बेटियों पर गर्व: मुक्केबाजी में म्हारी छोरियों का कमाल, विदेशों में मचा रहीं धमाल, पढ़िए इनकी सफलता की कहानी
Saharanpur News : सहारनपुर की बेटियां देश ही नहीं विदेश में भी इतिहास रच रहीं हैं। म्हारी छोरियों ने विदेश में पदक जीतकर तिरंगे के मान बढ़ाया है। पढ़िए इनकी सफलता की कहानी-
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बॉक्सिंग यानी मुक्केबाजी में सहारनपुर की बेटियां अनेक राज्य, राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में पदक जीतकर अनेक बार जनपद का नाम रोशन कर चुकीं हैं। वर्तमान में आस्था पाहवा, नंदिनी शर्मा और कनिष्का ऐसी खिलाड़ी हैं, जो बॉक्सिंग के क्षेत्र में उभरता हुआ सितारा हैं। जबकि हर्षिका और गुनगुन जैसी खिलाड़ी भी खुद को साबित कर चुकीं हैं। सहारनपुर में बॉक्सिंग की पहचान इन्हीं खिलाड़ियों की बदौलत है। पेश है इन बेटियों की सफलता को बयां करती रिपोर्ट...
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर है आस्था के पंच की धाक
गऊशाला रोड निवासी संजीव पाहवा की बेटी आस्था पाहवा (23) ने वर्ष 2016 से 2022 तक राज्य, राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर डेढ दर्जन से अधिक प्रतियोगिताओं में पदक जीतकर खुद की प्रतिभा को तो साबित किया ही है। साथ ही जनपद को भी पहचान दी है। उनकी प्रमुख 19 प्रतियोगिताओं में अगस्त 2018 में हंगरी में हुई आईबा वर्ल्ड यूथ बॉक्सिंग चैंपियनशिप, अप्रैल 2018 में बैंकॉक में हुई एशियन यूथ वुमेंस बॉक्सिंग चैंपियनशिप, अक्तूबर 2017 में बुलगारिया में हुई आठवीं इंटरनेशनल बॉक्सिंग चैंपियनशिप, सर्बिया में अगस्त 2017 में हुई 35वीं गोल्डन ग्लोब ऑफ वोलवोडिला, जनवरी 2016 में सर्बिया में हुई पांचवीं नेशन कप, 2018 में सर्बिया में ही हुई 36वीं गोल्डन ग्लोव ऑफ वोलवाडिला प्रमुख हैं। जिनमें गोल्ड सहित कई पदक अपने नाम किए हैं।
बॉक्सिंग की गोल्डन गर्ल है कनिष्का
बॉक्सर कनिष्का राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा चुकीं हैं। 2019 में रोहतक में हुई तीसरी जूनियर वुमंस नेशनल बॉक्सिंग चैंपियनशिप में कांस्य, 2019 में ही राज्य बॉक्सिंग प्रतियोगिता में स्वर्ण, 2021 में सोनीपत में हुई चौथी यूथ वुमेंस नेशनल बॉक्सिंग चैंपियनशिप में टॉप आठ खिलाड़ियों में रहीं। 2021 में ही यूपी स्टेट प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक, 2021 में ही जालंधर में हुई ऑल इंडिया ऑपन यूनिवर्सिटी में टॉप आठ खिलाड़ियों में रहीं। 2022 में स्टेट चैंपियनशिप में स्वर्ण, 2022 में ही नेशनल बॉक्सिंग चैंपियनशिप में कांस्य और खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी में रजत पदक अपने नाम किया।
नंदिनी के मुक्के के सामने चित हो जाते हैं प्रतिद्वंदी
लेबर कॉलोनी निवासी पवन शर्मा की बेटी नंदिनी शर्मा बॉक्सिंग में उभरता हुआ नाम है। नंदिनी ने सबसे पहले 2019 में झांसी में हुई राज्य सब जूनियर चैंपियनशिप स्वर्ण, 2021 में जूनियर राज्य पथ प्रतियोगिता के 70 किलोग्राम भार में स्वर्ण, 2022 में सोनीपत में हुई सब जूनियर राष्ट्रीय प्रतियोगिता में प्रतिभाग किया। नोएडा में हुई राज्य पथ प्रतियोगिता के 75 किलोग्राम भार में स्वर्ण, चेन्नई में हुई यूथ नेशनल बॉक्सिंग में स्वर्ण, द खेलो इंडिया प्रतियोगिता उत्तरी क्षेत्र में 75 किलोग्राम भार में कांस्य पदक जीता। 2023 में हुई खेलो इंडिया युवा प्रतियोगिता में रजत और इसके बाद रोहतक में हुई राष्ट्रीय बॉक्सिंग प्रतियोगिता में कांस्य पदक जीता।
हर्षिका राणा और गुनगुन त्यागी भी उभरता हुआ नाम
शिमलाना निवासी विक्रम सिंह की बेटी हर्षिका राणा अभी तक राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर पर तीन पदक जीत चुकीं हैं। भोपाल में आयोजित छठी नेशनल यूथ बाॅक्सिंग चैम्पियनशिप में रजत पदक जीता था। खेलो इंडिया में भी हर्षिका ने रजत पदक जीतकर प्रदेश का मान बढ़ाया था। इससे पहले बरेली में आयोजित राज्य प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीता था।
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उधर, बड़गांव क्षेत्र के गांव किशनपुरा की बेटी गुनगुन त्यागी ने अखिल भारतीय खेल परिषद द्वारा मध्यप्रदेश में आयोजित 33वीं राष्ट्रीय बाक्सिंग प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीता है। वह उत्तराखंड में भी पदक जीतकर अपनी प्रतिभा को साबित कर चुकी है। कोच नवीन ठाकुर ने बताया कि गुनगुन त्यागी का चयन एशियन बाक्सिंग प्रतियोगिता के लिए भी हो चुका है।
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