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आयुष विभाग की टीम ने दो अपंजीकृत अस्पताल किए सील
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सैदनगर(रामपुर)। आयुष विभाग की टीम ने दो अपंजीकृत अस्पताल पर छापा मारा। इस दौरान एक अस्पताल संचालक मौके से फरार हो गया और एक कागजात नहीं दिखा पाया। जिस पर दोनों अपंजीकृत अस्पतालो को सील कर दिया गया है।
सोमवार को क्षेत्रीय यूनानी और आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. चंचल सिंह ने अपनी टीम के साथ खौद गांव पहुंचे थें। वहां उन्हें भारत अस्पताल के नाम से एक अपंजीकृत अस्पताल चलता मिला। टीम ने संचालक से कागजात मांगे पर संचालक कोई डिग्री नहीं दिखा पाया। इस पर टीम ने अस्पताल को सील कर दिया। इसके बाद टीम टांडा गांव पहुंची। वहां उन्होंने जीवन रेखा अस्पताल पर छापा मारा। इस दौरान संचालक मौके से फरार हो गया। जिसके बाद टीम ने अस्पताल को सील कर दिया। क्षेत्रीय यूनानी और आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. चंचल सिंह ने बताया कि दोनों अस्पतालों पर सितंबर माह में चेकिंग की गई थी। संचालकों को नोटिस जारी कर समय दिया गया था, लेकिन उनकी और से कोई कागजात नहीं दिखाए गए। पंद्रह दिन पहले दोनों संचालकों को एक और नोटिस जारी कर कागजात दिखाने का समय दिया गया था। फिर भी दोनों संचालक कागजात लेकर नही पहुंचे। जिसके बाद टीम के साथ टांडा स्थित जीवनरेखा अस्पताल और खौद स्थित भारत अस्पताल पर छापा मारा गया था। इस दौरान जीवनरेखा अस्पताल का संचालक मौक से फरार हो गया और भारत अस्पताल संचालक ने कागजात नहीं दिखाए। जिसपर दोनों को सील कर दिया गया है। पूरे मामले की जानकारी जिलाधिकारी को दी जाएगी।
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सोमवार को क्षेत्रीय यूनानी और आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. चंचल सिंह ने अपनी टीम के साथ खौद गांव पहुंचे थें। वहां उन्हें भारत अस्पताल के नाम से एक अपंजीकृत अस्पताल चलता मिला। टीम ने संचालक से कागजात मांगे पर संचालक कोई डिग्री नहीं दिखा पाया। इस पर टीम ने अस्पताल को सील कर दिया। इसके बाद टीम टांडा गांव पहुंची। वहां उन्होंने जीवन रेखा अस्पताल पर छापा मारा। इस दौरान संचालक मौके से फरार हो गया। जिसके बाद टीम ने अस्पताल को सील कर दिया। क्षेत्रीय यूनानी और आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. चंचल सिंह ने बताया कि दोनों अस्पतालों पर सितंबर माह में चेकिंग की गई थी। संचालकों को नोटिस जारी कर समय दिया गया था, लेकिन उनकी और से कोई कागजात नहीं दिखाए गए। पंद्रह दिन पहले दोनों संचालकों को एक और नोटिस जारी कर कागजात दिखाने का समय दिया गया था। फिर भी दोनों संचालक कागजात लेकर नही पहुंचे। जिसके बाद टीम के साथ टांडा स्थित जीवनरेखा अस्पताल और खौद स्थित भारत अस्पताल पर छापा मारा गया था। इस दौरान जीवनरेखा अस्पताल का संचालक मौक से फरार हो गया और भारत अस्पताल संचालक ने कागजात नहीं दिखाए। जिसपर दोनों को सील कर दिया गया है। पूरे मामले की जानकारी जिलाधिकारी को दी जाएगी।
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