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चंद्रग्रहण के चलते मंदिर के कपाट रहे बंद
Updated Thu, 01 Feb 2018 12:29 AM IST
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सहारनपुर। बुधवार की शाम को चंद्रग्रहण के चलते मंदिरों के कपाट सुबह सूतक लगते ही बंद कर दिए गए। ग्रहण समाप्त होने के बाद मंदिरों में आरती एवं पूजा अर्चना की गई।
ग्रहण शाम को लगभग साढ़े पांच बजे शुरू हुआ। ग्रहण के चलते सुबह ही सूतक लग गया। मंदिरों में सुबह पूजा अर्चना एवं आरती की गई और उसके बाद मंदिरों के कपाट बंद कर दिए गए। ग्रहण रात पौने 9 बजे तक रहा। हरि मंदिर के पुजारी तिलकराज ने बताया कि सुबह सूतक से पहले ही आरती कर ली गई और मंदिर के कपाट बंद कर दिए गए। ग्रहण समाप्त होने के बाद ही मंदिर के कपाट खोले गए। ग्रहण काल में भगवान की प्रतिमाओं का स्पर्श नहीं किया जाता है इसलिए मंदिरों के कपाट बंद रहे। ग्रहण के बाद भगवान की विधिविधान से पूजा की गई और उसके बाद आरती की गई।
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ग्रहण शाम को लगभग साढ़े पांच बजे शुरू हुआ। ग्रहण के चलते सुबह ही सूतक लग गया। मंदिरों में सुबह पूजा अर्चना एवं आरती की गई और उसके बाद मंदिरों के कपाट बंद कर दिए गए। ग्रहण रात पौने 9 बजे तक रहा। हरि मंदिर के पुजारी तिलकराज ने बताया कि सुबह सूतक से पहले ही आरती कर ली गई और मंदिर के कपाट बंद कर दिए गए। ग्रहण समाप्त होने के बाद ही मंदिर के कपाट खोले गए। ग्रहण काल में भगवान की प्रतिमाओं का स्पर्श नहीं किया जाता है इसलिए मंदिरों के कपाट बंद रहे। ग्रहण के बाद भगवान की विधिविधान से पूजा की गई और उसके बाद आरती की गई।
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