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डीएम ने किया हथिनी कुंड तटबंध के कटाव का निरीक्षण
Updated Mon, 20 Aug 2018 12:24 AM IST
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बेहट (सहारनपुर)। डीएम आलोक कुमार पांडेय ने रविवार को हथिनी कुंड बैराज के तटबंध में हुए कटाव एवं क्षतिग्रस्त हुई वायरक्रेट का निरीक्षण किया। उन्होंने साथ में रहे सिंचाई निर्माण खंड के अधिकारियों को निर्देश दिए कि तटबंध को पूरी तरह सुरक्षित रखने के उपाय किए जाए।
सुबह करीब 11 बजे डीएम आलोक कुमार सिद्धपीठ शाकंभरी देवी पहुंचे और यहां मां शाकंभरी के दर्शन करने के बाद वे हथिनी कुंड बैराज पहुंचे। यहां उन्होंने यूपी की तरफ तटबंध में हुए कटाव के संबंध में साथ में मौजूद सिंचाई निर्माण खंड के अधीक्षण अभियंता अवधेश कुमार एवं अधिशासी अभियंता डीके शर्मा से जानकारी ली। उन्होंने बताया कि पिछले दिनों बैराज से यमुना नदी में छोड़े गए करीब सात क्यूसेक पानी से तटबंध में थोड़ा कटाव हुआ था, जिसे जलस्तर कम होने पर ठीक करा दिया गया था। इसके बाद उनके द्वारा क्षतिग्रस्त वायरक्रेट का निरीक्षण किया गया। उन्होंने सिंचाई निर्माण खंड के दोनों अधिकारियों को निर्देश दिए कि तटबंध को पूरी तरह से सुरक्षित रखने के उपाय किए जाएं। क्षतिग्रस्त वायरक्रेट की मरम्मत का कार्य शीघ्र कराया जाए। तटबंध को सुरक्षित रखने के लिए बजट की कमी को आड़े नहीं आने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि जो भी कार्य होने है, उनका प्रस्ताव बनाकर भेजें। बजट उपलब्ध कराया जाएगा। इस मौके पर एसडीएम बेहट बीपी सिंह भी मौजूद रहे। बता दें कि 10-11 दिन पहले हथनीकुंड बैराज से यमुना नदी में करीब सात क्यूसेक पानी छोड़े जाने से यूपी की तरफ तटबंध में कटाव होने के साथ तटबंध की सुरक्षा के लिए बनाई गई एक वायरक्रेट क्षतिग्रस्त हो गई थी।
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सुबह करीब 11 बजे डीएम आलोक कुमार सिद्धपीठ शाकंभरी देवी पहुंचे और यहां मां शाकंभरी के दर्शन करने के बाद वे हथिनी कुंड बैराज पहुंचे। यहां उन्होंने यूपी की तरफ तटबंध में हुए कटाव के संबंध में साथ में मौजूद सिंचाई निर्माण खंड के अधीक्षण अभियंता अवधेश कुमार एवं अधिशासी अभियंता डीके शर्मा से जानकारी ली। उन्होंने बताया कि पिछले दिनों बैराज से यमुना नदी में छोड़े गए करीब सात क्यूसेक पानी से तटबंध में थोड़ा कटाव हुआ था, जिसे जलस्तर कम होने पर ठीक करा दिया गया था। इसके बाद उनके द्वारा क्षतिग्रस्त वायरक्रेट का निरीक्षण किया गया। उन्होंने सिंचाई निर्माण खंड के दोनों अधिकारियों को निर्देश दिए कि तटबंध को पूरी तरह से सुरक्षित रखने के उपाय किए जाएं। क्षतिग्रस्त वायरक्रेट की मरम्मत का कार्य शीघ्र कराया जाए। तटबंध को सुरक्षित रखने के लिए बजट की कमी को आड़े नहीं आने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि जो भी कार्य होने है, उनका प्रस्ताव बनाकर भेजें। बजट उपलब्ध कराया जाएगा। इस मौके पर एसडीएम बेहट बीपी सिंह भी मौजूद रहे। बता दें कि 10-11 दिन पहले हथनीकुंड बैराज से यमुना नदी में करीब सात क्यूसेक पानी छोड़े जाने से यूपी की तरफ तटबंध में कटाव होने के साथ तटबंध की सुरक्षा के लिए बनाई गई एक वायरक्रेट क्षतिग्रस्त हो गई थी।
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