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विश्वविद्यालय अपना, पूूरा होगा सपना

Fri, 08 Feb 2019 12:09 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 08 Feb 2019 12:09 AM IST
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विश्वविद्यालय अपना, पूूरा होगा सपना
सहारनपुर। दस साल से जिले के लोग यूनिवर्सिटी की स्थापना की मांग करते आ रहे हैं। अब जाकर यह सपना पूरा होता नजर आ रहा है। क्योंकि प्रदेश सरकार ने बजट में सहारनपुर विश्वविद्यालय के लिए दस करोड़ रुपये मंजूर किए हैं। खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सहारनपुर आगमन के दौरान विवि बनाए जाने की घोषणा की थी, जिसके बाद पेपर मिल रोड स्थित आईआईटी रुड़की के कैंपस में विश्वविद्यालय बनाने को लेकर भी प्रदेश सरकार एनओसी दे चुकी है और अब बजट में तरजीह देने पर लोगों में खुशी की लहर है।
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सहारनपुर के समस्त डिग्री कॉलेज और निजी शिक्षण संस्थान चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय मेरठ के अधीन है। यहां यूनिवर्सिटी न होने की वजह से छात्रों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। एक दशक से सहारनपुर में यूनिवर्सिटी बनाए जाने की मांग पुरजोर तरीके से उठती रही है। इसके लिए जनप्रतिनिधि भी प्रयास करते रहे हैं। वहीं, पिछले वर्ष 29 सितंबर को केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सहारनपुर में दिल्ली-सहारनपुर हाईवे को फोरलेन बनाने के लिए शिलान्यास किया था। इसके साथ ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सहारनपुर में यूनिवर्सिटी बनाए की घोषणा की थी। यूनिवर्सिटी के लिए सहारनपुर के पेपर मिल रोड स्थित आईआईटी रुड़की कैंपस जगह को उचित माना गया था। इसको लेकर सांसद राघव लखनपाल शर्मा ने उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा और केंद्रीय मंत्रियों से मुलाकात की थी। इनके अलावा आयुष राज्य मंत्री धर्म सिंह, विधायक कुंवर ब्रजेश सिंह, प्रदीप चौधरी, देवेंद्र निम, महापौर संजीव वालिया और पूर्व विधायक राजीव गुंबर, सीनियर सिटीजन केएल अरोड़ा ने भी यूनिवर्सिटी बनवाने को लेकर मुख्यमंत्री से मुलाकात की। तब प्रदेश सरकार ने यूनिवर्सिटी के लिए एनओसी दे दी थी। इसके बाद मंडलायुक्त सीपी त्रिपाठी से केंद्र सरकार ने पेपर मिल रोड स्थित आईटीआई रुड़की के कैंपस की रिपोर्ट मांगी। मंडलायुक्त ने उक्त जगह को यूनिवर्सिटी के लिए उचित स्थान बताते हुए सरकार को रिपोर्ट दी। अब प्रदेश सरकार से बजट में 10 करोड़ रुपये आवंटित करने पर यूनिवर्सिटी बनने का रास्ता साफ हो गया है, जिससे जनपदवासियों में खुशी की लहर है।
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120 किलोमीटर दूर जाते हैं विद्यार्थी
सहारनपुर जनपद के विद्यार्थियों को यदि यूनिवर्सिटी में कोई कार्य होता है, तो उन्हें करीब 120 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ती है। इस लिहाज से आने जाने पर पूरा दिन खर्च होने के साथ ही बस अथवा ट्रेन का किराया भी देना पड़ता है। इसी तरह मुजफ्फरनगर और शामली जनपद के युवाओं को भी मेरठ जाने में ऐसी ही स्थिति का सामना करना पड़ता है। यूनिवर्सिटी की स्थापना सहारनपुर में होने पर न केवल सहारनपुर बल्कि मुजफ्फरनगर और शामली के युवाओं को भी इसका लाभ मिलेगा।
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कॉलेजों की संख्या
-- यूनिवर्सिटी ---- ग्लोकल यूनिवर्सिटी और शोभित यूनिवर्सिटी
-- राजकीय महाविद्यालय-- राजकीय पीजी कॉलेज देवबंद, राजकीय महाविद्यालय पुंवारका, राजकीय महिला महाविद्यालय बेहट, राजकीय महाविद्यालय नानौता, राजकीय महिला महाविद्यालय कोटा, लाला किशनचंद राजकीय महाविद्यालय गंगोह, राजकीय मॉडल महाविद्यालय कपूरी गोविंदपुर। इनके अलावा छह राजकीय महाविद्यालय नए खुलने वाले हैं।

-- एडेड कॉलेज ---- जेवी जैन कॉलेज सहारनपुर, महाराज सिंह कॉलेज सहारनपुर, मुन्नालाल एंड जयनारायण खेमका गर्ल्स कॉलेज सहारनपुर, गोचर महाविद्यालय रामपुर मनिहारन
-- प्राइवेट कॉलेज -- जिले में करीब 25 प्राइवेट कॉलेज हैं
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