जारी किया डीएससी भी अब तक बंद नहीं हो सका है। इसका भी भुगतान के लिए दुरुपयोग किए जाने की आशंका बनी हुई है।
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ग्राम प्रधान के मामले में जांच बैठा दी गई है। वित्तीय और प्रशासनिक अधिकार सीज करने की कार्रवाई शुरू दी गई है। जल्द प्रधान के अधिकार सीज होंगे।
-सुमित महाजन, मुख्य विकास अधिकारी