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उफान पर कोसी नदी, बाढ़ का खतरा
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रामपुर/दढ़ियाल। पहाड़ी इलाकों में लगातार बारिश के बाद रामनगर बैराज से 33100 क्यूसेक पानी छोड़ दिया गया। रामपुर के इलाके में यह पानी रात तक पहुंचेगा, लेकिन बारिश के पानी से ही नदी का जलस्तर बढ़ गया है। रामपुर में कोसी नदी का खतरे का निशान 195.23 मीटर (समुद्र तल से) है, जबकि कोसी नदी 191.23 मीटर (समुद्र तल से) पर बह रही है। ऐसे में नदी किनारे सटे गांवों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। हालांकि, प्रशासन की ओर से बाढ़ संभावित गांवों में एडवाइजरी जारी की गई है। लोगों से अपील की गई है कि वे नदी की तरफ न जाएं, ताकि किसी प्रकार का खतरा न हो।
मानसून की दस्तक के साथ ही जिले में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। खासकर, कोसी नदी जो रामपुर की बड़ी आबादी को प्रभावित कर सकती है। यह अलग बात है कि रामपुर जिले में भले ही बारिश कम हुई हो, लेकिन पहाड़ी इलाकों में बारिश का सिलसिला लगातार जारी है। ऐसे में जलाशयों में भी पानी क्षमता से अधिक होने लगा है। इसके चलते रविवार को सुबह तीन बजे रामनगर बैराज से 33100 क्यूसेक पानी छोड़ दिया गया, जो आधी रात से रामपुर पहुंचना शुरू हो जाएगा। हालांकि, हल्की बारिश से ही कोसी नदी का जलस्तर पहले से ही बढ़ गया है। कोसी नदी खतरे के निशान के करीब बहने लगी है।
सिंचाई विभाग के अफसरों की मानें तो रामपुर में 195.23 मीटर पर कोसी नदी का खतरे का निशान है, जबकि रविवार को शाम करीब चार बजे कोसी नदी 191.23 मीटर पर बह रही थी। ऐसे में जब रामनगर बैराज का पानी रामपुर आएगा, तो बाढ़ का खतरा कई गुना बढ़ जाएगा। हालांकि, पहले से ही प्रशासनिक स्तर पर सभी बाढ़ चौकियों को अलर्ट रहने के दिशा निर्देश दिए गए हैं। सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता सियाराम ने बताया कि फिलहाल रविवार को तो कोसी नदी का जलस्तर बढ़ेगा, लेकिन इसके बाद पानी धीरे-धीरे कम होगा। फिर भी पूरी सतर्कता बरती जा रही है। ग्रामीणों को नदी की तरफ न आने के लिए एडवाइजरी जारी कर दी गई है।
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मानसून की दस्तक के साथ ही जिले में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। खासकर, कोसी नदी जो रामपुर की बड़ी आबादी को प्रभावित कर सकती है। यह अलग बात है कि रामपुर जिले में भले ही बारिश कम हुई हो, लेकिन पहाड़ी इलाकों में बारिश का सिलसिला लगातार जारी है। ऐसे में जलाशयों में भी पानी क्षमता से अधिक होने लगा है। इसके चलते रविवार को सुबह तीन बजे रामनगर बैराज से 33100 क्यूसेक पानी छोड़ दिया गया, जो आधी रात से रामपुर पहुंचना शुरू हो जाएगा। हालांकि, हल्की बारिश से ही कोसी नदी का जलस्तर पहले से ही बढ़ गया है। कोसी नदी खतरे के निशान के करीब बहने लगी है।
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सिंचाई विभाग के अफसरों की मानें तो रामपुर में 195.23 मीटर पर कोसी नदी का खतरे का निशान है, जबकि रविवार को शाम करीब चार बजे कोसी नदी 191.23 मीटर पर बह रही थी। ऐसे में जब रामनगर बैराज का पानी रामपुर आएगा, तो बाढ़ का खतरा कई गुना बढ़ जाएगा। हालांकि, पहले से ही प्रशासनिक स्तर पर सभी बाढ़ चौकियों को अलर्ट रहने के दिशा निर्देश दिए गए हैं। सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता सियाराम ने बताया कि फिलहाल रविवार को तो कोसी नदी का जलस्तर बढ़ेगा, लेकिन इसके बाद पानी धीरे-धीरे कम होगा। फिर भी पूरी सतर्कता बरती जा रही है। ग्रामीणों को नदी की तरफ न आने के लिए एडवाइजरी जारी कर दी गई है।
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