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देवबंद में दिनभर होती रही बूंदाबांदी, किसानों की धड़कन बढ़ी
Updated Sat, 21 Apr 2018 12:44 AM IST
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देवबंद (सहारनपुर)। मौसम का मिजाज शुक्रवार को एकाएक बदल गया। क्षेत्र में दिनभर रुक-रुककर बूंदाबांदी होती रही। जिसने किसानों की धड़कनों को बढ़ा दिया। बूंदाबांदी के चलते कई किसानों ने तो गेहूं की कटाई व थ्रेसिंग का कार्य भी रुकवा दिया।
शुक्रवार को आसमान में दिनभर बादल छाए रहे। कुछ-कुछ देर के बाद बूंदाबांदी होती रही। पारा गिरने से लोगों को गर्मी से कुछ निजात तो जरूर मिली, लेकिन किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें साफ देखने को मिलीं। क्योंकि बूंदाबांदी होने से खेतों में कटी पड़ी गेहूं की फसल भीगने से किसानों को नुकसान होने की संभावना बनी हुई है। मौसम में हो रहे उतार चढ़ाव को देखते हुए किसान अपनी मेहनत की फसल को कटाई के बाद थ्रेसिंग कराकर खेतों से उठाने में जुटे हैं। भारतीय किसान संघ के प्रदेश संयोजक श्यामवीर त्यागी ने बताया कि अभी 30 प्रतिशत किसानों ने ही गेहूं की कटाई की है। अन्य किसान कटाई व थ्रेसिंग के काम में जुटे हैं। मौसम यदि ऐसा ही बना रहा तो गेहूं की फसल को भारी नुकसान हो सकता है। किसान हरवीर सिंह, अनिल सिंह, यशपाल त्यागी, रामबीर सिंह, राव मुशर्रफ अली, आदेश त्यागी आदि ने बताया कि बूंदाबांदी से किसानों को नुकसान हो सकता है।
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शुक्रवार को आसमान में दिनभर बादल छाए रहे। कुछ-कुछ देर के बाद बूंदाबांदी होती रही। पारा गिरने से लोगों को गर्मी से कुछ निजात तो जरूर मिली, लेकिन किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें साफ देखने को मिलीं। क्योंकि बूंदाबांदी होने से खेतों में कटी पड़ी गेहूं की फसल भीगने से किसानों को नुकसान होने की संभावना बनी हुई है। मौसम में हो रहे उतार चढ़ाव को देखते हुए किसान अपनी मेहनत की फसल को कटाई के बाद थ्रेसिंग कराकर खेतों से उठाने में जुटे हैं। भारतीय किसान संघ के प्रदेश संयोजक श्यामवीर त्यागी ने बताया कि अभी 30 प्रतिशत किसानों ने ही गेहूं की कटाई की है। अन्य किसान कटाई व थ्रेसिंग के काम में जुटे हैं। मौसम यदि ऐसा ही बना रहा तो गेहूं की फसल को भारी नुकसान हो सकता है। किसान हरवीर सिंह, अनिल सिंह, यशपाल त्यागी, रामबीर सिंह, राव मुशर्रफ अली, आदेश त्यागी आदि ने बताया कि बूंदाबांदी से किसानों को नुकसान हो सकता है।
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