Saharanpur: बेटी की उपलब्धि पर पूरा शहर गौरवान्वित, शगुफा साबरी ने कैलीग्राफी में लिखी कुरान
Saharanpur News : सहारनपुर की बेटी की उपलब्धि पर परिजन और शहर के लोग गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं। बेटी शगुफा साबरी ने कैलीग्राफी के माध्यम से कोरे पन्नों पर कुरान शरीफ लिखकर बड़ा काम किया है।
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सहारनपुर की बेटी ने कैलीग्राफी के माध्यम से कोरे पन्नों पर कुरान शरीफ लिखकर नाम रोशन किया है। उसकी उपलब्धि पर परिजन एवं नगरवासी खुद को गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं।
गंगोह के नगर के मोहल्ला बाहुद्दीन निवासी अब्दुल कलाम साबरी की बेटी शगुफा साबरी वर्तमान में देहरादून के आदर्श नगर में रह रही हैं। बचपन से चित्रकला का शौक रखने वाली शगुफा ने बताया कि उसने फरवरी 2022 में कैलीग्राफी कला के माध्यम से कुरान लिखना आरंभ किया था। उसने बताया कि करीब दो वर्षों की कड़ी मेहनत के बाद वह अपने इस कार्य में सफल हो पाई। इस दौरान उसे जब भी वक्त मिलता था वह तभी कुरान लिखने बैठ जाती थी। 20 वर्षीय शगुफा ने 12वीं पास किया है। आगे की पढ़ाई के लिए तैयारी कर रही है।
उधर, मदनी मदरसे के मोहतमिम मौलाना अजहर मदनी ने बताया कि कुरान शरीफ में कुल 30 पारे जिनमें 114 सूरतें अर्थात अध्याय हैं और 6666 आयतें हैं। अरबी भाषा में होने के चलते इसे हाथ से लिखना काफी मुश्किल काम है। कैलीग्राफी के जरिए लिखना तो और भी ज्यादा कठिन हो जाता है। उन्होंने कहा कि शगुफा की उपलब्धि वास्तव में बहुत बड़ी है।
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कैलीग्राफी अच्छी लिखावट का शिल्प और विजुअल आर्ट है। इसमें शब्दों को अलग-अलग तरीकों से उकेरा जाता है। सामान्य तौर पर शब्दों को ज्यादा प्रभावी दिखाने के लिए इसका इस्तेमाल होता है। इसमें खास तरह के पेन, ब्रश और पेंसिल आदि का प्रयोग होता है।
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