{"_id":"61ec42c204dead72250f1b7b","slug":"traing-of-presiding-officers-rampur-news-mbd4167836145","type":"story","status":"publish","title_hn":"मतदान कर्मी न तो किसी के बहकावे में आएं और न ही किसी की मेहमानबाजी स्वीकार करें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मतदान कर्मी न तो किसी के बहकावे में आएं और न ही किसी की मेहमानबाजी स्वीकार करें
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रामपुर। जिला निर्वाचन अधिकारी ने मतदान कार्मिकों के प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान कहा कि मतदान कर्मी प्रशिक्षण में दिए जा रहे निर्देशों को गंभीरता पूर्वक समझें और ईवीएम एवं वीवीपैट मशीन की जानकारी अच्छी तरह से कर लें, ताकि गलती की गुंजाइश न रहे। उन्होंने कहा कि सभी मतदान अधिकारी कर्मठता और निष्पक्षता के साथ कार्य कर सकुशल और निष्पक्ष मतदान करवाएं। मतदान दिवस में मतदान कर्मी तटस्थ होकर कार्य करेंगे तथा किसी के बहकावे या किसी का भी मेहमानबाजी स्वीकर नहीं करेंगे।
जिला निर्वाचन अधिकरी रविंद्र कुमार मांदड़ ने पीठासीन अधिकारी, मतदान अधिकारी प्रथम के प्रशिक्षण के दौरान कहा कि हम सभी आचार संहिता प्रभावी होते ही निर्वाचन आयोग के अधीन हो जाते हैं। हमारा प्रथम दायित्व निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण मतदान संपन्न कराना है और मतदान की गोपनीयता भी बनाए रखना है। उन्होंने कहा कि निर्वाचन कार्यों में त्रुटि पर माफी नहीं होती और त्वरित प्रभावी कार्रवाई होती है, इसलिए सभी मतदान कार्मिक भली-भांति प्रशिक्षण लें, ताकि मतदान प्रक्रिया के दौरान किसी भी प्रकार की समस्या उत्पन्न न हो और आयोग के दिशा निर्देशों का अनुपालन हो।
उन्होंने कहा कि पार्टी रवाना होने से पहले कार्मिक को दी जा रही निर्वाचन से संबंधित सामाग्री को भलीभांति चेक कर लें। जिला निर्वाचन अधिकारी ने उपस्थित मतदान कार्मिकों से कहा कि मतदान प्रक्रिया के दौरान वे अपना सकारात्मक सहयोग प्रदान करेंगे तथा कहा कि प्रशिक्षण के दौरान किसी भी प्रकार की समस्या आ रही है, तो वे पुन: समझ लें। इस दौरान मास्टर ट्रेनरों ने मतदान कार्मिकों को विभिन्न प्रपत्र भरने, ईवीएम को ऑन व ऑफ करने व सील करने के साथ ही वीवीपैट को संयोजित करने, खोलने और सील करने की प्रक्रिया के बारे में जानकारी प्रदान की गई। दोनों पालियों में से प्रथम पाली में 17 पीठासीन अधिकारी और 11 मतदान अधिकारी प्रथम गैरहाजिर रहे, वहीं दूसरी पाली में 19 पीठासीन और 18 मतदान अधिकारी प्रथम गैरहाजिर रहे। मुख्य विकास अधिकारी गजल भारद्वाज ने कहा कि जो कार्मिक गैर हाजिर रहे हैं, वे 24 जनवरी को उपस्थित होकर अनिवार्य रूप से प्रशिक्षण प्राप्त कर लें। यदि निर्धारित दिवस में गैरहाजिर कर्मचारियों द्वारा प्रशिक्षण प्राप्त नही किया गया, तो संबंधित कर्मचारी के विरुद्ध लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम के तहत मुकदमा पंजीकृत कराया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
जिला निर्वाचन अधिकरी रविंद्र कुमार मांदड़ ने पीठासीन अधिकारी, मतदान अधिकारी प्रथम के प्रशिक्षण के दौरान कहा कि हम सभी आचार संहिता प्रभावी होते ही निर्वाचन आयोग के अधीन हो जाते हैं। हमारा प्रथम दायित्व निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण मतदान संपन्न कराना है और मतदान की गोपनीयता भी बनाए रखना है। उन्होंने कहा कि निर्वाचन कार्यों में त्रुटि पर माफी नहीं होती और त्वरित प्रभावी कार्रवाई होती है, इसलिए सभी मतदान कार्मिक भली-भांति प्रशिक्षण लें, ताकि मतदान प्रक्रिया के दौरान किसी भी प्रकार की समस्या उत्पन्न न हो और आयोग के दिशा निर्देशों का अनुपालन हो।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि पार्टी रवाना होने से पहले कार्मिक को दी जा रही निर्वाचन से संबंधित सामाग्री को भलीभांति चेक कर लें। जिला निर्वाचन अधिकारी ने उपस्थित मतदान कार्मिकों से कहा कि मतदान प्रक्रिया के दौरान वे अपना सकारात्मक सहयोग प्रदान करेंगे तथा कहा कि प्रशिक्षण के दौरान किसी भी प्रकार की समस्या आ रही है, तो वे पुन: समझ लें। इस दौरान मास्टर ट्रेनरों ने मतदान कार्मिकों को विभिन्न प्रपत्र भरने, ईवीएम को ऑन व ऑफ करने व सील करने के साथ ही वीवीपैट को संयोजित करने, खोलने और सील करने की प्रक्रिया के बारे में जानकारी प्रदान की गई। दोनों पालियों में से प्रथम पाली में 17 पीठासीन अधिकारी और 11 मतदान अधिकारी प्रथम गैरहाजिर रहे, वहीं दूसरी पाली में 19 पीठासीन और 18 मतदान अधिकारी प्रथम गैरहाजिर रहे। मुख्य विकास अधिकारी गजल भारद्वाज ने कहा कि जो कार्मिक गैर हाजिर रहे हैं, वे 24 जनवरी को उपस्थित होकर अनिवार्य रूप से प्रशिक्षण प्राप्त कर लें। यदि निर्धारित दिवस में गैरहाजिर कर्मचारियों द्वारा प्रशिक्षण प्राप्त नही किया गया, तो संबंधित कर्मचारी के विरुद्ध लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम के तहत मुकदमा पंजीकृत कराया जाएगा।
विज्ञापन