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घर को चला रहा था दसवीं का छात्र सन्नी
Updated Sun, 21 Jan 2018 12:17 AM IST
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सहारनपुर। पिता कैंसर से पीड़ित और लाचार, छोटी-छोटी दो बहनें, बहनों के साथ-साथ अपनी पढ़ाई और फिर पूरे घर का खर्चा। मकान का किराया। इस सबकी जिम्मेदारी अकेले सन्नी पर थी। दसवीं की पढ़ाई के साथ महिला सूटों पर एंब्राइडरी का काम कर रहा था। अब पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।
प्रवीण गुप्ता का इकलौता पुत्र सन्नी गुप्ता जेवी जैन इंटर कॉलेज में कक्षा 10 का छात्र था। उसके दो छोटी बहनें भी हैं। उसके पिता प्रवीण गुप्ता गले के कैंसर से पीड़ित हैं। उनको बोलने में परेशानी होती है। मां गृहणी है। प्रवीण महिला सूट पर एंब्रायडरी करके अपने घर का खर्च चला रहा था। घर पर मशीन लगा रखी थी और बाजार से सूट लाकर उन पर कढ़ाई करता था। उसी से अपनी बहनों की पढ़ाई और अपनी पढ़ाई का खर्च चला रहा था। मकान किराए पर ले रखा है। जिसका किराया भी दे रहा था। अब सन्नी के मौत के बाद दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। परिवार को चलाने वाला ही चला गया। अब वे कहां जाएंगे, कैसे गुजारा होगा।
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प्रवीण गुप्ता का इकलौता पुत्र सन्नी गुप्ता जेवी जैन इंटर कॉलेज में कक्षा 10 का छात्र था। उसके दो छोटी बहनें भी हैं। उसके पिता प्रवीण गुप्ता गले के कैंसर से पीड़ित हैं। उनको बोलने में परेशानी होती है। मां गृहणी है। प्रवीण महिला सूट पर एंब्रायडरी करके अपने घर का खर्च चला रहा था। घर पर मशीन लगा रखी थी और बाजार से सूट लाकर उन पर कढ़ाई करता था। उसी से अपनी बहनों की पढ़ाई और अपनी पढ़ाई का खर्च चला रहा था। मकान किराए पर ले रखा है। जिसका किराया भी दे रहा था। अब सन्नी के मौत के बाद दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। परिवार को चलाने वाला ही चला गया। अब वे कहां जाएंगे, कैसे गुजारा होगा।
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