{"_id":"5ddd74e78ebc3e54f937c86c","slug":"illegal-banquet-hall-opened-officer-silent-saharanpur-news-mrt4556803135","type":"story","status":"publish","title_hn":"अवैध बैंक्वेट हॉल को खुली छूट, अधिकारी मौन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अवैध बैंक्वेट हॉल को खुली छूट, अधिकारी मौन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सहारनपुर। शर्तों को ताक पर रखकर लगातार बन रहे अवैध बैंक्वेट हॉल को लेकर विकास प्राधिकरण के अधिकारी गंभीर नहीं हैं। हर साल केवल शादियों के सीजन में बैंक्वेट हॉलों को नोटिस जारी किए जाते हैं, मगर आज तक किसी बैंक्वेट हॉल पर ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी है। प्राधिकरण के अधिकारी भी मानते हैं कि अवैध रूप से बैंक्वेट हॉल बने हैं, मगर कार्रवाई के नाम पर वह चुप हैं। अधिकारियों की खामोशी कई सवाल खड़े कर रही है।
बीते वर्ष विकास प्राधिकरण ने अंबाला रोड पर अवैध रूप से बने एक बैंक्वेट हॉल पर सील की कार्रवाई की थी, मगर किसी दबाव में सील फिर से खोल दी गई थी। खास बात यह है कि बैंक्वेट हॉल के बनने के दौरान विकास प्राधिकरण ने कोई कार्रवाई नहीं की। जब बैंक्वेट हॉल बनकर साल भर तक चलता रहा। उसके बाद कार्रवाई की सूझी। यह केवल एक उदाहरण है। शहर में कई बैंक्वेट हॉल बिना नक्शा पास कराए खड़े कर दिए गए हैं, जिन पर अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। दिल्ली रोड और अंबाला रोड पर सबसे अधिक बैंक्वेट हॉल हैं। देहरादून रोड, चिलकाना रोड, बेहट रोड और 62 फुटा रोड पर भी दो दर्जन से अधिक बैंक्वेट हॉल हैं। खास बात यह है कि ज्यादातर बैंक्वेट हॉलों के पास पार्किंग नहीं है। ऐसे बैंक्वेट हॉल सड़कों का इस्तेमाल पार्किंग के रूप में कर रहे हैं। चूंकि ज्यादातर बैंक्वेट हॉल हाईवे पर हैं। ऐसे में शादियों के सीजन में लंबे जाम लग रहे हैं।
निगम अधिकारी भी लापरवाह बने
पार्किंग नहीं होने की वजह से ज्यादातर बैंक्वेट हॉल और होटल सड़कों का इस्तेमाल पार्किंग के रूप में कर रहे हैं, जिसकी वजह से जाम लग रहे हैं। नगर निगम की ओर से भी ऐसे बैंक्वेट हॉलों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हो रही है। इसके अलावा बैंक्वेट हॉलों से टैक्स वसूली में भी निगम की लापरवाही सामने आ चुकी है। 62 फुटा रोड पर करीब एक दर्जन बैंक्वेट हॉल हैं, जिनमें से ज्यादातर बैंक्वेट हॉल टैक्स नहीं चुका रहे हैं। ऐसे हॉलों पर कोई कार्रवाई अभी तक नहीं हुई है। खास बात यह है कि नगर निगम भी ऐसे बैंक्वेट हॉलों पर कार्रवाई नहीं कर पा रहा है।
विज्ञापन
सड़कों को पार्किंग के रूप में इस्तेमाल करने वाले बैंक्वेट हॉल और होटलों के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा। प्रवर्तन अधिकारी के साथ मीटिंग कर प्लान बनाया जाएगा। रही बात टैक्स वसूली की तो हम शहर भर के टैक्स नहीं चुकाने वाले बैंक्वेट हॉलों को चिह्नित कर रहे हैं, जिनको नोटिस जारी करने की तैयारी है।
विनय कुमार शर्मा, कर अधीक्षक एवं संपत्ति अधिकारी, नगर निगम।
शहर में कुछ बैंक्वेट हॉल अवैध रूप से बने हैं। इसकी जानकारी प्राधिकरण को है। ऐसे सभी बैंक्वेट हॉलों को नोटिस जारी किए जा रहे हैं। साथ ही जिन होटलों और बैंक्वेट हॉलों के नक्शे पास हैं, मगर पार्किंग नहीं बनाई है। ऐसे होटलों और बैंक्वेट हॉलों पर भी कार्रवाई की जा रही है।
एके मिश्रा, एक्सईएन, एसडीए।
विज्ञापन
बीते वर्ष विकास प्राधिकरण ने अंबाला रोड पर अवैध रूप से बने एक बैंक्वेट हॉल पर सील की कार्रवाई की थी, मगर किसी दबाव में सील फिर से खोल दी गई थी। खास बात यह है कि बैंक्वेट हॉल के बनने के दौरान विकास प्राधिकरण ने कोई कार्रवाई नहीं की। जब बैंक्वेट हॉल बनकर साल भर तक चलता रहा। उसके बाद कार्रवाई की सूझी। यह केवल एक उदाहरण है। शहर में कई बैंक्वेट हॉल बिना नक्शा पास कराए खड़े कर दिए गए हैं, जिन पर अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। दिल्ली रोड और अंबाला रोड पर सबसे अधिक बैंक्वेट हॉल हैं। देहरादून रोड, चिलकाना रोड, बेहट रोड और 62 फुटा रोड पर भी दो दर्जन से अधिक बैंक्वेट हॉल हैं। खास बात यह है कि ज्यादातर बैंक्वेट हॉलों के पास पार्किंग नहीं है। ऐसे बैंक्वेट हॉल सड़कों का इस्तेमाल पार्किंग के रूप में कर रहे हैं। चूंकि ज्यादातर बैंक्वेट हॉल हाईवे पर हैं। ऐसे में शादियों के सीजन में लंबे जाम लग रहे हैं।
विज्ञापन
निगम अधिकारी भी लापरवाह बने
पार्किंग नहीं होने की वजह से ज्यादातर बैंक्वेट हॉल और होटल सड़कों का इस्तेमाल पार्किंग के रूप में कर रहे हैं, जिसकी वजह से जाम लग रहे हैं। नगर निगम की ओर से भी ऐसे बैंक्वेट हॉलों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हो रही है। इसके अलावा बैंक्वेट हॉलों से टैक्स वसूली में भी निगम की लापरवाही सामने आ चुकी है। 62 फुटा रोड पर करीब एक दर्जन बैंक्वेट हॉल हैं, जिनमें से ज्यादातर बैंक्वेट हॉल टैक्स नहीं चुका रहे हैं। ऐसे हॉलों पर कोई कार्रवाई अभी तक नहीं हुई है। खास बात यह है कि नगर निगम भी ऐसे बैंक्वेट हॉलों पर कार्रवाई नहीं कर पा रहा है।
विज्ञापन
सड़कों को पार्किंग के रूप में इस्तेमाल करने वाले बैंक्वेट हॉल और होटलों के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा। प्रवर्तन अधिकारी के साथ मीटिंग कर प्लान बनाया जाएगा। रही बात टैक्स वसूली की तो हम शहर भर के टैक्स नहीं चुकाने वाले बैंक्वेट हॉलों को चिह्नित कर रहे हैं, जिनको नोटिस जारी करने की तैयारी है।
विनय कुमार शर्मा, कर अधीक्षक एवं संपत्ति अधिकारी, नगर निगम।
शहर में कुछ बैंक्वेट हॉल अवैध रूप से बने हैं। इसकी जानकारी प्राधिकरण को है। ऐसे सभी बैंक्वेट हॉलों को नोटिस जारी किए जा रहे हैं। साथ ही जिन होटलों और बैंक्वेट हॉलों के नक्शे पास हैं, मगर पार्किंग नहीं बनाई है। ऐसे होटलों और बैंक्वेट हॉलों पर भी कार्रवाई की जा रही है।
एके मिश्रा, एक्सईएन, एसडीए।